पानी की कमी: जल्द ही कैपटाउन जैसे हो सकते हैं बेंगलुरु के हालात

पानी की कमी का खतरा झेलने वाले वाले 11 शहरों की लिस्ट में बेंगलुरु दूसरे नंबर पर है. झीलों के शहर में एक भी झील ऐसा नहीं है जिसके पानी का इंसान इस्तेमाल कर सके.

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Updated: February 13, 2018, 8:47 PM IST
पानी की कमी: जल्द ही कैपटाउन जैसे हो सकते हैं बेंगलुरु के हालात
सांकेतिक तस्वीर Image: (Reuters)
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Updated: February 13, 2018, 8:47 PM IST
भले ही दक्षिण अफ्रीका के शहर कैपटाउन को दुनिया का सबसे सूखा शहर कहा जाता हो. लेकिन इस सूची में बेंगलुरु भी काफी पीछे नहीं है. बीबीसी में प्रकाशित एक लेख में पानी की कमी का खतरा झेलने वाले वाले 11 शहरों की लिस्ट में बेंगलुरु दूसरे नंबर पर है.

अध्ययन में अनुमान लगाया गया है कि साल 2030 में आपूर्ति की अपेक्षा ताजे पानी की वैश्विक मांग में 40 फीसदी का इजाफा होगा. इसके मुख्य कारण जलवायु परिवर्तन, मानवीय क्रियाएं और जनसंख्या वृद्धि होंगे.

सूची में पहला नाम ब्राजील की वित्तीय राजधानी साओ पाउलो का है. इस शहर को बिलकुल वैसी ही परिस्थियों का सामना करना पड़ रहा है, जैसा साल 2015 में कैपटाउन कर रहा था. उस समय यहां के जलाशयों में पानी का स्तर 4 फीसदी नीचे चला गया था. उस समय यह अनुमान लगाया गया था कि 20 दिनों के बाद शहर में पानी की किल्लत शुरू हो जाएगी. साल 2017 में पानी की ये किल्लत खतरनाक स्तर पर पहुंच गई है.

इस सूची में तीसरा नाम चीन की राजधानी बीजिंग का है. कोलंबिया विश्वविद्यालय द्वारा किए गए सर्वे के अनुसार साल 2000 से 2009 के बीच चीन के जल भंडार में 13 फीसदी की कमी आई है.

अगर बेंगलुरु की बात करें तो शहर का बुनियादी ढांचा बढ़ती जनसंख्या और विशेषकर पानी और सीवेज सिस्टम के साथ मेल खाने में असमर्थ है. इस वजह से काफी बड़ी मात्रा में पानी बर्बाद होता है या फिर उपयोग के लिहाज से काफी प्रदूषित है. स्टडी में पाया गया यहां हालात इतने खराब हैं कि झीलों के शहर में एक भी झील ऐसा नहीं है जिसके पानी का इंसान इस्तेमाल कर सके.

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