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अजय देवगन के साथ 'तानाजी' देखने जाएंगे सीएम उद्धव ठाकरे

News18Hindi
Updated: January 20, 2020, 11:06 PM IST
अजय देवगन के साथ 'तानाजी' देखने जाएंगे सीएम उद्धव ठाकरे
उद्धव ठाकरे और अजय देवगन (फाइल फोटो).

महाराष्ट्र (Maharashtra) के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) मंगलवार को अभिनेता अजय देवगन (Ajay Devgan) के साथ 'तानाजी' फिल्म देखने जाएंगे. शिवसेना (Shiv Sena) के नगरसेवक और बृहन्नमुंबई नगर निगम के अधरिकारी भी उनके साथ में फिल्म देखगे जाएंगे.

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मुंबई. महाराष्ट्र (Maharashtra) के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) मंगलवार को अभिनेता अजय देवगन (Ajay Devgan) के साथ 'तानाजी' फिल्म देखने जाएंगे. शिवसेना (Shiv Sena) के नगरसेवक और बृहन्नमुंबई नगर निगम के अधिकारी भी उनके साथ में फिल्म देखगे जाएंगे. उद्धव ठाकरे का मंगलवार शाम को 6 बजे प्लाजा सिनेमा में यह फिल्म देखने जाने का कार्यक्रम है.

मराठा सेनापति तान्हाजी मालुसरे की जिंदगी पर आधारित है फिल्म
अजय देवगन, काजोल और सैफ अली खान स्टारर फिल्म 'तानाजी' की देशभर में खूब चर्चा हो रही है. 'तानाजी: द अनसंग वॉरियर' की कहानी मराठा साम्राज्य के सेनापति तान्हाजी मालुसरे की जिंदगी पर आधारित है. 17वीं शताब्दी में तानाजी मराठा साम्राज्य के वीर सेनापति थे. वे छत्रपति शिवाजी महाराज के सेनापति और करीबी मित्र थे.

छत्रपति शिवाजी के लिए तान्हाजी ने 1670 में जीता था सिंहगढ़ का किला

तानाजी को 1670 में हुए सिंहगढ़ के युद्ध के लिए जाना जाता है. इस युद्ध में तानाजी ने अदम्य साहस का परिचय दिया था. मुगलों से युद्ध कर तानाजी के नेतृत्व में मराठा सेना ने सिंहगढ़ किले पर कब्जा कर लिया था. छत्रपति शिवाजी के लिए उन्होंने यह किला जीता था. 'तानाजी' फिल्म में उसी युद्ध में तानाजी की वीरता और युद्ध कौशल को दिखाया गया है.

क्यों हुआ था सिंहगढ़ का युद्ध?
17वीं शताब्दी में मुगल और मराठा सेनाएं एकदूसरे के आमने-सामने थीं. हिंदुस्तान के ज्यादा से ज्यादा हिस्से पर कब्जे को लेकर दोनों के बीच युद्ध होते रहते थे. कहा जाता है कि उस वक्त मराठा साम्राज्य के कब्जे में करीब 23 महत्वपूर्ण और विशालकाय किले थे. मुगल साम्राज्य इन पर अपना आधिपत्य चाहता था. 1665 में मुगल सेना के राजपूत कमांडर जय सिंह ने शिवाजी महाराज को पुरंदर के किले में घेर लिया. इसके बाद मराठा साम्राज्य के साथ मुगलों की सेना ने जबरन पुरंदर का समझौता करवाया. इस समझौते के मुताबिक शिवाजी महाराज को पुरंदर, लोहागढ़, तुंग, तिकोना और सिंहगढ़ के किले को मुगल साम्राज्य को सौंपना था.ये भी पढ़ें - 

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First published: January 20, 2020, 10:41 PM IST
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