Home /News /nation /

बिपिन रावत की ललकार, सरहद पर शांति भंग हुई तो करेंगे 'शक्ति प्रदर्शन'

बिपिन रावत की ललकार, सरहद पर शांति भंग हुई तो करेंगे 'शक्ति प्रदर्शन'

फोटो: आर्मी चीफ बिपिन रावत (पीटीआई)

फोटो: आर्मी चीफ बिपिन रावत (पीटीआई)

सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने कहा है कि यदि सीमा पर शांति को बाधित किया जाता है तो भारत अपना शक्ति प्रदर्शन करेगा. सेना दिवस के मौके पर आर्मी चीफ ने तीनों सेनाओं को भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए साथ-साथ काम करने को कहा.

अधिक पढ़ें ...
  • Agencies
  • Last Updated :
    सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने कहा है कि यदि सीमा पर शांति को बाधित किया जाता है तो भारत अपना शक्ति प्रदर्शन करेगा. सेना दिवस (15 जनवरी) के मौके पर आर्मी चीफ ने तीनों सेनाओं को भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए साथ-साथ काम करने को कहा.

    रावत ने नई दिल्ली में कहा, 'हम सीमा पर शांति चाहते है, लेकिन शांति को बाधित करने के किसी प्रयास को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. हमारे सीमा पर शांति बहाली के प्रयास को कमजोरी के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए.'

    उन्होंने कहा, 'हम दोस्ती का हाथ बढ़ाना चाहते हैं, लेकिन हम शांति बहाली को बाधित करने वालों को चेतावनी देना चाहते हैं कि हम अपनी शक्ति भी अच्छी तरह प्रदर्शित कर सकते हैं.'

    हालिया दिनों में जवानों के सोशल मीडिया पर शिकायती वीडियो डाले जाने पर बिपिन रावत ने कहा, 'हमारे कुछ साथी अपनी तकलीफ के लिए सोशल मीडिया का इस्तेमाल कर रहे हैं. इससे दूसरे वीर जवानों का मनोबल प्रभावित होता है. अगर आपकी कोई परेशानी है, तो उसके लिए सेना में मौजूद सिस्टम का उपयोग करें. आप सीधे मुझसे संपर्क कर सकते हैं.

    सेना अध्यक्ष ने जवानों से कहा कि सेना जो कार्रवाई करती है, उसके लिए उसे अपराधी भी पाया जा सकता है और सजा का हकदार भी माना जा सकता है.

    रावत ने कहा, 'सेना, वायु सेना और नौसेना को आगामी चुनौतियों का मिलकर सामना करना चाहिए. यह जरूरी है कि सभी तीनों बल साथ मिलकर काम करें. यह सफलता के लिए महत्वपूर्ण होगा.'

    जनरल ने कहा, 'मैं नौसेना, वायु सेना, तटरक्षक और दूसरे बलों को भरोसा देना चाहता हूं कि उन्हें हमेशा सेना का सहयोग मिलता रहेगा.'

    इससे पहले भी बिपिन रावत ने कहा था कि यदि पाकिस्तान शांति की पेशकश का सकारात्मक जवाब नहीं देता तो और सर्जिकल हमले से इनकार नहीं किया जा सकता क्योंकि भारत को ‘‘जवाबी कार्रवाई’’ करने का अधिकार है.

    जनरल रावत ने कहा कि भारत को जम्मू कश्मीर में पाकिस्तानी जवाब का ‘इंतजार करो और देखो’ की जरूरत है. उन्होंने माना कि छद्म युद्ध, उग्रवाद और आतंकवाद आने वाले वषरे में भारत को उलझाए रखेगा.

    जनरल ने कहा कि दोनों पक्षों के डीजीएमओ ने एक दूसरे से बातचीत की है और वे नियंत्रण रेखा पर अमन एवं शांति चाहते हैं. दोनों अधिकारियों ने 23 नवंबर को बातचीत की थी, जिसके बाद से नियंत्रण रेखा पर शांति है.

    जब उनसे पूछा गया कि क्या नियंत्रण रेखा पर किए गए लक्षित हमले और म्यामांर में चलाए गए अभियान अब सिद्धांत के हिस्सा होंगे, सेना प्रमुख ने कहा, ‘हमने विरोधी से शांति स्वीकार करने को कहा है. यदि इस पेशकश का सकारात्मक जवाब नहीं मिलता है तो अभियान की यह प्रक्रिया (सर्जिकल स्ट्राइक) जारी रहेगी.’

    विज्ञापन

    राशिभविष्य

    मेष

    वृषभ

    मिथुन

    कर्क

    सिंह

    कन्या

    तुला

    वृश्चिक

    धनु

    मकर

    कुंभ

    मीन

    प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
    और भी पढ़ें
    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर