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दो दिन के मानसून सत्र पर भड़के देवेंद्र फडणवीस, कहा- उद्धव ठाकरे की सरकार एक दिन खुद ही गिर जाएगी

दो दिन के मानसून सत्र पर भड़के देवेंद्र फडणवीस, कहा- उद्धव ठाकरे की सरकार एक दिन खुद ही गिर जाएगी

महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस. (ANI Twitter/22 June, 2021)

महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस. (ANI Twitter/22 June, 2021)

Devendra Fadnavis Target Uddhav Thackeray Govt: फडणवीस ने उद्धव ठाकरे की अगुआई में चल रही प्रदेश की महा विकास अघाड़ी सरकार पर किसानों और मराठा आरक्षण जैसे मुद्दों को लेकर भी निशाना साधा.

    मुंबई. महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को कहा कि प्रदेश की महा विकास अघाडी सरकार एक दिन खुद ही गिर जाएगी और तब तक के लिए हम एक मजबूत विपक्ष की भूमिका निभाएंगे. उन्होंने कहा, 'प्रदेश सरकार स्वयं ही गिर जाएगी और उस वक्त तक हम एक मजबूत विपक्ष की भूमिका निभाते रहेंगे. जिस दिन यह सरकार गिरेगी, हम प्रदेश की जनता को एक विकल्प देंगे. हमें यकीन है कि भाजपा 2024 विधानसभा चुनाव में बहुमत से जीतेगी.'


    फडणवीस ने उद्धव ठाकरे की अगुआई में चल रही प्रदेश की महा विकास अघाडी सरकार पर किसानों और मराठा आरक्षण जैसे मुद्दों को लेकर भी निशाना साधा. उन्होंने कहा, 'राज्य में किसानों और मराठा आरक्षण जैसे कई दूसरे मुद्दे हैं, लेकिन ऐसा लगता है कि इन मुद्दों पर चर्चा करने की बजाय यह सरकार सो रही है. यही वजह है कि हमने आज व्यापार सलाहकार समिति की बैठक का बहिष्कार किया है.'


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    कोरोना वायरस महामारी को लेकर विधानसभा सत्र नहीं बुलाने पर भी भाजपा नेता ने प्रदेश सरकार को घेरा. उन्होंने कहा, 'कोरोना महामारी पर विधानसभा सत्र को लेकर सरकार ने हमेशा नजरअंदाज करने की कोशिश की. अब सरकार ने फिर सिर्फ दो दिनों के लिए मानसून सत्र का प्रस्ताव दिया है, जबकि सत्तारूढ़ पार्टी के कार्यालय के उद्घाटन, प्रदर्शन या शपथ-ग्रहण समारोह में हजारों की संख्या में लोग आते हैं.'


    नेता विपक्ष देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि राज्य सरकार केवल दो दिन के लिए मानसून सत्र आयोजित करने की योजना बना रही है और इस तरह वह जन सरोकार के मुद्दों से बचने की कोशिश कर रही है. कार्य मंत्रणा समिति की बैठक में शामिल होने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री ने संवाददाताओं से कहा कि महा विकास अघाडी सरकार आम आदमी से जुड़े मुद्दों और लोकतांत्रिक प्रक्रिया से ‘भागने’ की कोशिश कर रही है.


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    उन्होंने कहा, ‘आज, हम (भाजपा नेता) राज्य विधानसभा के मानसून सत्र के आयोजन को लेकर सत्तारूढ़ गठबंधन के नेताओं से मिले. हम यह देखकर हैरान रह गए कि सरकार केवल दो दिन के लिए सत्र आयोजित करने की योजना बना रही है.’ फडणवीस ने कहा कि भाजपा नेताओं ने इतनी कम अवधि के लिए मानसून सत्र आयोजित किए जाने की सरकार की योजना के विरोध में कार्य मंत्रणा समिति की बैठक से बहिर्गमन किया.


    उन्होंने कहा, ‘हमारे लिए आम आदमी की आवाज उठाने के लिए कोई जगह नहीं बची है. लोगों, किसानों, छात्रों और राज्य में कानून व्यवस्था से जुड़े विषयों सहित विभिन्न मुद्दों को उठाने के वास्ते दो दिन का मानसून सत्र हमारे लिए बहुत छोटा होगा.’


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    शिवसेना विधायक प्रताप सरनाईक द्वारा मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को पत्र लिखकर भाजपा से फिर से हाथ मिलाने का आग्रह किए जाने से संबंधित सवाल पर फडणवीस ने कहा, ‘शिवसेना के किसी विधायक का अपने पार्टी प्रमुख को पत्र लिखना एक आंतरिक मामला है. भाजपा का इससे कोई लेना-देना नहीं है. इस सरकार को गिराने में हमारी पार्टी की कोई रुचि नहीं है. तीन दलों (शिवसेना, राकांपा, कांग्रेस) की यह सरकार अपने अंदरूनी भार के चलते ही गिर जाएगी.’




    धनशोधन के मामले में प्रवर्तन निदेशालय की जांच का सामना कर रहे सरनाईक ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर भाजपा तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से ‘फिर से मेल-मिलाप’ करने का आग्रह किया था और कहा था कि इससे उनके जैसे कुछ शिवसेना नेता ‘केंद्रीय जांच एजेंसियों द्वारा परेशान किए जाने से बच जाएंगे.’ (इनपुट भाषा से भी)

    Tags: BJP, Devendra Fadnavis, Maharashtra, Shiv sena

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