होम /न्यूज /राष्ट्र /

शुभेंदु अधिकारी के खिलाफ पुलिसकर्मी की मौत के 3 साल पुराने मामले में आज दर्ज हुई FIR, बढ़ सकती हैं मुश्किलें

शुभेंदु अधिकारी के खिलाफ पुलिसकर्मी की मौत के 3 साल पुराने मामले में आज दर्ज हुई FIR, बढ़ सकती हैं मुश्किलें

 शुभेंदु अधिकारी   (फाइल फोटो)

शुभेंदु अधिकारी (फाइल फोटो)

भारतीय जनता पार्टी के नेता शुभेंदु अधिकारी की मुश्किलें बढ़ सकती हैं. उनके खिलाफ कोंटई पुलिस थाने में 2 साल पुराने में एक मामले में FIR दर्ज कराई गई है.

    कोलकाता. पश्चिम बंगाल (West Bengal) में भारतीय जनता पार्टी के नेता शुभेंदु अधिकारी ( Suvendu Adhikari) की मुश्किलें बढ़ सकती हैं. शुक्रवार को उनके खिलाफ राज्य के कोंटाई पुलिस थाने में 3 साल पुराने में एक मामले में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है. मिली जानकारी के अनुसार यह मामला उनके सिक्योरिटी गार्ड का है जिसकी 3 साल पहले संदिग्ध स्थिति में मौत हो गई थी.

    पश्चिम बंगाल पुलिस के सिपाही रहे सुब्रत चक्रवर्ती की पत्नी सुपर्णा चक्रवर्ती ने संदिग्ध मौतों के मामले में भारतीय दंड संहिता  की धारा 302 और 120 के तहत प्राथमिकी दर्ज कराई है. चक्रवर्ती की पत्नी ने शुभेंदु के खिलाफ एफआईआर कराई है.



    सुरक्षा गार्ड ने खुद को मार ली थी गोली
    शुभेंदु के सुरक्षा गार्ड रहे चक्रवर्ती ने 13 अक्टूबर 2018 को कांठी में अपने किराए के आवास पर खुद को गोली मार ली थी. इसके तुरंत बाद चक्रवर्ती को अस्पताल ले जाया जहां दो दिन बाद उनकी मौत हो गई. इस मामले में आरोपी भाजपा नेता उस वक्त तृणमूल कांग्रेस में थे और परिवहन मंत्री थे. उन पर आरोप है कि उन्होंने चक्रवर्ती को आत्महत्या के लिए उकसाया था. हाल ही में चक्रवर्ती की पत्नी ने मामले की जांच की मांग की थी.

    बता दें मई 2021 में संपन्न हुए बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले अधिकारी, बीजेपी में शामिल हो गए थे. इसके बाद चुनाव में उन्होंने नंदीग्राम सीट से सीएम ममता बनर्जी को मात दी थी. हालांकि बीजेपी की बंगाल यूनिट के कई नेता उनसे खुश नहीं बताए जा रहे हैं. हाल ही में सौमित्र खान ने भाजयुमो से इस्तीफा दिया और अधिकारी पर गंभीर आरोप लगाए थे. लेकिन कुछ देर बाद उन्होंने इस्तीफा वापस ले लिया था.

    बीते दिनों अधिकारी उस वक्त चर्चा में आए थे जब उन्होंने सॉलिसीटर जनरल तुषार मेहता से मुलाकात की थी. जिसके बाद टीएमसी नेताओं ने पीएम मोदी से मांग की थी कि मेहता को उनके पद से हटा दिया जाए क्योंकि वह नारद मामले के एक 'आरोपी' से मिल रहे हैं जिसमें वह सीबीआई का पक्ष कोर्ट में रख रहे हैं.undefined

    Tags: BJP, Suvendu Adhikari, TMC, West bengal

    विज्ञापन

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर