LAC Border Tension: भारत-चीन के बीच आज होगी कमांडर स्तर की बातचीत, विदेश मंत्रालय के शीर्ष अधिकारी होंगे शामिल- सूत्र

कॉन्सेप्ट इमेज
कॉन्सेप्ट इमेज

India-China Standoff: न्यूज एजेंसी ANI ने सूत्रों के हवाले से कहा है कि इस बैठक में विदेश मंत्रालय के संयुक्त सचिव के मौजूद रहने की भी संभावना है. सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक, दोनों देशों की सेनाओं के बीच होने वाली इस बैठक में 10 सितंबर को मास्को में भारत एवं चीन के विदेश मंत्रियों के बीच हुए समझौते के क्रियान्वयन पर ध्यान केंद्रित किए जाने की संभावना है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: September 21, 2020, 5:54 AM IST
  • Share this:
नई दिल्ली. भारत और चीन के बीच सीमा विवाद (India China Border Tension) खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) कई बार कह चुके हैं कि एलएसी पर विवाद को इतनी आसानी से खत्म नहीं किया जा सकता है. ये मुद्दा सिर्फ बातचीत से ही हल किया जा सकता है. इसी कड़ी में सीमा पर शांति बहाल करने के उद्देश्य से भारत-चीन के बीच आज कोर कमांडर स्तर (Corp Commander Level Talk) की बातचीत होगी. खास बात ये है कि ये बैठक चीन वाले हिस्से की तरफ चुशुल-मोल्डो में होगी. न्यूज एजेंसी ANI ने सूत्रों के हवाले से कहा है कि इस बैठक में विदेश मंत्रालय के संयुक्त सचिव के मौजूद रहने की भी संभावना है. कमांडर स्तर की यह वार्ता सुबह 9 बजे से शुरू होगी.

सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक, दोनों देशों की सेनाओं के बीच होने वाली इस बैठक में 10 सितंबर को मास्को में भारत एवं चीन के विदेश मंत्रियों के बीच हुए समझौते के क्रियान्वयन पर ध्यान केंद्रित किए जाने की संभावना है. एक सूत्र ने कहा, 'हम टकराव के सभी बिंदुओं से चीनी बलों को शीघ्र एवं पूरी तरह पीछे हटाने पर जोर देंगे.'

एससीओ समिट की वार्ता का भी होगा जिक्र
ऐसा कहा जा रहा है कि आज होने वाली बैठक में भारत की तरफ से 14 कोर के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल हरिंदर सिंह अगुवाई कर सकते हैं. वहीं चीन की तरफ से वार्ता में मेजर जनरल लिउ लिन शामिल होंगे. इस बैठक में एससीओ समिट के दौरान हुई वार्ता को भी प्राथमिकता पर उठाया जाएगा. एससीओ समिट के दौरान दोनों देशों के विदेश मंत्रियों ने आश्वासन दिया था कि डिसइंगेजमेंट को लेकर वे गंभीर हैं. उन्होंने वादा किया था कि पूर्व के समझौतों का सम्मान किया जाएगा.
अब तक की बातचीत रही बेनतीजा


बता दें कि भारत और चीन के बीच अब तक जो भी बातचीत हुई है वो बेनतीजा साबित हुई है. सीमा पर तनाव कम करने के लिए भारत लगातार प्रयास कर रहा है, लेकिन चीन हर बार कहता कुछ है और करता कुछ है.

15 जून को गलवान घाटी में हुई थी हिंसक झड़प
उल्लेखनीय है कि 15 जून की रात गलवान घाटी (Galwan valley) में भारत और चीन की सेना के बीच हुई हिंसक झड़प के बाद दोनों देशों के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है. चीन के अखबार 'ग्लोबल टाइम्स' ने इस बात की पुख्ता जानकारी दी थी कि गलवान घाटी में चीन की सेना को भारी नुकसान पहुंचा था और कई जवानों की मौत हो गई थी.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज