'डिग्री के लिए सेक्स' केस: तमिलनाडु के राज्यपाल बोले- लेक्चरर को देखा तक नहीं

मामला तमिलनाडु के अरुप्पूकोट्टई के देवांग आर्ट कॉलेज का है जो सरकारी विश्वविद्यालय से मान्यता प्राप्त है. महिला लेक्चरर पर आरोप है कि उन्होंने छात्रों को ज्यादा नंबर और पैसे की एवज में 'कुछ अधिकारियों के साथ एडजस्ट करने की सलाह दी' थी

भाषा
Updated: April 17, 2018, 11:53 PM IST
'डिग्री के लिए सेक्स' केस: तमिलनाडु के राज्यपाल बोले- लेक्चरर को देखा तक नहीं
बनवारीलाल पुरोहित (फोटो-पीटीआई)
भाषा
Updated: April 17, 2018, 11:53 PM IST
तमिलनाडु के राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित ने उस महिला लेक्चरर के साथ अपने किसी भी तरह के संबंध से इनकार किया है. इस महिला लेक्चरर पर आरोप है कि उन्होंने अपनी छात्राओं को ज्यादा नंबर और पैसों के लिए 'अधिकारियों के साथ एडजस्ट' करने की सलाह दी थी. पुलिस ने इस संबंध में केस दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है.

देवांग आर्ट्स कॉलेज की लेक्चरर निर्मला देवी ने दावा किया था कि वह राज्यपाल की करीबी है. राज्यपाल पुरोहित इस यूनिवर्सिटी के चांसलर भी हैं. हालांकि राज्यपाल ने उस महिले के साथ किसी जान पहचान की बात ही पूरी तरह खारिज कर दी. उन्होंने कहा कि उन्होंने आजतक आरोपी लेक्चरर का चेहरा भी नहीं देखा.

हालांकि वायरल हुई ऑडियो क्लिप में लेक्चरर निर्मला देवी को ये कहते सुना जा सकता है कि 'कई मामले होते रहते हैं, राज्यपाल कोई दादा नहीं हैं. तुम जानते हो न कि मैं उनके कितने करीब हूं. मैं और ज्यादा उदार हो सकती हूं, लेकिन बाहर के लोगों को यह पता नहीं चलना चाहिए. अगर मैं आपको बताऊं वह कौन हैं, तो आप मुझे तुरंत जवाब देंगे. वे उस हद तक प्राइवेसी औक सिक्रेसी बनाकर रखेंगे.'


वहीं इस मामले पर राज्यपाल ने कहा, 'दोषी को कड़ी सजा मिलेगी. हमने जांच के लिए वन-मैन कमेटी बनाई है और दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. कुलपति के कार्यालय की ओर से कुछ गलतियां हुई हैं, जिसकी जांच की जा रही है.

हालांकि राज्यपाल ने इस मामले की सीबीआई से जांच कराने को खारिज कर दिया है. उन्होंने कहा 'राज्य सरकार विश्वविद्यालय के मामलों में हस्तक्षेप नहीं कर सकती. जांच कमेटी द्वारा रिपोर्ट मिलने के बाद हम देखेंगे कि इस मामले की सीबीआई जांच कराई जाए या नहीं.'

गौरतलब है कि मदुरै कामराज विश्वविद्यालय के कुलाधिपति होने के नाते राज्यपाल पुरोहित ने सोमवार को सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी आर. सांतनम के नेतृत्व में उच्च स्तरीय जांच कराने की घोषणा की थी. जिसके बाद कॉलेज और महिलाओं के एक स्थानीय संगठन की ओर से शिकायत दर्ज कराए जाने के कुछ घंटों बाद पुलिस ने सोमवार शाम विरुद्धनगर जिले में महिला लेक्चरर को उनके घर से गिरफ्तार कर लिया.

द्रमुक पार्टी ने राज्यपाल के फैसले का किया विरोध
राज्यपाल के जांच के आदेश देने पर विपक्षी पार्टी डीएमके ने राज्यपाल पर जमकर निशाना साधा. राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित के आदेश की निंदा करते हुए द्रमुक के कार्यवाहक अध्यक्ष एम.के. स्टालिन ने कहा कि किसी विश्वविद्यालय का कुलपति ही सिर्फ मान्यताप्राप्त कॉलेजों के कर्मचारियों और छात्रों के मुद्दे को संबोधित कर सकता है. इसलिए, सिर्फ कुलपति को इस मामले पर कार्रवाई करनी चाहिए थी. कोई यह नहीं समझ पा रहा कि विश्वविद्यालय का कुलाधिपति इस संबंध में कार्रवाई की पहल कैसे कर सकता है. जबकि इस मामले में सीबीआई जांच कराई जानी चाहिए जिससे सच्चाई सामने आ सकती है.

क्या है मामला
बता दें कि यह मामला तमिलनाडु के अरुप्पूकोट्टई के देवांग आर्ट कॉलेज का है जो सरकारी मदुरै कामराज विश्वविद्यालय (एमकेयू) से मान्यता प्राप्त है. महिला लेक्चरर पर आरोप है कि उन्होंने छात्रों को ज्यादा नंबर और पैसे की एवज में 'कुछ अधिकारियों के साथ एडजस्ट करने की सलाह दी' थी. लेक्चरर की इस कथित सलाह को अधिकारियों के हमबिस्तर होने के इशारे के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि वह इन आरोपों से इनकार कर रही हैं.

ये भी पढ़ेंः

छात्राओं को लेक्चरर की सलाह- अच्छे नंबर के लिए अधिकारियों के साथ करें 'एडजस्ट'

सरकारी स्कूलों के 500 स्टूडेंट्स को निशुल्क कोंचिग कराएगा एलन
IBN Khabar, IBN7 और ETV News अब है News18 Hindi. सबसे सटीक और सबसे तेज़ Hindi News अपडेट्स. Nation News in Hindi यहां देखें.
पूरी ख़बर पढ़ें
अगली ख़बर