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कोर्ट के फैसले के बाद नूपुर तलवार के पिता का छलका दर्द

भाषा
Updated: October 12, 2017, 8:51 PM IST
कोर्ट के फैसले के बाद नूपुर तलवार के पिता का छलका दर्द
इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने तलवार दंपती को आज बरी करते हुए कहा कि उपलब्ध साक्ष्य के आधार पर उन्हें दोषी नहीं ठहराया जा सकता.
भाषा
Updated: October 12, 2017, 8:51 PM IST
नुपूर तलवार के पिता ने आज कहा कि अपनी बेटी आरूषि की हत्या के नौ साल तक चले मुकदमे ने उन्हें व उनकी पत्नी को भावना शून्य कर दिया और उन्हें बरी करने के लिए न्यायपालिका का शुक्रिया अदा किया. वायुसेना के पूर्व ग्रुप कैप्टन बीजी चिटनिस ने कहा कि अपनी बेटी नुपूर और उसके पति राजेश को जेल में देखना उनके लिए बहुत कष्टकर था. उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘इस फैसले के लिए मैं न्यायपालिका का अभारी हूं.’’ मेरे लिए उम्र के इस पड़ाव में अपनी बेटी को जेल में देखना बहुत कष्टकर था.’’ आरूषि की करीबी संबंधी वंदना तलवार ने कहा कि मुकदमा लंबा खिंचने के चलते पूरा परिवार करीब एक दशक तक परेशान रहा.

उन्होंने कहा, ‘‘यह बहुत थकाने वाला और कष्टकर था.’’ हालांकि, उन्होंने मामले और फैसले के गुण - दोष में जाने से इनकार करते हुए कहा कि दंपती के वकील इस बारे में जवाब देंगे कि आरूषि और घरेलू सहायक हेमराज की हत्या किसने की थी. ‘‘हम न्यायपालिका के बहुत आभारी हैं और फैसले से राहत मिली है.’’

गौरतलब है कि इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने तलवार दंपती को आज बरी करते हुए कहा कि उपलब्ध साक्ष्य के आधार पर उन्हें दोषी नहीं ठहराया जा सकता. मई 2008 के इस दोहरे हत्याकांड में एक सीबीआई अदालत ने दंपती को दोषी पाया था.

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