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चक्रवात यास पर मौसम विभाग ने दी बड़ी चेतावनी, 19 ट्रेनें कैंसिल, नौसेना अलर्ट

आईएमडी ने कहा, “26 मई की शाम के आसपास इसके पश्चिम बंगाल और उससे सटे उत्तरी ओडिशा और बांग्लादेश के तटों को पार करने की बहुत संभावना है.” फाइल फोटो

Cyclone Yaas May Intensify 26 may in India: दक्षिण रेलवे ने 19 ट्रेनों का परिचालन कैंसिल कर दिया है, जबकि भारतीय नौसेना के जहाजों और एयरक्राफ्ट को राहत और बचाव कार्य करने के लिए तैयार रहने को कहा गया है.

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    नई दिल्ली. भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने शनिवार को कहा कि चक्रवात यास के 'बहुत गंभीर चक्रवाती तूफान' में बदलने और 26 मई को ओडिशा और पश्चिम बंगाल के तटों को पार करने की आशंका है. इस बीच दक्षिण रेलवे ने 19 ट्रेनों का परिचालन कैंसिल कर दिया है, जबकि भारतीय नौसेना के जहाजों और एयरक्राफ्ट को राहत और बचाव कार्य करने के लिए तैयार रहने को कहा गया है. आईएमडी के मुताबिक शनिवार को पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी और उससे सटे उत्तरी अंडमान सागर के ऊपर एक निम्न दबाव वाला क्षेत्र बना. एक कम दबाव का क्षेत्र चक्रवात के गठन का पहला चरण होता है, यह आवश्यक नहीं है कि सभी निम्न दबाव वाले क्षेत्र चक्रवाती तूफान में तब्दील होते हैं.

    आईएमडी ने कहा, 'एक निम्न दबाव के क्षेत्र के कल, 23 मई की सुबह तक बंगाल की खाड़ी के पूर्व-मध्य क्षेत्र पर विक्षोभ में केंद्रित होने की आशंका है. इसके उत्तर-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है, जो 24 मई तक एक चक्रवाती तूफान में तब्दील हो सकता है और अगले 24 घंटों में बहुत गंभीर चक्रवाती तूफान का रूप ले सकता है.' मौसम विभाग ने कहा कि यह उत्तर-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ता रहेगा और आगे गंभीर रूप लेगा और 26 मई की सुबह तक पश्चिम बंगाल के पास बंगाल की उत्तरी खाड़ी और उससे सटे उत्तरी ओडिशा और बांग्लादेश के तटों तक पहुंच जाएगा.

    आईएमडी ने कहा, “26 मई की शाम के आसपास इसके पश्चिम बंगाल और उससे सटे उत्तरी ओडिशा और बांग्लादेश के तटों को पार करने की बहुत संभावना है.” गौरतलब है कि पिछले हफ्ते, अत्यंत भीषण चक्रवात ताउते गुजरात तट से टकराया और पूरे पश्चिमी तट पर तबाही के निशान छोड़ गया. यह आगे चलकर कमजोर पड़ गया. इसका प्रभाव उत्तर भारत के मैदानी इलाकों और यहां तक कि पहाड़ी राज्यों उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में भी महसूस किया गया.

    अप्रैल-मई और अक्टूबर-दिसंबर की अवधि में प्राय: चक्रवात आते हैं. पिछले साल मई में दो चक्रवात-अम्फान और निसर्ग भारतीय तटों से टकराये थे.
    Published by:Nandlal sharma
    First published: