अपना शहर चुनें

States

अन्नदाता को आतंकवादी बोलने वाले इंसान कहलाने लायक नहींः उद्धव ठाकरे

महाराष्ट्र के सीएम और  शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray)
महाराष्ट्र के सीएम और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray)

महाराष्ट्र (Maharashtra) के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (CM Uddhav Thackeray) ने कहा, देवेंद्र फडणवीस ने आरोप लगाया कि महाराष्ट्र में अघोषित आपातकाल है. तो, दिल्ली में क्या हो रहा है?

  • News18Hindi
  • Last Updated: December 13, 2020, 10:05 PM IST
  • Share this:
नई दिल्ली. दिल्ली में चल रहे किसान आंदोलन को लेकर एक बार फिर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Maharashtra CM Uddhav Thackeray) ने बीजेपी पर निशाना साधा है. रविवार को उद्धव ने कहा, 'देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) ने आरोप लगाया कि महाराष्ट्र में अघोषित आपातकाल है. तो, दिल्ली में क्या हो रहा है? आप 'अन्नदाता' को आतंकवादी कह रहे हैं. जो भी किसानों को आतंकवादी कहता है वह इंसान कहलाने लायक नहीं है.'

दरअसल, उद्धव ठाकरे की यह प्रतिक्रिया महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी से मुलाकात के बाद आई है. राज्यपाल से मुलाकात के बाद उन्होंने उद्धव ठाकरे सरकार पर राज्य में आपातकाल लगाने का आरोप लगाया और कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में लोगों की अभिव्यक्ति की आजादी को दबाने की कोशिश कर रही है.


महाराष्ट्र सरकार गिराने की कोशिशों में व्यस्त है भाजपा: CM उद्धव ठाकरे
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने महा विकास आघाड़ी सरकार के प्रदर्शन को लेकर सवाल उठाने पर भाजपा पर रविवार को पलटवार करते हुए कहा कि विपक्षी पार्टी उनकी सरकार को 'गिराने' के प्रयास में इतना व्यस्त है कि उसे उनकी सरकार के विभिन्न कल्याणकारी कदमों पर गौर करने में विफल रही है. उन्होंने पूछा कि क्या कड़ाके की ठंड में किसानों पर पानी की बौछारें किया जाना सद्भावना का संदेश है. शिवसेना प्रमुख ठाकरे ने किसी का नाम लिये बिना, किसानों के प्रदर्शनों को 'बदनाम' किये जाने के प्रयासों की आलोचना की.



उन्होंने तंज कसते हुए कहा, 'भाजपा को फैसला करना चाहिये कि क्या प्रदर्शनकारियों को पाकिस्तान, चीन और माओवादियों का समर्थन मिल रहा है. आप पाकिस्तान से चीनी और प्याज खरीदते हैं. अब किसान भी पाकिस्तान से आने लगे.' केन्द्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने शनिवार को कहा कि यह आंदोलन अब किसानों का आंदोलन नहीं रह गया है क्योंकि 'वामपंथी और माओवादी तत्व इनमें शामिल हो गए हैं' और 'राष्ट्र-विरोधी गतिविधियों' के लिये जेलों में बंद लोगों की रिहाई की मांग कर रहे हैं.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज