कोरोना के बढ़ते मामलों के चलते चीन ने भारत की फ्लाइट्स पर अनिश्चितकाल के लिए लगाई रोक

एअर इंडिया चीन के विभिन्न शहरों के लिए वंदे भारत मिशन के तहत विशेष बचाव उड़ानें संचालित कर रहा है (फाइल फोटो)
एअर इंडिया चीन के विभिन्न शहरों के लिए वंदे भारत मिशन के तहत विशेष बचाव उड़ानें संचालित कर रहा है (फाइल फोटो)

Vande Bharat Mission: चीन ने मार्च के अंत में महामारी से लड़ाई के बीच विदेशी यात्रियों के प्रवेश पर रोक लगा दी थी. भारत के लिए इसका मतलब है कि 13 नवंबर से हर हफ्ते के लिए जो वंदे भारत मिशन के लिए चार फ्लाइट्स तय की गई थीं उन्हें फिर से रीशिड्यूल किया जाएगा.

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 5, 2020, 7:41 PM IST
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नई दिल्ली. पिछले हफ्ते वंदे भारत मिशन (Vande Bharat Mission) में कोरोना वायरस (Coronavirus) के बढ़े मामलों के देखते हुए चीन ने गुरुवार को गैर-चीनी यात्रियों समेत भारत के हवाई सफर पर अनिश्चितकालीन रोक लगा दी है. जबकि भारत और चीन (India-China) के बीच वाणिज्यिक फ्लाइट्स को शुरू नहीं किया गया था. एअर इंडिया (Air India) चीन के विभिन्न शहरों के लिए वंदे भारत मिशन के तहत विशेष बचाव उड़ानें संचालित कर रहा है. बीजिंग ने इसके अलावा ब्रिटेन, बेल्जियम और फिलीपींस से गैर-चीनी आगंतुकों के प्रवेश पर रोक लगाने के लिए इसी तरह की घोषणा की है.

इसके अलावा संयुक्त राज्य अमेरिका, फ्रांस और जर्मनी के आ रहे यात्रियों से अतिरिक्त हेल्थ टेस्ट रिजल्ट पेश करने के लिए कहा है. चीन यह कदम कोरोनोवायरस की दूसरी लहर के चलते दुनिया भर में बढ़े मामलों से खुद को बचाने के लिए ऐसा कर रहा है. बीजिंग का ये नया सस्पेंशन ऑर्डर 28 सितंबर के उस आदेश के बिल्कुल उलट है जिसमें उसने सभी विदेशियों को वैध रेसिडेंस परमिट के साथ चीन में प्रवेश की अनुमति दी थी.

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13 नंवबर से हर हफ्ते के लिए तय हैं चार फ्लाइट्स
चीन ने मार्च के अंत में महामारी से लड़ाई के बीच विदेशी यात्रियों के प्रवेश पर रोक लगा दी थी. भारत के लिए इसका मतलब है कि 13 नवंबर से हर हफ्ते के लिए जो वंदे भारत मिशन के लिए चार फ्लाइट्स तय की गई थीं उन्हें फिर से रीशिड्यूल किया जाएगा.

बीजिंग में अधिकारियों ने बताया कि करीब 1500 से ज्यादा भारतीयों ने चीन वापस लौटने के लिए रजिस्टर किया है. चीन के इस नए आदेश ने उन लोगों की वापसी पर भी प्रश्नचिन्ह लगा दिया है.

चीन के विदेश मंत्रालय ने इस फैसले का समर्थन करते हुए कहा है कि यह महामारी से निपटने के लिए सही और युक्तिसंगत फैसला है.

किसी भी तरह के वीजा/परमिट धारक को एंट्री नहीं
चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता वांग वेनबिन ने गुरुवार को नियमित मंत्रालय के ब्रीफिंग में कहा, "चीन कई देशों की प्रैक्टिस पर गौर कर रहा है और बदलती महामारी की स्थिति के आधार पर चीन में प्रासंगिक लोगों के प्रवेश को समायोजित कर रहा है."

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भारत को लेकर घोषणा में उन्होंने कहा कि न तो नई दिल्ली में चीनी दूतावास और न ही मुंबई और कोलकाता में वाणिज्य दूतावास में सामान्य पासपोर्ट धारकों के हेल्थ सर्टिफिकेट्स पर मुहर लगाई जाएगी.

चीनी सरकार ने गुरुवार को एक घोषणा में कहा कि कोविड-19 महामारी के चलते ये घोषणा की जाती है कि चीन ने वैध चीनी वीजा और रेसिडेंस परमिट वाले भारत के लोगों के प्रवेश पर अस्थायी प्रतिबंध लगाने का फैसला किया है.

इन लोगों के लिए छूट
बयान में कहा गया कि भारत में चीनी एंबेसी और कॉन्सुलेट्स ऊपर बताए गए किसी भी तरह के वीजा और रेसिडेंस परमिट्स होल्डर्स के हेल्थ डिक्लेरेशन फॉर्म्स पर स्टैंप न लगाएं.

चीन के बयान नें कहा गया है कि इस आदेश से चीनी राजदूत, सर्विस, कर्टेसी और सी वीजा प्रभावित नहीं होंगे.
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