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OPINION: पीएम मोदी ने अपने संबोधन में भारत को दिया एक होने का मंत्र, पाक को भी दी सीख

विक्रांत यादव | News18Hindi
Updated: November 9, 2019, 10:35 PM IST
OPINION: पीएम मोदी ने अपने संबोधन में भारत को दिया एक होने का मंत्र, पाक को भी दी सीख
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में 9 नवंबर को आए फैसले की तारीख की महत्ता बताई.

पिछले कुछ दिनों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) लगातार ये अपील कर रहे थे कि सभी संयम से फैसले का इंतज़ार करें. एक-दूसरे का दिल दुखाने वाले बयान ना दें, साम्प्रदायिक सद्भाव को बनाएं रखें. इसका असर आज देश भर में साफ दिखाई भी दिया.

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  • Last Updated: November 9, 2019, 10:35 PM IST
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नई दिल्ली. अयोध्या (Ayodhya) में राम मंदिर (Ram Mandir) का निर्माण होगा, सुप्रीम कोर्ट (Suprme Court) ने आज अपने फ़ैसले से इस बात को साफ कर दिया है. पीएम नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने इस मौके पर राष्ट्र के नाम संबोधन में ना केवल देश की न्यायिक प्रणाली का अभिनंदन किया. बल्कि फैसले के बाद देश भर के लोगों की प्रतिक्रिया को देश की पुरातन संस्कृति सद्भाव का प्रतीक भी बताया.

यूं तो जिस दिन से सुप्रीम कोर्ट ने अयोध्या मामले में अपना फैसला सुरक्षित रखा था, तभी से सुरक्षा और जांच एजेंसियों ने कड़ी चौकसी बरती हुई थी. शुक्रवार शाम जैसे ही ये खबर आई कि शनिवार सुबह 10.30 बजे फैसला आएगा, सुरक्षा एजेंसियां और ज्यादा सतर्क हो गई थी. फैसला लोगों की आस्था से जुड़ा था. ऐसे में निश्चित तौर पर इतना बड़ा देश और हर जगह शांति व्यवस्था बनाए रखना एक बड़ी चुनौती तो थी ही. लेकिन फ़ैसले के बाद जिस तरह से लोगों ने संयम दिखाया और कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं आई, ये आम जनता की परिपक्वता को दर्शाता है.

पीएम नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र के नाम अपने संबोधन में इस बात को रेखांकित भी किया. पीएम ने कहा कि आज दुनिया ने जाना कि विविधता में एकता भारत का प्राण तत्व है और ये भारत के लोकतंत्र की जीवंतता और मजबूती भी दिखाता है.

30 साल पहले गिरी थी बर्लिन की दीवार

पीएम ने अपने करीब 12 मिनट के संबोधन में 9 नवंबर को ही बर्लिन की दीवार गिरने का भी हवाला दिया. आज से 30 साल पहले 1989 में आज ही के दिन बर्लिन की दीवार (Berlin Wall) को गिराने का काम शुरू हुआ था और जर्मनी के एकीकरण की पहल शुरू हुई थी. जाहिर है कि इस ऐतिहासिक घटना का हवाला देते हुए पीएम ने आज 9 नवंबर को आए फैसले की तारीख की महत्ता बताई.

पीएम ने आज ही भारत और पाकिस्तान (Pakistan) के बीच करतारपुर कॉरिडोर (Kartarpur Corridor) के खुलने का हवाला दिया. पीएम ने कहा कि बर्लिन की दीवार गिरने के साथ ही विपरीत धाराओं ने नया संकल्प लिया. करतारपुर कॉरिडोर में भी भारत और पाकिस्तान दोनों का सहयोग रहा. पीएम ने कहा कि ये साथ रहकर आगे बढ़ने का भी संदेश देता है. जाहिर है पीएम का ये संदेश पाकिस्तान के लिए भी बड़ी सीख समेटे हुए है.

पीएम ने पाकिस्तान को दी सीख
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जब पीएम नरेंद्र मोदी ने 2014 में पहली बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी तो पाकिस्तान समेत सभी पड़ोसी देशों के नेताओं को भी आमंत्रित किया था. वो पाकिस्तान के लिए एक बड़ा मौका था. आज करतारपुर कॉरिडोर का हवाला देते हुए पीएम ने पाकिस्तान के सहयोग को रेखांकित करते हुए सीख भी दी. ये कहा कि आज का दिन जुड़ने, जोड़ने और मिलकर आगे बढ़ने का संदेश दे रहा है. जाहिर है कि पीएम का ये संदेश पाकिस्तान के लिए भी है कि करतारपुर कॉरिडोर के जरिए उन्हें अपने रुख को सकारात्मक करने का एक और मौका मिला है.

पिछले कुछ दिनों से पीएम लगातार ये अपील कर रहे थे कि सभी संयम से फैसले का इंतज़ार करें. एक - दूसरे का दिल दुखाने वाले बयान ना दें, साम्प्रदायिक सद्भाव को बनाएं रखें. इसका असर आज देश भर में साफ दिखाई भी दिया. पीएम ने भी इसकी सराहना करते हुए कहा कि अब न्यू इंडिया में सबके साथ, सबके विकास और सबके विश्वास के साथ आगे बढ़ते जाना है. जाहिर है पीएम की इस बात के पीछे देश में साम्प्रदायिक सद्भाव बने रहने की कामना रही है. साथ ही रविवार को आने वाली ईद मीलाद उन नबी की शुभकामना देते हुए साथ रहकर आगे बढ़ने का भी संदेश दिया.

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First published: November 9, 2019, 10:33 PM IST
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