Assembly Banner 2021

Ujjain : महाकाल मंदिर में शिव नवरात्रि की तैयारी, नौ दिन चलेगा बाबा के विवाह का उत्सव

Ujjain : महाकाल (Mahakal) को उज्जैन का राजा माना जाता है.सावन-भादों के दौरान भी वो हर सोमवार को अपनी प्रजा का हाल जानने नगर भ्रमण पर निकलते हैं.

Ujjain : महाकाल (Mahakal) को उज्जैन का राजा माना जाता है.सावन-भादों के दौरान भी वो हर सोमवार को अपनी प्रजा का हाल जानने नगर भ्रमण पर निकलते हैं.

Ujjain : महाकाल (Mahakal) को उज्जैन का राजा माना जाता है.सावन-भादों के दौरान भी वो हर सोमवार को अपनी प्रजा का हाल जानने नगर भ्रमण पर निकलते हैं.

  • Share this:
उज्जैन.कालों के काल जय महाकाल (Mahakal) के दरबार में महा शिवरात्रि (Maha shivratri) महोत्सव की तैयारी शुरू हो गयी है.शिव विवाह का उत्सव शिव नवरात्रि नौ दिन तक चलेगा.ये दुनिया का एकमात्र शिव मंदिर है जहां बाबा भोलेनाथ महाकाल का विवाह उत्सव इतने लंबे समय तक चलता है और बाबा के हल्दी उबटन से लेकर बारात तक की रस्में पूरी की जाती हैं.

विश्व प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग बाबा महाकाल का विवाहोत्सव 3 मार्च से शुरू जाएगा.इसकी तैयारी अब अंतिम दौर में है.इस साल शिवरात्रि 11 मार्च को है.महाकाल के दरबार में शिवरात्रि महापर्व के तौर पर मनायी जाती है. शिव नवरात्रि के दौरान नौ दिन तक बाबा का रोज नये स्वरूप में अलौकिक श्रृंगार किया जाता है.इसे देखने देश भर से लाखों श्रद्धालु उज्जैन पहुंचते हैं.उसी दौरान बाबा की शादी की हर रस्म पूरे रीति-रिवाज और श्रद्धा भक्ति के साथ की जाती हैं.

शिखर से लेकर गर्भगृह तक सफाई
तैयारियो की बात करें तो पहले मंदिर के शिखर से लेकर प्रांगण और गर्भगृह तक प्रतिवर्ष सफाई की जाती है.स्वर्ण मंडित भगवान महाकालेश्वर के शिखर पर सफाई कार्य शुरू किया गया.मंदिर प्रांगण और गर्भगृह में भी सफाई और रंगाई पुताई जारी है. शिखर की सफाई में फायर फायटर की अहभ भूमिका होती थी, लेकिन इस वर्ष कर्मचारी पानी का पाइप लगाकर सफाई कर रहे हैं.उसके बाद शिखर और स्वर्ण कलश चमकने लगे हैं. मंदिर परिसर में चल रही सफाई के कारण लोगों का कैंपस में आना-जाना बैन है. कुंड के जल को भी बदला गया.मंदिर परिसर की सफाई में 10 कर्मचारी लगे हुए हैं.



दूल्हा बनेंगे महाकाल
महाकाल मंदिर में परंपरा है कि हर हिंदू पर्व यहां पूरे देश दुनिया से सबसे पहले मनाया जाता है.इसलिए हर तीज-त्योहार का उत्सव एक दिन पहले हो जाता है.शिव नवरात्रि के दौरान बाबा का रोज नये स्वरूप में अद्भुत-अलौकिक श्रृंगार किया जाता है.शिवरात्रि से पहले महाकाल की शादी की रस्में होंगी.उन्हें हल्दी-उबटन भी चढ़ेगा और फिर धूमधाम से बारात भी निकलेगी.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज