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राष्ट्रपति बनते ही 'मुस्लिम ट्रैवल बैन' को खत्म कर सकते हैं जो बाइडन, WHO में फिर होगी अमेरिकी एंट्री

जो बाइडन का प्रस्ताव अमेरिका में रहने वाले और काम करने वाले लोगों को नागरिकता देने के लिए एक मसौदा पेश करता है. (फाइल फोटो)
जो बाइडन का प्रस्ताव अमेरिका में रहने वाले और काम करने वाले लोगों को नागरिकता देने के लिए एक मसौदा पेश करता है. (फाइल फोटो)

खबरों के मुताबिक बाइडन (Joe Biden) पहले दिन ही ट्रंप प्रशासन (Donald Trump Administration) द्वारा मुस्लिम मेजॉरिटी वाले देशों पर लगाए ट्रैवल बैन को खत्म कर सकते हैं. इसके अलावा अमेरिका-मेक्सिको के बीच बॉर्डर वॉल कंस्ट्रक्शन को बंद करने का ऑर्डर भी बाइडन प्रशासन द्वारा दिया जा सकता है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: January 21, 2021, 12:23 AM IST
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वाशिंगटन. जो बाइडन (Joe Biden) बस कुछ ही घंटों के भीतर अमेरिका के 46वें राष्ट्रपति बन जाएंगे. माना जा रहा है कि राष्ट्रपति बनते ही वो डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन (Donald Trump Administration) के कई फैसलों को तुरंत पलट देंगे. ऐसा वो अपने प्रचार भाषणों के दौरान भी कहते रहे हैं. खबरों के मुताबक वो पहले दिन ही ट्रंप प्रशासन द्वारा मुस्लिम मेजॉरिटी वाले देशों पर लगाए ट्रैवल बैन को खत्म कर सकते हैं. इसके अलावा अमेरिका-मेक्सिको के बीच बॉर्डर वॉल कंस्ट्रक्शन को बंद करने का ऑर्डर भी बाइडन प्रशासन द्वारा दिया जा सकता है.

WHO में फिर वापस लौटेगा अमेरिका, ट्रंप ने बाहर निकलकर दुनिया को चौंकाया था
साथ ही ट्रंप द्वारा विश्व स्वास्थ्य संगठन से हटने के फैसले को भी बाइडन तुरंत बदलेंगे. गौरतलब है कि ट्रंप ने मई 2020 में विश्व स्वास्थ्य संगठन से अमेरिका के अलग होने की घोषणा कर दी थी. चीन पर हमला करते हुए डोनाल्‍ड ट्रंप ने कहा था, 'चीन ने डब्‍ल्‍यूएचओ को गुमराह किया है. चीन ने हमेशा चीजों को छिपाया है. कोरोना पर चीन को जवाब देना ही होगा. पूरी दुनिया के सामने जवाब देना ही होगा.' ट्रंप ने कहा कि डब्‍ल्‍यूएचओ पूरी तरह से चीन के नियंत्रण में है. इसलिए हम विश्व स्वास्थ्य संगठन/डब्‍ल्‍यूएचओ से अपना नाता तोड़ रहे हैं. इसके बाद जुलाई महीने में अमेरिका आधिकारिक तौर पर WHO से अलग हो गया था.


बाइडन कुल 17 आदेशों पर हस्ताक्षर करेंगे


दरअसल शपथग्रहण के बाद पहले दिन बाइडन कुल 17 आदेशों पर हस्ताक्षर करेंगे. कहा जा रहा है कि वो संसद को आप्रवासन नीतियों में बदलाव के लिए बिल भेज सकते हैं. इससे अमेरिका में रह रहे लाखों अप्रवासियों की नागरिकता का रास्ता साफ हो सकेगा. ट्रंप प्रशासन ने अब तक इस पर रोक लगा रखी थी. इसके अलावा बाइडन पेरिस क्लाइमेट अकॉर्ड में दोबारा शामिल होने के एक्जिक्यूटिव ऑर्डर्स पर हस्ताक्षर कर सकते हैं. साथ ही सभी सरकारी दफ्तरों में मास्क की अनिवार्यता संबंधी निर्णय भी लिया जा सकता है. इसे कोरोना महामारी के मद्देनजर लागू किया जा सकता है. गौरतलब है कि अमेरिका दुनिया में कोरोना महामारी से सर्वाधिक प्रभावित देश रहा है.
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