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भ्रष्टाचार पर मोदी सरकार की इस पहल पर कहीं हो न जाए राजनीति!

भ्रष्टाचार पर मोदी सरकार की इस पहल पर कहीं हो न जाए राजनीति!

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सीहोर में किसानों की एक रैली में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के लिए संचालनगत दिशा-निर्देशों का अनावरण किया. प्रधानमंत्री ने 14 अप्रैल को बाबा साहेब अम्बेडकर की जयंती पर डिजिटल प्लेटफॉर्म- राष्ट्रीय कृषि बाजार को लांच करने की घोषणा की.

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सीहोर में किसानों की एक रैली में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के लिए संचालनगत दिशा-निर्देशों का अनावरण किया. प्रधानमंत्री ने 14 अप्रैल को बाबा साहेब अम्बेडकर की जयंती पर डिजिटल प्लेटफॉर्म- राष्ट्रीय कृषि बाजार को लांच करने की घोषणा की.

प्रधानमंत्री मोदी का नारा 'न खाउंगा और न खाने दूंगा' की पहल पर केंद्र सरकार एक ऐसी व्यवस्था तैयार करने की कोशिश कर रही है जिसमें सभी राज्यों को केंद्र सरकार जितना भी पैसा ऊपर से लेकर ग्राम पंचायतों तक विकास कार्यों के लिए बांटा जा रहा है उसका ऑनलाइन विवरण होगा.

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  • Pradesh18
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    प्रधानमंत्री मोदी का नारा 'न खाउंगा और न खाने दूंगा' की पहल पर केंद्र सरकार एक ऐसी व्यवस्था तैयार करने की कोशिश कर रही है जिसमें सभी राज्यों को केंद्र सरकार जितना भी पैसा ऊपर से लेकर ग्राम पंचायतों तक विकास कार्यों के लिए बांटा जा रहा है उसका ऑनलाइन विवरण होगा.
    केंद्र सरकार ने ये भी कहा है कि पाई-पाई का हिसाब ऑनलाइन होना चाहिए. इतना नहीं हर घंटे कितना पैसा वितरित किया गया है उसका रियल टाइम ब्यौरा होना चाहिए. लेकिन कुछ राज्य सरकारों कहना है कि ये 'राज्यों की स्वतंत्रता का हनन' है. इस आपत्ति में मध्य प्रदेश की सरकार भी शामिल है.
    माना जा रहा है केंद्र सरकार इस बजट सत्र में इस व्यवस्था की घोषणा करने वाली है जो अगले वित्तीय वर्ष से लागू हो जाएगी. लेकिन इसको लेकर राज्यों ने आपत्ति जता दी है. राज्यों को कहना है ये 'अनावश्यक निगरानी' है.
    इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत में केंद्र सरकार के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि पब्लिक फाइनेंस मैनेजमेंट सिस्टम के तहत अभी डीबीटी योजना लागू की जा रही है. लेकिन सरकार इसको और विस्तृत रूप देना चाहती है. जिसके लिए सभी राज्यों को पीएफएमएस को अपनना चाहिए.'
    वहीं एक दूसरे अधिकारी ने बताया कि सरकार के सभी भुगतान पीएफएमएस के माध्यम से ही किए जाएंगे. अगले वित्तीय वर्ष तक सरकार सभी राज्यों को इस प्लेटफॉर्म में ले आया जाएगा'.
    अभी राज्यों मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, ओडीसा, पुदुचेरी, राजस्थान, असम, उत्तरप्रदेश, केरल, को इस व्यवस्था में शामिल किया जा चुका है. वहीं मध्य प्रदेश ने आशंका जताई है कि राज्यों के खर्चों की निगरानी इनकी स्वतंत्रता पर हस्तक्षेप हो सकता है.

    Tags: Narendra modi, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश

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