मुंबई स्लम: स्मार्टफोन फोन न रखने वालों को वैक्सिन रजिस्ट्रेशन में हो रही हैं दिक्कतें


वैक्सीन की कमी के चलते स्लम में रहने वाले लोग खासे परेशान हैं.

वैक्सीन की कमी के चलते स्लम में रहने वाले लोग खासे परेशान हैं.

Covid-19 Vaccine: मुंबई के स्लम (Mumbai Slum) में रहने वाले लोग इस चक्कर में वैक्सीन नहीं लगवा पा रहे हैं. सरकारी अनुमान के मुताबिक मुंबई की जनसंख्या 1.3 करोड़ है. इसमें से करीब 40 फीसदी लोग स्लम में रहते हैं.

  • Share this:

मुंबई. देशभर में इन दिनों 18 से 44 साल के उम्र के लोगों को कोरोना की वैक्सीन (Covid-19 Vaccine) के लिए कोविन या फिर आरोग्य सेतु ऐप पर ऑनलाइन रेजिस्ट्रेशन करवानी पड़ रही है. लेकिन स्मार्टफोन न होने के चलते लाखों लोगों को परेशानियां हो रही है. खास कर मुंबई के स्लम (Mumbai Slum) में रहने वाले लोग इस चक्कर में वैक्सीन नहीं लगवा पा रहे हैं. सरकारी अनुमान के मुताबिक मुंबई की जनसंख्या 1.3 करोड़ है. इसमें से करीब 40 फीसदी लोग स्लम में रहते हैं. स्लम में रहने वालों लोगों की वॉलिंटियर्स मदद भी कर रहे हैं. लेकिन इसके बावजूद उन्हें काफी ज्यादा परेशानी हो रही है.

अंग्रेजी अखबार इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक स्लम में रहने वाले लोग बेहद परेशान हैं. मुंबई के मलाड में रहने वाले शहाबुद्दी के कंपनी ने उन्हें वैक्सीन लगवाने के लिए कहा है. मजदूरी का काम करने वाले 30 साल के शहाबुद्दीन के पास स्मार्टफोन भी है, लेकिन डेटा पैक न होने के चलते वो वैक्सीन के लिए रजिस्ट्रेशन नहीं करवा पा रहे हैं. स्लम में रहने वाले कुछ लोग एप पर रजिस्ट्रेशन तो करवा रहे हैं. लेकिन उन्हें स्लॉट बुक करने में खासी परेशानी हो रही है.

ये भी पढ़ें:- आंध्र प्रदेश: ऑक्सीजन पहुंचने में हुई चंद मिनटों की देरी, 11 मरीजों की मौत

लोग हैं परेशान
वैक्सीन की कमी के चलते स्लम में रहने वाले लोग खासे परेशान हैं. अखबार के मुताबिक जो वैक्सीन सेंटर मुंबई के स्लम इलाके में हैं वहां काफी कम संख्या में लोग पहुंच रहे हैं. मुंबई में इस वक्त 45 साल से ज्यादा उम्र के लोगों को सिर्फ दूसरे डोज़ के लिए रिजस्ट्रेशन नहीं करवानी पड़ रही है. जबकि बाकी सभी लोगों को बिना रजिस्ट्रेशन के वैक्सीन नहीं दी जा रही है.


डेटा ऑपरेटर कर रहे हैं मदद



हालांकि मुंबई के कई स्लम इलाकों में अलग तरह के नजारे हैं. धारावी के चोटा सियोन हॉस्पिटल के वैक्सीनेशन सेंटर के बाहर डेटा ऑपरेटर की एक टीम लोगों को रजिस्ट्रेशन करवाने में मदद कर रही है. धारावी के हॉस्पिटल में काम करने वाले डॉक्टर वीरेंद्र मोहिते ने बताया, ' यहां आने वालों में से अधिकांश शिक्षित नहीं हैं, उनके पास तकनीक तक पहुंच नहीं है, और समझ नहीं आता कि CoWIN ऐप पर कैसे पंजीकरण किया जाए. इसलिए, हमने उन्हें मदद करने के लिए डेटा ऑपरेटरों के साथ एक रजिस्ट्रेशन डेस्क बनाया है.

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज