होम /न्यूज /महाराष्ट्र /

शिंदे सरकार में शामिल हुए 18 मंत्री, जानें महाराष्ट्र कैबिनेट विस्तार की 10 बड़ी बातें

शिंदे सरकार में शामिल हुए 18 मंत्री, जानें महाराष्ट्र कैबिनेट विस्तार की 10 बड़ी बातें


महाराष्ट्र की एकनाथ शिंदे सरकार का कैबिनेट विस्तार 9 अगस्त, 2022 को संपन्न हो गया. कुल 18 विधायकों ने मंत्री पद की शपथ ली. (File Photo)

महाराष्ट्र की एकनाथ शिंदे सरकार का कैबिनेट विस्तार 9 अगस्त, 2022 को संपन्न हो गया. कुल 18 विधायकों ने मंत्री पद की शपथ ली. (File Photo)

महाराष्ट्र में सत्ता परिवर्तन के बाद 30 जून को एकनाथ शिंदे ने मुख्यमंत्री और देवेंद्र फडणवीस ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी. हालांकि, इसके बाद 40 दिन तक सिर्फ मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ही सरकार चलाते रहे. शिंदे सरकार का यह पहला मंत्रिमंडल विस्तार है. इस दौरान मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष अजीत पवार राजभवन में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में उपस्थित रहे.

अधिक पढ़ें ...

मुंबईः महाराष्ट्र में आज एकनाथ शिंदे सरकार की कैबिनेट का विस्तार हुआ. कुल 18 विधायकों को मंत्रिपद की शपथ दिलाई गई. बीजेपी के 9 और एकनाथ शिंदे गुट के 9 विधायकों ने मंत्री पद की शपथ ली. महाराष्ट्र में सत्ता परिवर्तन के बाद 30 जून को एकनाथ शिंदे ने मुख्यमंत्री और देवेंद्र फडणवीस ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी. हालांकि, इसके बाद 40 दिन तक सिर्फ मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ही सरकार चलाते रहे. शिंदे सरकार का यह पहला मंत्रिमंडल विस्तार है. इस दौरान मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष अजीत पवार राजभवन में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में उपस्थित रहे.

शिंदे गुट से मंत्री पद की शपथ लेने वालों में दादा भाई भूसे, शंभुराजे देसाई, संदीपन भुमरे, उदय सामन्त, तान्हाजी सावंत, अब्दुल सत्तार, दीपक केसरकर, गुलाबराव पाटिल और संजय राठौड़ शामिल हैं.
भाजपा की ओर से चंद्राकांत पाटिल, सुधीर मुनगंटीवार, गिरीश महाजन, सुरेश खाड़े, राधाकृष्ण विखे पाटिल, रवींद्र चाव्हाण, मंगल प्रभात लोढ़ा, विजय कुमार गावित और अतुल सावे ने मंत्री पद की शपथ ली.
शपथ ग्रहण अभी पूरी नहीं हुई थी कि भाजपा महाराष्ट्र उपाध्यक्ष ने शिंदे गुट के विधायक संजय राठौड़ को मंत्री पद की शपथ दिलाने को लेकर सवाल उठाना शुरू कर दिया. उन्होंने इसे बेहद गलत बताया है. पूजा चव्हाण आत्महत्या मामले में संजय राठौड़ के मंत्री रहते हुए भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष ने उनसे इस्तीफा मांगा था, जो उन्होंने उन्होंने किया था.
एकनाथ शिंदे ने मंत्रिमंडल के विस्तार से पहले मंगलवार सुबह शिवसेना के बागी विधायकों से मुलाकात की. यह मुलाकात दक्षिण मुंबई के सह्याद्री अतिथि गृह में हुई. शिवसेना के 55 विधायकों में से 40 ने उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली महा विकास अघाड़ी सरकार गिराने में एकनाथ शिंदे का साथ दिया था.
आपको बता दें कि साल 2019 में हुए महाराष्ट्र विधानसभा का चुनाव शिवेसना और भाजपा ने साथ मिलकर लड़ा था. लेकिन चुनाव बाद मुख्यमंत्री पद को लेकर उपजे मतभेद के कारण दोनों दलों का गठबंधन टूट गया था. शिवसेना ने कांग्रेस और राकांपा के साथ मिलकर महाविकास अघाड़ी सरकार का गठन किया था.
शिंदे धड़े का समर्थन करने वाले निर्दलीय विधायक बच्चू कडू ने कहा कि मुख्यमंत्री ने उन्हें आश्वासन दिया है. उन्होंने कहा कि अगर वह आज शपथ नहीं लेते हैं तो भी शिंदे सरकार का समर्थन करेंगे. कडू ने कहा कि कैबिनेट में प्रवेश के बजाय हम अपने किसानों के लिए संघर्ष करेंगे.
शिंदे गुट के गुलाबराव पाटिल ने मंत्री पद की शपथ ली. हालांकि, उन्होंने शिवसेना के बागी विधायकों में असंतोष का भी संकेत दिया. पाटिल ने कहा कि कोई भी फैसला लेने से पहले सभी नेताओं से बात करना जरूरी है. इसके बाद मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने अपने गुट के सभी विधायकों के साथ बैठक की.
शिवसेना नेता आदित्य ठाकरे ने सोमवार को महाराष्ट्र में एकनाथ शिंदे-देवेंद्र फडणवीस सरकार पर निशाना साधा और कहा कि यह समझना मुश्किल है कि सरकार में असली मुख्यमंत्री कौन है. उन्होंने यह भी कहा कि राज्य में एक 'अस्थायी' मुख्यमंत्री है, क्योंकि शिंदे सरकार जल्द ही गिर जाएगी.
मातोश्री में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुएआदित्य ठाकरे ने कहा कि बागी विधायकों के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में शिवसेना की लड़ाई के फैसले का न केवल पार्टी पर बल्कि पूरे देश पर असर पड़ेगा. मुझसे एक सवाल जो पूछा जाता है कि क्या महाराष्ट्र में एक चुनी हुई सरकार मौजूद है? दो लोगों की जंबो कैबिनेट में, यह नहीं समझा जा सकता है कि असली मुख्यमंत्री कौन है.
शिवसेना के उन बागी विधायकों के लिए कैबिनेट बर्थ तय किया गया था जो एमवीए सरकार में मंत्री थे. कुछ ऐसे भी विधायक थे जो मंत्री बनने की महत्वकांक्षा रखे हुए थे. उनको समझाने, मनाने में इतना वक्त लगा. आपको बता दें कि कैबिनेट विस्तार में करीब उन सभी बागी विधायकों को फिर से मंत्री पद मिला है, जो एमवीए सरकार में शिवसेना कोटे से मंत्री थे.

Tags: Devendra Fadnavis, Eknath Shinde, Maharashtra

विज्ञापन

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर