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Aadhaar Card Update: Exclusive: आधार कार्ड के नाम रहा दिसंबर की महीना, रिकॉर्ड 156 करोड़ पहुंचा ऑथेंटिकेशन का आंकड़ा

Aadhaar Card Update: Exclusive: आधार कार्ड के नाम रहा दिसंबर की महीना, रिकॉर्ड 156 करोड़ पहुंचा ऑथेंटिकेशन का आंकड़ा

सरकार हाल ही में कानून लेकर आई है, जिसमें वोटर आईडी कार्ड को आधार से ऐच्छिक रूप से लिंक करने की बात कही गई है.  (File pic PTI)

सरकार हाल ही में कानून लेकर आई है, जिसमें वोटर आईडी कार्ड को आधार से ऐच्छिक रूप से लिंक करने की बात कही गई है. (File pic PTI)

Aadhaar Card News: बीते कुछ सालों में सरकार ने बेहतर सेवाओं के लिए सभी कल्याणकारी योजनाओं और सेवाओं को आधार से जोड़ा है. सरकार ने दावा किया है कि जब से नरेंद्र मोदी 2014 में सत्ता में आए हैं, तब से डायरेक्ट बेनेफिट ट्रांसफर (DBT) आधार व्यवस्था के जरिए 2.2 लाख करोड़ रुपये की बचत हुई है. 54 मंत्रालयों की करीब 311 केंद्रीय कल्याणकारी योजनाएं आधार के इस्तेमाल के साथ DBT प्लेटफॉर्म के तहत आती हैं.

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नई दिल्ली. साल 2021 में आधार कार्ड (Aadhaar Card) ने नया रिकॉर्ड स्थापित किया है. आंकड़े बताते हैं कि इस महीने 29 दिसंबर तक आधार ऑथेंटिकेशन का आंकड़ा 156 करोड़ रहा. आधार की शुरुआत के बाद पहली बार है, जब इसके इस्तेमाल की संख्या इतनी ऊंचाई पर पहुंची है. ऑथेंटिकेशन का मतलब उस संख्या है कि कितनी बार एक व्यक्ति ने सेवा या सरकारी लाभ लेने के लिए आधार कार्ड का इस्तेमाल किया. एक वरिष्ठ अधिकारी ने न्यूज18 को बताया है कि इस महीने में आंकड़े का 170 करोड़ पर पहुंचने का अनुमान है.

इससे पहले सबसे ज्यादा ऑथेंटिकेशन का आंकड़ा इस साल सितंबर में पहुंचा था. सितंबर में 146 करोड़ बार आधार का इस्तेमाल हुआ. हालांकि, अप्रैल और मई में कोरोना वायरस महामारी की दूसरी लहर के दौरान संख्या गिरकर 100 करोड़ के नीचे आ गई थी. इस लिहाज से देखा जाए, तो दिसंबर के आंकड़े में 70 फीसदी का उछाल आया है.

भारत में करीब 131 करोड़ लोगों के पास आधार नंबर है. इससे पता चलता है कि शायद लोगों ने एक से ज्यादा बार कार्ड का इस्तेमाल किया है. इस महीने में अब तक हुए 156 आधार ऑथेंटिकेशन में सबसे ज्यादा e-KYC (28 करोड़) हुए. ताजा आंकड़े बताते हैं कि भारत में 87 फीसदी से ज्यादा सेविंग और करंट बैंक खातों में आधार का इस्तेमाल हुआ है.

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बीते कुछ सालों में सरकार ने बेहतर सेवाओं के लिए सभी कल्याणकारी योजनाओं और सेवाओं को आधार से जोड़ा है. सरकार ने दावा किया है कि जब से नरेंद्र मोदी 2014 में सत्ता में आए हैं, तब से डायरेक्ट बेनेफिट ट्रांसफर (DBT) आधार व्यवस्था के जरिए 2.2 लाख करोड़ रुपये की बचत हुई है. 54 मंत्रालयों की करीब 311 केंद्रीय कल्याणकारी योजनाएं आधार के इस्तेमाल के साथ DBT प्लेटफॉर्म के तहत आती हैं. किसानों के लिए पीएम किसान निधी आधार प्लेटफॉर्म पर आधारित है, जिसमें करीब 10 करोड़ किसानों को हर चार महीनों में 2000 रुपये ट्रांसफर किए जाते हैं. पीएम उज्जवला योजना और पीएम गरीब कल्याण योजना में भी आधार प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल होता है.

सरकार हाल ही में कानून लेकर आई है, जिसमें वोटर आईडी कार्ड को आधार से ऐच्छिक रूप से लिंक करने की बात कही गई है. ताकि इलेक्टोरल रोल को साफ किया जा सके और जब मतदाता देश में अपना स्थान बदले, तो उन्हें आईडी कार्ड बदलने में सुविधा हो. कोविड-19 टीकाकरण में भी आधार प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल हुआ है. इस प्रक्रिया ने भी ऑथेंटिकेशन की संख्या बढ़ाने में योगदान दिया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कई मौकों पर आधार आधारित DBT स्कीम को भ्रष्टाचार खत्म करने और लॉकडाउन के दौरान लोगों को फायदा सुनिश्चित करने में गेम चेंजर बताया है.

Tags: Aadhaar Card, Uidai

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