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जानिए क्या है देश की आर्थिक राजधानी में कोरोना वैक्सिनेशन का प्लान

मुंबई में कंजूरमार्ग में बीएमसी ने 5,000 वर्ग फीट के स्टोर हाउस में 1.2 करोड़ डोज रखने की व्यवस्था की है. (सांकेतिक तस्वीर)
मुंबई में कंजूरमार्ग में बीएमसी ने 5,000 वर्ग फीट के स्टोर हाउस में 1.2 करोड़ डोज रखने की व्यवस्था की है. (सांकेतिक तस्वीर)

1.26 लाख हेल्थ वर्कर (Health Workers) को वैक्सीन लगाने (Vaccination) के लिए ब्रह्नमुंबई म्युनिशिपल कॉर्पोरेशन (BMC) ने 1,367 वैक्सीन लगाने वालों को प्रशिक्षित किया है. रोजाना 8,000-12,000 लोगों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य रखा गया है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: January 5, 2021, 12:09 PM IST
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मुंबई. देश में कोरोना महामारी (Covid-19) की शुरुआत से ही हॉटस्पॉट बने मुंबई (Mumbai) में फ्रंटलाइन वर्कर्स (Frontline Workers) को वैक्सीन लगाने के लिए पूरी तैयारी की जा चुकी है. वैक्सीन स्टॉक यहां पहुंचते ही बिना देरी किए इसे लगाने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी. 1.26 लाख हेल्थ वर्कर को वैक्सीन लगाने के लिए ब्रह्नमुंबई म्युनिशिपल कॉर्पोरेशन (BMC) ने 1,367 वैक्सीन लगाने वालों को प्रशिक्षित किया है. रोजाना 8,000-12,000 लोगों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य रखा गया है.

जरूरतमंदों तक कैसे पहुंचेगी वैक्सीन?
कोविड (Covid-19) वैक्सीन इंटेलिजेंस वर्क (C0-WIN) सॉफ्टवेयर में बीएमसी ने 1.26 लाख हेल्थ वर्कर का आंकड़ा फीड किया है. जैसे ही स्टॉक पहुंचेगा ऑटोमेटेड सिस्टम कोविन चुने हुए हेल्थ वर्कर्स को सिलसिलेवार ढंग से पंजीकृत करना शुरू कर उन्हें मैसेज भेजना शुरू कर देगा.

वैक्सीनेटर के पास हेल्थ वर्कर की शिफ्ट और किस सेंटर में वैक्सीनेट करना है, जैसी जानकारी पहुंच जाएगी. बीएमसी दो शिफ्ट में वैक्सिनेशन का काम करेगा. सुबह 8.00 बजे से दोपहर 2.00 बजे तक और दोपहर 2.00 बजे से शाम 8.00 बजे तक. मुंबई में पहले फेज के लिए 8 सेंटर बनाए गए हैं. जरूरत पड़ने पर और भी सेंटर बनाए जा सकते हैं.
इंडियन एक्सप्रेस पर प्रकाशित एक रिपोर्ट के मुताबिक मेडिकल कॉलेज में वैक्सीन सेंटर्स में वैक्सीनेटर (vaccinator) की 10 टीमें होंगी. इनका लक्ष्य 2,000 लोगों को रोजाना वैक्सीन देना होगा. छोटे अस्पतालों में एक टीम में 5 लोग होंगे. इनका लक्ष्य रोजाना 1,000 लोगों को वैक्सीन देना होगा. बीएमसी ने अभी 15-20 दिन में पहले फेज का वैक्सीनेशन खत्म करने का लक्ष्य रखा है.



पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट करेगा लोगों को एजुकेट
वैक्सीन को लेकर लगातार अलग-अलग जानकारी फैल रही हैं. ऐसे में लोगों के बीच किसी भी तरह का भ्रम फैलने से रोकने के लिए केंद्र सरकार ने एक गाइडलाइन जारी की है. इसके मुताबिक लोगों को सही जानकारी देकर एजुकेट किया जाएगा. किसी भी तरह का भ्रम खत्म करने के लिए संवाद स्थापित करने के लिए प्लानिंग के तहत काम होगा. इसके लिए वीडियोज तैयार किए गए हैं. काउंसलिंग की जाएगी. अगर किसी अस्पताल में संख्या में ज्यादा हेल्थ वर्कर किसी गलत जानकारी की वजह से वैक्सीन लगवाने से बचने की कोशिश करेंगे तो काउंसलर्स की टीम वहां पहुंचकर उनकी शंका का समाधान करेगी.

वैक्सीन सेंटर में भीड़ पर कैसे किया जाएगा नियंत्रण?
जरूरतमंदों को दो शिफ्ट में से किसी एक शिफ्ट में आने के लिए कहा जाएगा. सुबह 8.00 बजे से दोपहर 2.00 बजे तक और दोपहर 2.00 बजे से शाम 8.00 तक. हर सेंटर में पांच अधिकारियों, एक सुरक्षा गार्ड, एक रजिस्ट्रेशन अधिकारी एवं एक वैक्सीनेटर होगा. एक ऑब्जर्वर होगा जो किसी भी आपात स्थिति पर नजर रखने के लिए होगा. इसके अलावा एक अधिकारी पूरे सेंटर को मॉनिटर करेगा. एंट्रेंस के लिए टोकन सिस्टम की व्यवस्था की जा सकती है.



कहां वैक्सीन को किया जाएगा स्टोर?
मुंबई में कंजूरमार्ग में बीएमसी ने 5,000 वर्ग फीट के स्टोर हाउस में 1.2 करोड़ डोज रखने की व्यवस्था की गई है. इसमे दो वॉक-इन कूलर हैं. हरेक में 50-60 लाख डोज रखा जा सकेगा. अभी यहां पर काम चल रहा है. तब तक के लिए बीएमसी के परेल स्थित एफ साउथ ऑफिस में स्टोरेज की सुविधा रहेगी. हर वैक्सीन सेंटर में 50,000 डोज रखने के लिए आइस लाइन रेफ्रिजेरेटर होंगे.
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