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नाबालिग के यौन उत्पीड़न मामले में आरोपी DIG को कोर्ट ने दी गिरफ्तारी से अंतरिम राहत

News18Hindi
Updated: January 22, 2020, 3:17 PM IST
नाबालिग के यौन उत्पीड़न मामले में आरोपी DIG को कोर्ट ने दी गिरफ्तारी से अंतरिम राहत
DIG निशिकांत मोरे ने की थी नाबालिक के साथ छेड़छेड़ा

जस्टिस पी डी नाईक (Justice P D Naik) ने मोरे को जांच में सहयोग के लिए 29, 30 और 31 जनवरी को तलोजा पुलिस (Taloja police) के सामने पेश होने का निर्देश भी दिया.

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  • Last Updated: January 22, 2020, 3:17 PM IST
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मुम्बई. मुम्बई हाईकोर्ट (High Court) ने नाबालिग लड़की का उत्पीड़न करने के आरोप में ससपेंड, महाराष्ट्र पुलिस के उपमहानिरीक्षक (Deputy Inspector General) निशिकांत मोरे को बुधवार को गिरफ्तारी से अंतरिम राहत दे दी है. जस्टिस पी डी नाईक ने मोरे को जांच में सहयोग के लिए 29, 30 और 31 जनवरी को तलोजा पुलिस के सामने पेश होने का निर्देश भी दिया. पीठ ने अगली सुनवाई के लिए 17 फरवरी की तारीख तय की है.

कोर्ट बोला, दोनों परिवार के अच्छे संबंध
कोर्ट ने कहा कि पीड़िता और आरोपी के परिवार के बीच अच्छे संबंध थे, जो पीड़िता के पिता के आरोपी से कथित तौर पर उधार लिए पैसे लौटाने से मना करने पर खराब हो गए. अदालत ने कहा कि पांच जून 2019 को जब कथित घटना हुई, उस दिन पीड़िता का जन्मदिन था और उसका (पीड़िता का) परिवार वहां मौजूद था. वीडियो में पीड़िता का व्यवहार और तौर-तरीके कथित घटना को लेकर संदेह उत्पन्न कर रहा है.

मोर ने आरोप को बताया निराधार

पनवेल सत्र अदालत के अग्रिम जमानत खारिज करने के बाद मोर ने पिछले हफ्ते हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी. याचिका में आरोपी ने दावा किया कि उसके खिलाफ लगे आरोप निराधार हैं और दोनों परिवार के बीच वित्तीय विवाद के कारण उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई.

जन्मदिन पर की थी छेड़छाड़
नवी मुम्बई पुलिस के अनुसार लड़की ने आरोप लगाया था कि आरोपी ने रायगढ़ जिले के तलोजा शहर स्थित घर में 5 जून 2019 को उसके जन्मदिन पर उससे कथित तौर पर छेड़छाड़ की. पीड़िता के पिता ने दावा किया है कि उन्होंने 12 जुलाई 2019 को शिकायत दर्ज कराई थी लेकिन पुलिस ने उस पर गौर नहीं किया और बाद में 26 दिसम्बर 2019 को प्राथमिकी दर्ज की गई.बता दें कि राज्य के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने मामले में कार्रवाई की थी. डीआईजी पर छेड़छाड़ का आरोप लगाने वाली 17 साल की लड़की अचानक गायब हो गई थी. गायब होने से पहले उसने सुसाइड नोट भी छोड़ा. नोट में पीड़िता ने लिखा था कि उसके परिवार पर इस मामले को वापस लेने के लिए दबाव डाला जा रहा है.

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First published: January 22, 2020, 2:57 PM IST
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