कोवैक्सीन को झटका! अमेरिका ने नहीं दी इमरजेंसी इस्तेमाल की मंजूरी

कोवैक्सिन (File pic)

कोवैक्सिन (File pic)

Covaxin: कोवैक्सीन को अमेरिकी मंजूरी मिलने में थोड़ा और वक्त लग सकता है. ओक्यूजेन ने कहा, ‘कंपनी अब कोवैक्सीन के लिए इमरजेंसी इस्तेमाल की अनुमति पाने की कोशिश नहीं करेगी.'

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  • Last Updated: June 11, 2021, 11:16 PM IST
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नई दिल्ली. भारत बायोटेक की कोरोना वैक्सीन 'कोवैक्सीन' (Covaxin) को झटका लगा है. अमेरिका ने इस वैक्सीन को इमरजेंसी इस्तेमाल की मंजूरी (EUA) देने से मना कर दिया है. कहा जा रहा है कि पूरे डेटा न होने के कारण ये फैसला लिया गया है. अमेरिकी खाद्य और दवा नियामक (FDA) ने इसके अमेरिकी साझेदार ओक्यूजेन इंक को सलाह दी है कि वो भारतीय वैक्सीन के इस्तेमाल की मंजूरी हासिल करने के लिए और अधिक डेटा के साथ जैविक लाइसेंस आवेदन (BLA) के तहत फिर से आवेदन करें. बता दें कि कोवैक्सीन भारत की पहली और फिलहाल एकमात्र स्वदेशी वैक्सीन है.

ओक्यूजेन ने गुरुवार को एक बयान में कहा था कि वो एफडीए की सलाह के अनुसार कोवैक्सीन के लिए बीएलए दाखिल करेगी. बीएलए, एफडीए की ‘पूर्ण अनुमोदन’ व्यवस्था है, जिसके तहत दवाओं और टीकों की मंजूरी दी जाती है. ऐसे में कोवैक्सीन को अमेरिकी मंजूरी मिलने में थोड़ा और वक्त लग सकता है. ओक्यूजेन ने कहा, ‘कंपनी अब कोवैक्सीन के लिए इमरजेंसी इस्तेमाल की अनुमति पाने की कोशिश नहीं करेगी. इसके साथ ही कुछ अतिरिक्त जानकारी और डेटा के लिए अनुरोध भी किया गया है.’

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क्या वैक्सीन में कोई कमी है?
बता दें कि अमेरिका में इमरजेंसी इस्तेमाल के मंजूरी न मिलने का मतलब ये नहीं है कि वैक्सीन में कोई कमी है. बल्कि अमेरिका की FDA वैक्सीन ट्रायल के कुछ और नतीजों को देखना चाहती है. मसलन FDA ये जानना चाहती है कि ये वैक्सीन कितनी सुरक्षित और कारगर है. बता दें कि कोवैक्सीन को WHO से भी फिलहाल मंजूरी नहीं मिली है.

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ओक्यूजेन के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और सह-संस्थापक शंकर मुसुनुरी ने कहा, ‘‘हालांकि, हम अपने ईयूए आवेदन को अंतिम रूप देने के बेहद करीब थे, लेकिन एफडीए ने हमें बीएलए के जरिए अनुरोध करने की सलाह दी है. इससे ज्यादा वक्त लगेगा, लेकिन हम कोवैक्सीन को अमेरिका में लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं.’


डेटा का इंतज़ार

भारत बॉयोटेक को अपने कोविड-19 टीके कोवैक्सीन फेज-3 के डाटा को वैज्ञानिक पत्रिकाओं को दिए जाने के बाद दो से चार महीने में टीके के विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा (पीयर रीव्यू) की उम्मीद है. भारत बॉयोटेक में कोविड-19 टीकों के परियोजना प्रमुख रेचेस इल्ला ने ये जानकारी दी. कंपनी ने इस टीके का डाटा अब तक सार्वजनिक नहीं किया है. उन्होंने ट्विटर पर लिखा कि अब तक कोवैक्सीन के नौ प्रकाशन हुए हैं और फेज-3 ट्रायल की प्रभावित के बारे में 10वां प्रकाशन होगा.

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