लाइव टीवी

चीन हरकतों से नहीं आ रहा बाज, पाक की शह पर UNSC में फिर उठाएगा कश्मीर मुद्दा

News18Hindi
Updated: January 15, 2020, 8:30 PM IST
चीन हरकतों से नहीं आ रहा बाज, पाक की शह पर UNSC में फिर उठाएगा कश्मीर मुद्दा
चीन पहले भी दो बार पाकिस्तान के लिए ऐसी नाकाम कोशिश कर चुका है. फाइल फोटो

चीन (China) अपनी हरकतों से बाज़ नहीं आ रहा है. UNSC में चीन (China) की तरफ से कश्मीर मुद्दे को उठाया जाएगा, लेकिन फ्रांस (France) चीन की हरकत को नाकामयाब कर देगा.

  • News18Hindi
  • Last Updated: January 15, 2020, 8:30 PM IST
  • Share this:
शैलेन्द्र वांगू 
नई दिल्ली. चीन (China) अपनी हरकतों से बाज़ नहीं आ रहा है. दो बार मुंह की खाने के बाद एक बार फिर से चीन UNSC में कश्मीर (kashmir) मुद्दे को उठाएगा. सूत्र बताते हैं कि चीन ने आज होने वाली बैठक में कश्मीर मुद्दे को उठाने के लिए नोटिस दिया है. लेकिन इस बार भी चीन को कश्मीर पर मुंह की खानी पड़ेगी. बुधवार रात होने वाली इस बैठक में चीन (China) की तरफ से कश्मीर मुद्दे को उठाया जाएगा, लेकिन फ्रांस (France) चीन की हरकत को नाकामयाब कर देगा. फ्रांस ने आज साफ कर दिया है कि कश्मीर भारत और पाकिस्तान का द्विपक्षीय मुद्दा है और इस मुद्दे पर UNSC में चर्चा नहीं हो सकती.

भारतीय समयानुसार बुधवार रात संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक होनी है, जिसमें तमाम मुद्दों पर चर्चा होगी. वहीं चीन इस बैठक के आखिर में 'एनी अदर बिजनेस' यानी AOB के तहत कश्मीर मुद्दे को इस मंच पर उठाएगा. लेकिन चीन की यह चाल कामयाब नहीं होगी, क्योंकि फ्रांस अगर इस पर आपत्ति जताता है, तो कश्मीर मुद्दे पर कोई चर्चा नहीं होगी. बता दें कि इससे पहले भी अगस्त और दिसंबर 2019 में चीन ने पाकिस्तान के इशारों पर कश्मीर मुद्दे को इस मंच पर उठाने की कोशिश की थी लेकिन लेकिन इस मुद्दे पर वह अकेला पड़ गया था, क्योंकि यह एक अनौपचारिक बैठक है. ऐसे में बैठक में क्या हुआ इसकी औपचारिक जानकारी साझा नहीं की जाती.

भारत भी दे सकता है चीन को करारा जवाब

सूत्र बताते हैं कि अगर इस बैठक के बाद चीन ने झूठ बोला तो भारत भी इसी मंच से चीन को करारा जवाब देगा. इससे पहले भी चीन के राजदूत ने UNSC बैठक के बाद कुछ दावे किए थे जिनको संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थाई प्रतिनिधि सैयद अकबरुद्दीन ने सिरे से खारिज कर दिया था. पिछले साल अगस्त में संयुक्‍त राष्‍ट्र में भारत के प्रतिनिधि सैयद अकबरुद्दीन ने मुस्‍कराते हुए लाजवाब तर्कों और तथ्‍यों से चीन और पाकिस्‍तान दोनों को ही 'धो' डाला था.

असर यह रहा कि संयुक्‍त राष्‍ट्र सुरक्षा परिषद ने जम्‍मू-कश्मीर में हालात सामान्य करने के भारतीय प्रयासों की सराहना की. यही नहीं चीन और पाकिस्‍तान की तमाम कोशिशों के बाद भी इस बैठक पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं हुआ था.

विदेशी राजदूतों ने कश्मीर के हालात बताए थे सामान्यबता दें कि कश्मीर को लेकर राज्य सरकार और केंद्र सरकार लगातार दुष्प्रचार से निपट रहे हैं. जहां एक तरफ 5 अगस्त के बाद लगाई गई कई पाबंदी को हटा लिया गया है, वही हाल ही में 15 देशों के राजदूत कश्मीर दौरे पर गए थे ताकि वहां के हालात को वह करीब से समझ सकें. इस प्रतिनिधिमंडल में अमेरिका के राजदूत भी शामिल थे. वही 15 जनवरी यानी बुधवार को राज्य सरकार ने जम्मू के 5 जिलों में पोस्टपेड मोबाइल पर 2G सेवा बहाल कर दी है. वही सरकारी कार्यालयों में हॉस्पिटल और पर्यटन से जुड़े संस्थानों में ब्रॉडबैंड सेवा बहाल कर दी है, लेकिन अभी भी सोशल मीडिया पर पाबंदी जारी है.

यह भी पढ़ें...
लंदन के रेस्तरां में दिखे नवाज शरीफ, विपक्ष ने बीमारी पर उठाया सवाल

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए देश से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: January 15, 2020, 8:15 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर