त्योहारों के मौसम में 5 राज्यों में बढ़े कोविड-19 के मामले: स्वास्थ्य मंत्रालय

भूषण ने बताया कि महाराष्ट्र, केरल और कर्नाटक में देश के कुल कोविड-19 के मामलों के 48.57 प्रतिशत मामले हैं (सांकेतिक फोटो, AP)
भूषण ने बताया कि महाराष्ट्र, केरल और कर्नाटक में देश के कुल कोविड-19 के मामलों के 48.57 प्रतिशत मामले हैं (सांकेतिक फोटो, AP)

Coronavirus Cases in India: पिछले 24 घंटे में देश में कोविड-19 से मृत्यु के 58 प्रतिशत मामले महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, दिल्ली, छत्तीसगढ़ और कर्नाटक से आये हैं. उन्होंने कहा कि इस अवधि में आये कोरोना वायरस संक्रमण के नये मामलों में 49.4 प्रतिशत केरल (4,287), पश्चिम बंगाल (4,121), महाराष्ट्र (3,645), कर्नाटक (3,130) और दिल्ली (2,832) से थे.

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नई दिल्ली. स्वास्थ्य मंत्रालय (Health Ministry) ने सोमवार को कहा कि त्योहारों के मौसम में केरल (Kerala), पश्चिम बंगाल (West Bengal), महाराष्ट्र (Maharashtra), कर्नाटक (Karnataka) और दिल्ली (Delhi) में कोविड-19 (Covid-19) के मामलों में बढ़ोतरी देखी गयी है. स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘मास्क पहनना, नियमित हाथ धोना और आपस में दूरी बनाकर रखना महत्वपूर्ण है. हमने पाया है कि त्योहारों के मौसम में केरल, पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र, कर्नाटक और दिल्ली में संक्रमण के मामले बढ़ गये हैं और इसलिए इन नियमों का पालन करना और अधिक महत्वपूर्ण है.’’

अधिकारी ने कहा कि पिछले 24 घंटे में देश में कोविड-19 से मृत्यु के 58 प्रतिशत मामले महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, दिल्ली, छत्तीसगढ़ और कर्नाटक से आये हैं. उन्होंने कहा कि इस अवधि में आये कोरोना वायरस संक्रमण के नये मामलों में 49.4 प्रतिशत केरल (4,287), पश्चिम बंगाल (4,121), महाराष्ट्र (3,645), कर्नाटक (3,130) और दिल्ली (2,832) से थे. भूषण ने कहा, ‘‘हम इन राज्यों के साथ संपर्क में हैं. हमने इन राज्यों में अपने दलों को भी भेजा है. कुछ दल लौट रहे हैं, वहीं कुछ अन्य अब भी राज्यों में हैं. उनकी रिपोर्ट जमा होने के बाद हम फिर से राज्यों से बात करेंगे और उन्हें बताएंगे कि अगर जरूरी हुए तो कोविड-19 से निपटने की रणनीति में क्या बदलाव लाये जाने चाहिए.’’

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उन्होंने कहा, ‘‘हमने एक दिन पहले ही केरल, पश्चिम बंगाल और दिल्ली से बात की है तथा इस सप्ताह महाराष्ट्र से बात करेंगे और रणनीति तैयार करेंगे.’’


संख्या के बदलने का आकलन जरूरी
एक सवाल के जवाब में भूषण ने कहा, ‘‘अंतत: हमें केवल कुल आंकड़े नहीं देखने चाहिए, बल्कि यह भी देखना चाहिए कि पिछले 24, 48 और 72 घंटों में ये संख्या कैसे बदल रही है. इससे हमें महामारी से निपटने के लिए जरूरी रणनीति को दुरुस्त करने के संकेत मिलते हैं.’’

उन्होंने कहा कि दिल्ली में लगातार तीन दिन तक रोजाना कोरोना वायरस संक्रमण के मामलों की संख्या 4,000 से अधिक रहने के बाद कम हुई और पिछले 24 घंटे में केवल 2,800 मामले सामने आए.

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हालांकि उन्होंने कहा कि चिंता की बात यह है कि राजधानी में संक्रमण के दैनिक मामलों की दर 8.06 प्रतिशत और साप्ताहिक पुष्ट मामलों की दर सात प्रतिशत है और इन दोनों चीजों को क्रमिक तरीके से देखना होगा.

भूषण ने बताया कि महाराष्ट्र, केरल और कर्नाटक में देश के कुल कोविड-19 के मामलों के 48.57 प्रतिशत मामले हैं, वहीं 10 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में देश के कुल मामलों के 78 प्रतिशत मामले हैं.
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