BJP छोड़कर एनसीपी में शामिल हुए एकनाथ खडसे कोरोना पॉजिटिव, बेटी भी हैं संक्रमित

एकनाथ खडसे कोरोना पॉजिटिव (फाइल फोटो)
एकनाथ खडसे कोरोना पॉजिटिव (फाइल फोटो)

NCP Leader Eknath Khadse Corona positive: अभी कुछ दिन पहले ही एकनाथ खडसे की बेटी रोहिनी खडसे की भी रिपोर्ट पॉजिटिव आई थीं. एकनाथ खडसे राज्य के बड़े ओबीसी नेता के रूप में शुमार किए जाते हैं. वह जलगांव से आते हैं और उनकी बहू बीजेपी से सांसद हैं. वर्ष 2016 में भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर खडसे को फडणवीस नीत भाजपा सरकार में मंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा था.

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  • Last Updated: November 20, 2020, 1:06 AM IST
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नई दिल्‍ली. एनसीपी (NCP) नेता एकनाथ खडसे (Eknath Khadse) की कोविड-19 (COVId-19) रिपोर्ट पॉजिटिव आई है. इससे पहले खडसे की बेटी रोहिनी खडसे कोरोना से संक्रमित हुई थीं. बेटी के संक्रमित होने के बाद एकनाथ खडसे ने अपना कोरोना टेस्‍ट कराया था, जिसमें वह भी संक्रमित पाए गए. अभी लगभग एक महीने पहले ही एकनाथ खडसे ने बीजेपी छोड़कर एनसीपी का दामन थामा है. उस वक्‍त खडसे ने News18 से बातचीत में कहा था, 'मुझे बीजेपी छोड़ने पर मजबूर किया है. मैं देवेंद्र फडणवीस को छोड़कर किसी और से नाराज़ नहीं हूं...' वहीं एनसीपी से जुड़ने के सवाल पर उन्होंने कहा था, 'मुझसे किसी तरह का वादा नहीं किया गया है. मैं अकेले पार्टी में शामिल हो रहा हूं. कोई सांसद या विधायक मेरे साथ नहीं हैं.' एकनाथ खडसे राज्य के बड़े ओबीसी नेता के रूप में शुमार किए जाते हैं. वह जलगांव से आते हैं और उनकी बहू बीजेपी से सांसद हैं. वर्ष 2016 में भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर खडसे को फडणवीस नीत भाजपा सरकार में मंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा था.

कोविड-19 महामारी की दूसरी लहर की आशंका के बीच महाराष्ट्र सरकार ने अधिकारियों से जांच बढ़ाने को कहा
महाराष्ट्र सरकार ने कोरोना वायरस संक्रमण की दूसरी लहर की आशंका जताते हुए अधिकारियों से कहा है कि वे अभी निगरानी को कम न करें और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाएं. राज्य के स्वास्थ्य सेवा निदेशालय द्वारा पिछले हफ्ते जारी एक परिपत्र-सह-परामर्श में कहा गया है कि जनवरी-फरवरी में महामारी की दूसरी लहर की आशंका है. उसमें संबंधित अधिकारियों से राज्य में कोविड-19 जांच बढ़ाने के लिए कहा गया है. उसमें अधिकारियों से संभावित 'सुपर-स्प्रेडर्स' की पहचान करने के लिए कहा है, जिनमें किराने की दुकान चलाने वाले, घर-घर सेवाएं प्रदान करने वाले, परिवहन क्षेत्र में काम करने वाले लोग, मजदूर, हाउसिंग सोसाइटी में तैनात सुरक्षा गार्ड, पुलिस और होमगार्ड इत्यादि शामिल हैं.

परिपत्र में कहा गया, 'कई यूरोपीय देश कोविड​​-19 की दूसरी लहर का सामना कर रहे हैं. इस आधार पर आशंका है कि हमें भी जनवरी-फरवरी में दूसरी लहर का सामना करना पड़ सकता है.' राज्य सरकार ने जिला प्रशासनों, नगर निगमों और चिकित्सा अधिकारियों से यह सुनिश्चित करने के लिए कहा है कि प्रयोगशाला जांच में कोई ढिलाई न हो और भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के दिशानिर्देशों के अनुसार सभी जांच की जाए. परिपत्र में अधिकारियों से राज्य के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में फ्लू केंद्रों की मदद से इन्फ्लूएंजा जैसी बीमारी वाले लोगों का सर्वेक्षण जारी रखने के लिए कहा है.




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स्वास्थ्य सेवा निदेशक डॉ. अर्चना पाटिल ने परिपत्र में कहा, 'लोगों को मास्क पहनने और सामाजिक दूरी बनाने और नियमित तौर पर हाथ धोने जैसे स्वच्छा मानदंडों का पालन करने, सार्वजनिक क्षेत्रों में थूकने से परहेज करने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है.' पुणे के जिलाधिकारी राजेश देशमुख ने पीटीआई-भाषा से कहा, 'हम किसी भी स्थिति को संभालने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं. हमारे पास सब कुछ है, चाहे जांच की व्यवस्था हो, बुनियादी ढांचा या श्रमशक्ति हो.' स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, महाराष्ट्र में बुधवार को कोविड-19 के 5,011 नए मामले आने के साथ राज्य में संक्रमितों की संख्या 17,57,520 हो गई. बीमारी से 100 और मौतें होने के साथ राज्य में मृतकों की संख्या बढ़कर 46,202 हो गई. (अभिषेक पांडेय का इनपुट)
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