कोरोना कंट्रोल नहीं हुआ तो स्थगित होंगे BMC चुनाव? मुंबई की मेयर ने दिया जवाब

देश में कोरोना की तीसरी लहर का भी अंदेशा लगाया जा रहा है और कहा जा रहा है कि तीसरी लहर और अधिक घातक हो सकती है, जिसमें बच्चे अधिक संक्रमित हो सकते हैं.

देश में कोरोना की तीसरी लहर का भी अंदेशा लगाया जा रहा है और कहा जा रहा है कि तीसरी लहर और अधिक घातक हो सकती है, जिसमें बच्चे अधिक संक्रमित हो सकते हैं.

मुंबई की मेयर किशोरी पेडनेकर ने कहा, 'बीएमसी के चुनाव अगले साल जनवरी-फरवरी में होने हैं, ऐसे में उस समय की स्थिति का जायजा लिया जाएगा.'

  • Share this:

मुंबई. महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण की रफ्तार धीरे-धीरे कम हो रही है, लेकिन अगले साल होने वाले बीएमसी चुनाव को लेकर सस्पेंस लगातार बना हुआ है. मुंबई की जनता के मन में यही सवाल है कि अगर कोरोना महामारी की तीसरी लहर का प्रभाव देखने को मिला तो बीएमसी चुनाव आयोजित हो पाएंगे या नहीं.

इस बीच मुंबई की मेयर किशोरी पेडनेकर ने बड़ा बयान दिया है. न्यूज एजेंसी ANI से बातचीत के दौरान मेयर किशोरी पेडनेकर ने कहा, 'बीएमसी के चुनाव अगले साल जनवरी-फरवरी में होने हैं, ऐसे में उस समय की स्थिति का जायजा लिया जाएगा, अगर कोरोना की स्थिति बढ़ती है तो चुनाव को आगे भी बढ़ाया जा सकता है, लेकिन तैयारी तो करनी ही पड़ेगी.'

तीसरी लहर और अधिक घातक होगी

बता दें कि वर्तमान में पूरे देश में कोरोना वायरस की दूसरी लहर का प्रकोप देखने को मिल रहा है. फिलहाल हालात चिंताजनक नहीं है, लेकिन 2 महीने पहले देश के तमाम हिस्सों की हालत खराब थी. महाराष्ट्र में एक दिन में कोरोना के मामलों का आंकड़ा 50 हजार को भी पार कर गया था, लेकिन अभी देश में कोरोना की तीसरी लहर का भी अंदेशा लगाया जा रहा है और कहा जा रहा है कि तीसरी लहर और अधिक घातक हो सकती है, जिसमें बच्चे अधिक संक्रमित हो सकते हैं.
ये भी पढ़ें- कोरोना से ठीक हुए बच्चों में MIS-C का खतरा, पहचानिए ये लक्षण

बीजेपी ने शिवसेना पर लगाए गंभीर आरोपबीएमसी चुनाव बेशक अगले साल होने वाले हैं, लेकिन राजनीति अभी से गर्मा गई है. महाराष्ट्र भाजपा नेता आशीष शेलार ने मंगलवार को आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ शिवसेना महामारी की स्थिति और तीसरी लहर की आशंका का हवाला देकर अगले साल फरवरी में होने वाले मुंबई नगर निकाय के चुनावों को स्थगित करने की साजिश रच रही है.




शेलार ने यह भी आरोप लगाया कि शिवसेना बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के वर्तमान शासी निकाय को विस्तार दिलाने की कोशिश कर रही है ताकि वह सीवेज शोधन संयंत्र स्थापित करने के लिए जारी होने वाले 20,000 करोड़ रुपये के टेंडर में ‘कट’ (कमीशन) हासिल कर सके.

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज