ICMR ने कहा- कोविड-19 वैक्सीन के लिए जगह चिन्हित, 2000 वॉलंटियर्स पर किया जाएगा टेस्ट

ICMR ने कहा- कोविड-19 वैक्सीन के लिए जगह चिन्हित, 2000 वॉलंटियर्स पर किया जाएगा टेस्ट
कोरोना वायरस की वैक्सीन पर जल्द परीक्षण शुरू होने वाला है (प्रतीकात्मक तस्वीर)

आईसीएमआर (ICMR) के डीजी बलराम भार्गव (Balram Bhargav) ने कहा कि दोनों साइट्स पर 1000-1000 वॉलंटियर्स पर जल्द कोविड-19 की वैक्सीन (Covid-19 Vaccine) का परीक्षण शुरू किया जाएगा. भार्गव ने कहा कि वैक्सीन बना रहे दो स्वदेशी उम्मीदवारों ने अपनी साइट्स तैयार कर ली हैं

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नई दिल्ली. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय (Health Ministry) ने मंगलवार को कहा कि इस महीने की शुरुआत में कोविड-19 की वैक्सीन (Covid-19 Vaccine) के ह्यूमन ट्रायल के लिए क्लीयरेंस मिल गया है और जल्द ही परीक्षण शुरू कर दिया जाएगा. आईसीएमआर (ICMR) के डीजी बलराम भार्गव (Balram Bhargav) ने कहा कि दो साइट्स पर 1000-1000 वॉलंटियर्स पर जल्द ये परीक्षण शुरू किया जाएगा. भार्गव ने कहा कि वैक्सीन बना रहे दो स्वदेशी उम्मीदवारों ने अपनी साइट्स तैयार कर ली हैं और वे लगभग 1000 मानव स्वयंसेवकों (Human Volunteers) पर विभिन्न जगहों पर क्लीनिकल स्टडी कर रहे हैं.

भार्गव ने बताया कि रूस (Russia) ने एक टीका बनाया है जो अपने शुरुआती चरणों में सफल रहा है. उन्होंने इसके विकास को तेज किया है. चीन (China) ने अपने टीका कार्यक्रम को तेज कर दिया है और चीन ने उस टीके के साथ अपना अध्ययन भी तेज कर दिया है. आईसीएमआर के डीजी ने आगे कहा कि जैसा कि आज आपने पढ़ा होगा अमेरिका (America) ने अपने वैक्सीन के उम्मीदवारों में से दो का काम तेज कर दिया है. ब्रिटेन (Britain) भी इस काम में तेजी लाने के लिए देख रहा है कि ऑक्सफ़ोर्ड वैक्सीन उम्मीदवार को कैसे फास्ट कर सकता है, यह कैसे मानव उपयोग के लिए इसे फास्टट्रैक कर सकता है.

भारत में प्रति 10 लाख जनसंख्या पर 657 मामले
वहीं देश में कोरोना वायरस के मामलों पर बात करते हुए स्वास्थ्य मंत्रालय के ओएसडी राजेश भूषण ने कहा कि भारत में प्रति 10 लाख जनसंख्या पर कोरोना मामलों की संख्या 657 हैं. हम दुनिया के उन देशों में से हैं जिनमें प्रति 10 लाख जनसंख्या पर COVID के मामले सबसे कम हैं. उन्होंने कहा कि भारत में प्रति 10 लाख जनसंख्या पर कोरोना के कारण होने वाली मौतों की संख्या 17.2 है जबकि दूसरे देशों में यह भारत से 35 गुणा है.
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भूषण ने बताया कि मार्च में प्रतिदिन मामलों के बढ़ने की गति लगभग 31% थी, मई में वो 9% हो गई, मई के अंत तक वो लगभग 5% हो गई. अगर हम 12 जुलाई के आंकड़े देखें तो यह 3.24% है.

10 राज्यों तक सीमित हैं 86 प्रतिशत केस
कोरोना मामलों के वर्गीकरण को लेकर बात करते हुए भूषण ने कहा कि कुल मामलों में से 86% मामले सिर्फ 10 राज्यों तक ही सीमित हैं. इनमें से 2 राज्य- महाराष्ट्र और तमिलनाडु में 50% मामले हैं और 8 अन्य राज्यों में 36% मामले हैं. वहीं रिकवरी रेट को लेकर स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से बताया गया कि मई में रिकवरी रेट लगभग 26% था, मई के अंत तक यह लगभग 48% हो गया, जुलाई आने तक यह लगभग 63% हो गया है.

देश में हो रही कोविड-19 की जांच के संदर्भ में भूषण ने कहा कि WHO के अनुसार अगर हम प्रति 10 लाख जनसंख्या पर 140 लोगों का टेस्ट प्रति दिन करते हैं तो यह कॉम्प्रिहेंसिव टेस्टिंग है, भारत में 22 राज्य ऐसे हैं जिनमें प्रतिदिन 10 लाख जनसंख्या पर 140 से अधिक लोगों का टेस्ट किया जा रहा है
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