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बीजेपी के खाते में आया इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड से सभी राष्‍ट्रीय दलों को 2018-19 में हुई कुल कमाई का 75 फीसदी हिस्‍सा

News18Hindi
Updated: January 16, 2020, 7:00 PM IST
बीजेपी के खाते में आया इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड से सभी राष्‍ट्रीय दलों को 2018-19 में हुई कुल कमाई का 75 फीसदी हिस्‍सा
सभी राष्‍ट्रीय दलों को वित्‍त वर्ष 2018-19 में इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड्स से मोटी कमाई हुई है.

जनवरी, 2018 में तत्‍कालीन वित्‍त मंत्री अरुण जेटली (Arun Jaitley) ने इलेक्‍टोरल बांड (Electoral bonds) को जारी किया था. इसके बाद मार्च, 2018 में इसकी पहली खेप (First Tranche) की बिक्री हुई थी. एनसीपी को छोड़कर सभी राष्‍ट्रीय दलों को विभिन्‍न स्रोतों से हुई 3600 करोड़ रुपये से ज्‍यादा कमाई. जारी होने के बाद से अब तक एसबीआई 6,000 करोड़ रुपये के बॉन्‍ड बेच चुका है.

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  • Last Updated: January 16, 2020, 7:00 PM IST
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फाजिल खान

नई दिल्‍ली. देश की छह राष्‍ट्रीय पार्टियों (National Parties) ने इनकम टैक्‍स रिटर्न (ITR) दाखिल कर दिया है. इनमें बीजेपी (BJP), कांग्रेस (Congress) और ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (AITC) ने वित्‍त वर्ष 2018-19 के दौरान इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड्स (Electoral Bonds) के जरिये 1,931 करोड़ रुपये की कमाई घोषित की है. इसमें 1,451 करोड़ यानी 75 फीसदी हिस्‍सा अकेली बीजेपी के खाते में आया है. एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफार्म्‍स (ADR) की रिपोर्ट के मुताबिक, कांग्रेस ने इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड के जरिये मिले चंदे से 383 करोड़ रुपये यानी 20 फीसदी आय की घोषणा की है. वहीं, तृणमूल कांग्रेस को बॉन्‍ड्स के जरिये 97 करोड़ रुपये बतौर चंदा मिला है.

माकपा, बसपा, भाकपा को इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड्स से नहीं मिला चंदा
राष्‍ट्रीय दलों में शामिल माकपा (CPM), बसपा (BSP) और भाकपा (CPI) ने घोषणा की है कि उन्‍हें इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड्स के जरिये कोई चंदा नहीं मिला है. वहीं, राष्‍ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) ने अब तक चुनाव आयोग को साल 2018-19 में हुई आय का ब्‍योरा नहीं सौंपा है. ऑडिट रिपोर्ट सौंपने की आखिरी तारीख 31 अक्‍टूबर, 2019 थी. बीएसपी, माकपा और भाकपा ने ही तय तारीख तक अपनी आय का ब्‍योरा सौंपा था. बता दें कि जनवरी, 2018 में तत्‍कालीन वित्‍त मंत्री अरुण जेटली (Arun Jaitley) ने इलेक्‍टोरल बांड (Electoral bonds) जारी किया था. इसके बाद मार्च, 2018 में इसकी पहली खेप (First Tranche) की बिक्री हुई थी.

इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड से दान करने वाले की पहचान रहती है गोपनीय
स्‍टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) मार्च, 2018 में इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड की पहली खेप आने के बाद से अब तक 6,000 करोड़ रुपये के इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड्स बेच चुका है. इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड स्‍कीम के तहत कोई भी भारतीय नागरिक एसबीआई से इन्‍हें खरीद सकता है. इसके बाद बॉन्‍ड जारी होने के 15 दिन के भीतर किसी भी पार्टी के खाते में ट्रांसफर कर सकता है. इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड की कीमत 1,000 रुपये से 1 करोड़ रुपये तक रखी गई है. चंदा देने वाले व्‍यक्ति को बैंक को अपनी केवाईसी डिटेल्‍स उपलब्‍ध करानी होती हैं. हालांकि, दानदाता की पहचान गोपनीय रखी जाती है. इलेक्‍टोरल बॉन्‍ड जारी होने के बाद से ही विशेषज्ञों के बीच इसकी पारदर्शिता को लेकर मतभेद हैं.

विभिन्‍न स्रोतों से राष्‍ट्रीय दलों को हुई 3,698 करोड़ की आय
एनसीपी को छोड़कर सभी राष्‍ट्रीय दलों ने वित्‍त वर्ष 2018-19 में विभिन्‍न स्रोतों से कुल 3,698.66 करोड़ रुपये कमाई की घोषणा की है. इस मामले में भी बीजेपी ने सबसे ज्‍यादा 2,410 करोड़ रुपये की आय घोषित की है. वहीं, कांग्रेस ने 918 करोड़ और भाकपा ने इस दौरान कुल 7.15 करोड़ रुपये की आमदनी की घोषणा की है. वित्‍त वर्ष 2017-18 के मुकाबले वित्‍त वर्ष 2018-19 में बीजेपी की कुल कमाई में 135 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है. वित्‍त वर्ष 2017-18 में पार्टी को कुल 1,027 करोड़ की कमाई हुई थी.

तृणमूल कांग्रेस की कमाई में 3628 फीसदी का आया उछाल
तृणमूल कांग्रेस की कमाई में 361 फीसदी का उछाल आया है. पार्टी को वित्‍त वर्ष 2017-18 में कुल 199 करोड़ की कमाई हुई थी. सबसे ज्‍यादा 3628 फीसदी का उछाल तृणमूल कांग्रेस की कमाई में आया है. पार्टी को साल 2017-18 में कुल 5 करोड़ रुपये की आय हुई थी. बीजेपी ने साल 2018-19 में कुल 1,005 करोड़ रुपये खर्च (Expenditure) किए. वहीं कांग्रेस ने इस दौरान 470 करोड़ रुपये अलग-अलग मद में खर्च किए.

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First published: January 16, 2020, 5:55 PM IST
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