आर्टिकल 370 और राम मंदिर के बाद जनसंख्या नियंत्रण के एजेंडे पर काम कर रही BJP, सांसद दे रहे हैं ये तर्क

आर्टिकल 370 और राम मंदिर के बाद जनसंख्या नियंत्रण के एजेंडे पर काम कर रही BJP, सांसद दे रहे हैं ये तर्क
बीजेपी जनसंख्या नियंत्रण के मुद्दे पर काम कर रही है. (सांकेतिक तस्वीर)

भारत की जनसंख्या नियंत्रण को लेकर बीजेपी (BJP) में एक वर्ग लगातार मुखर रहा है. केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह (Giriraj Singh) और सांसद राकेश सिन्हा (Rakesh Sinha) ने चीन और दुनिया की आबादी के आंकड़े पेश कर देश में जनसंख्या नियंत्रण कानून की वकालत की है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: August 11, 2020, 1:27 PM IST
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नई दिल्ली. भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कोर मुद्दे की बात करें तो उसमें अनुच्छेद 370 (Article-370) की समाप्ति, राम मंदिर (Ram Mandir) का निर्माण और समान नागरिक संहिता सबसे ऊपर हमेशा से रहा है. 5 अगस्त को राम मंदिर को लेकर के भूमि पूजन और उससे पहले सुप्रीम कोर्ट के फैसले और जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 की समाप्ति के बाद समान नागरिक संहिता ही अब एक ऐसा मुद्दा रह गया है, जिसे पूरा किया जाना बाकी है. लेकिन जनसंख्या नियंत्रण को लेकर भी बीजेपी में एक बड़ा वर्ग लगातार मुखर रहा है और जनसंख्या नियंत्रण कानून बनाने की लगातार वकालत करता रहा है.

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह जनसंख्या नियंत्रण कानून को लेकर लगातार अभियान चलाते रहे हैं. गिरिराज सिंह का मानना है कि अगर व्यापक परिपेक्ष में देखा जाए तो जनसंख्या एक मायने में एसेट है तो वहीं लायबिलिटी भी है. भारत में जिस तरह से जनसंख्या विस्फोट हो रहा है, उस पर नियंत्रण करने की आवश्यकता है. पूरी दुनिया की आबादी का 18 फ़ीसदी से अधिक भारत की आबादी है. जबकि दुनिया का मात्र 2 फ़ीसदी के बराबर जमीन हमारे पास है. पीने का पानी 4 फ़ीसदी है और भूजल के स्तर में लगातार गिरावट आ रही है.

..तो भयावह होते हालात
मंत्री गिरिराज सिंह का कहना है कि चीन ने 1979 में जनसंख्या नियंत्रण कानून नहीं लाया होता तो उसकी आबादी 60 करोड़ और होती. एक मायने में चीन के विकास का मूल मंत्र जनसंख्या नियंत्रण है. भारत में भी विकास के लिए जनसंख्या को नियंत्रित करना होगा और एक ऐसा कानून बनाना होगा जो सभी पर लागू हो. जनसंख्या नियंत्रण कानून को किसी धर्म से जोड़कर नहीं देखना चाहिए और इसे राजनीतिक नहीं बनाना चाहिए. जनसंख्या नियंत्रण कानून को भारत के विकास से जोड़कर देखना चाहिए.
चिंताजनक ​है स्थिति


बीजेपी सांसद राकेश सिन्हा का कहना है कि जनसंख्या वृद्धि चिंताजनक है. 1951 में जो हमारी जनसंख्या थी उसकी 4 गुना जनसंख्या आज है. आने वाले 2024 तक हम चीन से जनसंख्या के मामले में आगे निकल जाएंगे जो चिंताजनक विषय है. पीएम नरेंद्र मोदी ने भी कहा है कि संसाधन और जनसंख्या का अनुपात संतुलित होना चाहिए, जिस गति से संसाधन बढ़ रहे हैं उसी के अनुपात में जनसंख्या दर को भी बढ़ना चाहिए. पूरी दुनिया में एक इंडेक्स बना है, जो जनसंख्या और संसाधन के अनुपात को बताता है. उसके अनुसार जनसंख्या में बढ़ोतरी और संसाधनों का उपयोग और संसाधन के उपयोग से निकलने वाले कार्बन अन्य पदार्थों का एक इंडेक्स बना है.

भारत में अनुपात 1.2
राकेश सिन्हा कहते हैं, भारत में यह अनुपात 1.2 है वहीं संसाधनों को रीजेनरेट करने का अनुपात 0.45 है। दोनों के बीच अंतर 0.75 का है इसलिए जनसंख्या के लिए नियंत्रण कानून आवश्यक है. उनका कहना है कि यह दुर्भाग्यपूर्ण बात है कि जनसंख्या नियंत्रण को लेकर के कुछ लोग इसे जाति और धर्म से इसे जोड़कर देखते हैं. राज्यसभा सांसद राकेश सिन्हा जनसंख्या नियंत्रण के लिए कानून बनाने को लेकर के प्राइवेट मेंबर बिल राज्यसभा में ला चुके हैं.

कई बीजेपी सांसदों ने भी की मांग
बीजेपी के फायर ब्रांड नेता साक्षी महाराज जनसंख्या नियंत्रण के लिए कानून बनाने की मांग कर चुके हैं. बीजेपी सांसद अनिल अग्रवाल ने भी पीएम नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखकर के जनसंख्या नियंत्रण संबंधी कानून जल्द से जल्द लाने की मांग की है.
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