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महाराष्ट्र: सड़क हादसे में शिवसंग्राम पार्टी के नेता विनायक मेटे की मौत, CM शिंदे और फडणवीस पहुंचे अस्पताल

सड़क हादसे में शिवसंग्राम पार्टी के नेता विनायक मेटे की मौत (फाइल फोटो)

सड़क हादसे में शिवसंग्राम पार्टी के नेता विनायक मेटे की मौत (फाइल फोटो)

Vinayak Mete Car Accident: विनायक मेटे अपनी कार में बीड से मुंबई जा रहे थे. कहा जा रहा है कि खोपोली के पास उनके ड्राइवर ने गाड़ी से नियंत्रण खो दिया. लिहाजा गाड़ी सामने जा रही दूसरी कार से टकरा गई.

हाइलाइट्स

खोपोली शहर के पास मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर हुआ हादसा
विनायक मेटे अपनी कार में बीड से मुंबई जा रहे थे
मेटे के बॉडीगार्ड और ड्राइवर की हालत भी चिंताजनक

मुंबई. शिवसंग्राम पार्टी के पूर्व विधायक विनायक मेटे की कार हादसे में मौत गई है. हादसे में विनायक मेटे को गंभीर चोटें आई थी. उन्हें इलाज के लिए पनवेल के एक अस्पताल में भर्ती किया गया था. लेकिन चोट इतनी ज्यादा थी कि उन्हें बचाया नहीं जा सका. वो महज 52 वर्ष के थे. बता दें कि महाराष्ट्र में शिवसंग्राम पार्टी बीजेपी की सहयोगी है. इस बीच महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाश शिंदे और डिप्टी सीएम देवेंद्र फडणवीस भी अस्पताल पहुंच गए हैं.

ये हादसा मुंबई से 70 किलोमीटर दूर खोपोली शहर के पास मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर हुआ. पुलिस के अनुसार, दुर्घटना आज सुबह 5:30 बजे भटन सुरंग के पास हुई, जब शिव संग्राम नेता की कार तकनीकी खराबी के कारण पहाड़ी से टकरा गई. मेटे के बॉडीगार्ड और ड्राइवर की हालत भी चिंताजनक बताई जा रही है. फिलहाल इन दोनों का अस्पताल में इलाज चल रहा है.

ऐसे हुआ हादसा
विनायक मेटे अपनी कार में बीड से मुंबई जा रहे थे. कहा जा रहा है कि खोपोली के पास उनके ड्राइवर ने गाड़ी से नियंत्रण खो दिया. लिहाजा गाड़ी सामने जा रही दूसरी कार से टकरा गई. हादसा इतना भीषण था कि मेटे की गाड़ी के परखच्चे उड़ गए. जिसके चलते उन्हें गंभीर चोटें आई और अस्पताल में इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.

महाराष्ट्र मुख्यमंत्री एकनाश शिंदे और डिप्टी सीएम देवेंद्र फडणवीस भी अस्पताल पहुंचे (ANI)

मराठा समुदाय के बीच लोकप्रिय नेता
मेटे को 2016 में भाजपा कोटे के तहत एमएलसी के रूप में निर्विरोध चुना गया था. लेकिन एकनाथ शिंदे के साथ नई गठबंधन सरकार में उनकी पार्टी को मौका नहीं मिला. महाराष्ट्र विधानसभा में मेटे की पार्टी बहुत बड़ी नहीं है. लेकिन मराठवाड़ा क्षेत्र के कुछ हिस्सों में मराठा समुदाय के बीच ये पार्टी काफी लोकप्रिय है.

शोक की लहर
मराठवाड़ा क्षेत्र के बीड जिले के रहने वाले पूर्व विधान पार्षद मराठा आरक्षण के समर्थक थे. वह एक बैठक में शामिल होने के लिए मुंबई जा रहे थे. महाराष्ट्र के मंत्री और पूर्व प्रदेश भाजपा अध्यक्ष चंद्रकांत पाटिल ने कहा कि मेटे की मौत उनके लिए सदमे की तरह है. 2008 में मेटे और उनके संगठन के कुछ अन्य कार्यकर्ताओं ने अरब सागर में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा स्थापित करने के तत्कालीन राज्य सरकार के फैसले के खिलाफ अखबार में एक संपादकीय का विरोध करने के लिए एक मराठी दैनिक के तत्कालीन संपादक कुमार केतकर के ठाणे स्थित आवास पर हमला किया था. (भाषा इनपुट के साथ)

Tags: Maharashtra, महाराष्ट्र

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