दिल्ली-मुंबई और चेन्नई में कम हुई कोरोना की रफ्तार, R-value में गिरावट के ये हैं मायने

मुंबई और दिल्ली के करीब 40 प्रतिशत या उससे ज्यादा निवासी कोरोना वायरस से संक्रमित हो चुके हैं.
मुंबई और दिल्ली के करीब 40 प्रतिशत या उससे ज्यादा निवासी कोरोना वायरस से संक्रमित हो चुके हैं.

सामान्य तरीके से समझें तो अगर आर-वैल्यू (Reproduction Number Value) एक से कम है, तो इसका सीधा मतलब है कि कोरोना का एक संक्रमित व्यक्ति (Coronavirus Infected) ज्यादा से ज्यादा एक अन्य व्यक्ति को संक्रमित कर रहा है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: August 4, 2020, 8:47 AM IST
  • Share this:
नई दिल्ली. देश में कोरोना मरीजों (Coronavirus Infected) का आंकड़ा 18 लाख 55 हजार 331 हो गया है. सोमवार को भी 50 हजार से ज्यादा नए मरीज मिले और 806 लोगों की मौत हुई. अब तक देश में इस वायरस से 38 हजार 969 लोगों की मौत हो चुकी है. इस बीच मुंबई, दिल्ली और चेन्नई से अच्छी खबर आ रही है. एक हालिया स्टडी के मुताबिक, देश के इन तीन मेट्रोपॉलिटन शहरों में कोरोना भाग रहा है. स्टडी में पता चला है कि कोविड-19 के आर-वैल्यू (R-value) या रिप्रोडक्टिव वैल्यू (Reproduction Number Value) में दिल्ली, मुंबई और चेन्नई में गिरावट आई है, जो दर्शाती है कि देश के तीन बड़े शहरों में इस महामारी का कहर थमने की राह पर है.

रि-प्रोडक्टिव वैल्यू (R-value) को लेकर एक्सपर्ट ने चेतावनी भी दी है कि इस स्तर पर आकर अगर लापरवाही की गई, तो कोरोना का संक्रमण फिर से बढ़ सकता है. 'स्टैटिस्टिक्स एंड एप्लिकेशंस' मैगजीन में पब्लिश ताजा आंकड़ों पर गौर करें,तो दिल्ली में R-value 0.66, मुंबई में 0.81 और चेन्नई में 0.86 है. ये राष्ट्रीय औसत 1.16 से काफी कम है. देश में सबसे ज्यादा आर-वैल्यू 1.48 आंध्र प्रदेश की है.

ये भी पढ़ें- जुबिलेंट ने लॉन्च की कोरोना के लिए रेमडेसिविर दवा, 1 शीशी की कीमत 4,700 रुपये



सामान्य तरीके से समझें तो अगर आर-वैल्यू एक से कम है, तो इसका सीधा मतलब है कि एक संक्रमित व्यक्ति ज्यादा से ज्यादा एक अन्य व्यक्ति को संक्रमित कर रहा है.

भारतीय विज्ञान शिक्षा एंव अनुसंधान संस्थान, कोलकाता में भौतिकी के प्रोफेसर दिव्येन्दु नंदी बताते हैं, 'समुदाय में आर-वैल्यू का इतना कम बने रहने का अर्थ है कि महामारी का मौजूदा कहर थम रहा है. इसे नियंत्रित करने वाले उपायों की मदद से आने वाले दिनों में महामारी पर काबू पाया जा सकता है.'

नियमों का पालन अभी और ज्यादा जरूरी
कोरोना को लेकर कई शहरों में हो सीरो-सर्वे किया जा रहा है. इससे पता चलता है कि मुंबई और दिल्ली के करीब 40 प्रतिशत या उससे ज्यादा निवासी इस वायरस से संक्रमित हो चुके हैं. एक्सपर्ट बताते हैं कि समुदाय के स्तर पर किसी बीमारी विशेष के प्रति रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्यूनिटी विकसित होने के लिए आबादी के कम से कम 20 प्रतिशत का संक्रमित होना जरूरी है. हालिया स्टडी के हिसाब से आर-वैल्यू बेशक कम हो रहा है, लेकिन अगर हम सतर्क नहीं रहे और नियमों में ढील बरतनी शुरू कर दी, तो ये कोरोना दोबारा आ सकता है.

रोजाना अमेरिका से भी ज्यादा आ रहे हैं कोरोना केस
बता दें कि देश में कोरोना के मामले इतनी तेजी से बढ़ रहे हैं कि एक दिन में सर्वाधिक केस के मामले में भारत ने अमेरिका और ब्राजील को भी पीछे छोड़ दिया है. अमेरिका में पिछले 24 घंटे में 49 हजार से ज्यादा केस आए, तो ब्राजील में 24 हजार से अधिक नए मामले सामने आए हैं. बता दें कोविड-19 से सबसे ज्यादा प्रभावित देशों में भारत, अमेरिका और ब्राजील के बाद तीसरे नंबर पर है.

अब तक किस राज्य में कितनी मौतें?
कुल 38,135 मौत के मामलों में से, महाराष्ट्र में सबसे अधिक 15,842, तमिलनाडु में 4,132, दिल्ली में 4,241, कर्नाटक में 2,496, गुजरात में 2,486, उत्तर प्रदेश में 1,730, पश्चिम बंगाल में 1,678, आंध्र प्रदेश में 1,474 और मध्य प्रदेश में 886 लोगों की मौत हुई है. अब तक राजस्थान में 703, तेलंगाना में 540, हरियाणा में 423, पंजाब में 423, जम्मू-कश्मीर में 396, बिहार में 329, ओडिशा में 197, झारखंड में 118, असम में 105, उत्तराखंड में 86 और केरल में 82 लोगों की मौत संक्रमण से हुई है.

ये भी पढ़ें: दुनिया में 1 दिन में सबसे ज्‍यादा कोरोना केस भारत से, अमेरिका-ब्राजील को पीछे छोड़ा

क्या है रिकवरी और डेथ रेट?
डेटा के मुताबिक कोविड-19 से स्वस्थ होने की दर 65.44 प्रतिशत हो गई है, जबकि मौत की दर घटकर 2.11 प्रतिशत रह गई है. संक्रमण के कुल मामलों में विदेशी नागरिक भी शामिल हैं.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज