Assembly Banner 2021

TMC की शिकायत पर EC का आदेश- 72 घंटे में बंगाल में पेट्रोल पंपों से हटाएं PM मोदी की फोटो

टीएमसी ने  पेट्रोल पंपों पर लगी केन्द्र सरकार की योजनाओं के विज्ञापन वाली होर्डिंग्स को हटाने के लिए चुनाव आयोग से हस्तक्षेप करने की मांग की थी (फाइल फोटो)

टीएमसी ने पेट्रोल पंपों पर लगी केन्द्र सरकार की योजनाओं के विज्ञापन वाली होर्डिंग्स को हटाने के लिए चुनाव आयोग से हस्तक्षेप करने की मांग की थी (फाइल फोटो)

West Bengal Assembly Elections: न्यूज एजेंसी पीटीआई ने वरिष्ठ चुनाव अधिकारी के हवाले से लिखा कि पेट्रोल पंप पर प्रधानमंत्री की तस्वीर का इस्तेमाल कर केंद्र सरकार की योजनाओं का प्रचार करना आचार संहिता का उल्लंघन है.

  • Share this:
कोलकाता. पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनावों (West Bengal Assembly Elections) से पहले चुनाव आयोग ने पेट्रोल पंपों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) की तस्वीर हटाने का आदेश दिया है. आयोग ने आदेश राज्य की सत्तारूढ़ पार्टी तृणमूल कांग्रेस (Trinamool Congress) की शिकायत पर दिया है. टीएमसी ने चुनावी अचार संहिता उल्लंघन का हवाला देते हुए चुनाव आयोग के पास इसकी शिकायत की थी. पश्चिम बंगाल में 26 फरवरी को चुनावी कार्यक्रम की घोषणा के बाद ही आचार संहिता लागू हो गई थी. चुनाव आयोग ने 72 घंटे के भीतर राज्य के सभी पेट्रोल पंपों से प्रधानमंत्री की फोटो हटाने के निर्देश दिए हैं.

बता दें पश्चिम बंगाल के साथ-साथ तमिलनाडु, केरल असम और पुडुचेरी में भी अप्रैल और मई के बीच चुनाव होने वाले हैं. न्यूज एजेंसी पीटीआई ने वरिष्ठ चुनाव अधिकारी के हवाले से लिखा कि पेट्रोल पंप पर प्रधानमंत्री की तस्वीर का इस्तेमाल कर केंद्र सरकार की योजनाओं का प्रचार करना आचार संहिता का उल्लंघन है. आयोग के आदेश से पहले बुधवार को ही तृणमूल कांग्रेस नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने कोलकाता में चुनाव आयोग के अधिकारियों से मुलाकात की थी और आरोप लगाया कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा वितरित कोविड टीकाकरण प्रमाणपत्रों और विभिन्न केन्द्रीय योजनाओं के विज्ञापनों पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की तस्वीर का इस्तेमाल आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है.

Youtube Video




ये भी पढ़ें- OMG!ऑटो चालक को आयकर विभाग ने भेजा 4.89 करोड़ का नोटिस, जानें पूरा मामला
TMC ने इसे बताया सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग
राज्य के मंत्री फरहाद हाकिम ने चुनाव आयोग के अधिकारियों से बैठक के बाद कहा कि तृणमूल कांग्रेस ने इसे ‘‘सरकारी मशीनरी का जबरदस्त दुरुपयोग’’ बताया है और पेट्रोल पंपों पर लगी केन्द्र सरकार की योजनाओं के विज्ञापन वाली होर्डिंग्स को हटाने के लिए चुनाव आयोग से हस्तक्षेप करने की मांग की है.

उन्होंने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इस विधानसभा चुनाव में भाजपा के स्टार प्रचारक रहने वाले है. एक राजनेता के रूप में, वह रैलियों के दौरान अपनी पार्टी के लिए समर्थन मांग रहे हैं. इस स्थिति में, टीकाकरण प्रमाणपत्रों में उनकी तस्वीर का इस्तेमाल मतदाताओं को प्रभावित करने और आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन करने जैसा है.’’

हाकिम ने कहा, ‘‘हमने पेट्रोल पंपों पर केंद्रीय योजनाओं के विज्ञापन वाली होर्डिंग्स में उनकी (मोदी) तस्वीर हटाने के लिए चुनाव आयोग के हस्तक्षेप की मांग की है.’’ उन्होंने मंगलवार को ट्विटर पर कहा था, ‘‘चुनावों की घोषणा हो चुकी है. प्रधानमंत्री की तस्वीर कोविड-19 दस्तावेजों पर अभी भी दिखाई दे रही है. तृणमूल कांग्रेस चुनाव आयोग के समक्ष इसे मजबूती के साथ उठा रही है.’’

ये भी पढ़ें- उपेंद्र कुशवाहा का NDA में वापसी के कार्ड का खुलासा करने से इंकार, कही यह बात

भाजपा ने दिया ये जवाब
इन आरोपों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष ने इन्हें ‘‘आधारहीन’’ बताया और कहा कि चुनाव की तारीखों की घोषणा से पहले टीकाकरण अभियान शुरू हो गया था. घोष ने कहा, ‘‘यदि कोई सरकारी परियोजना चुनाव की घोषणा से पहले शुरू होती है, तो यह उसी रूप में जारी रह सकती है. पेट्रोल पंपों पर, होर्डिंग्स में केंद्र की कई कल्याणकारी परियोजनाओं का विज्ञापन किया गया हैं.’’ उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग इस मुद्दे को देखेगा.

गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में आठ चरणों में विधानसभा चुनाव होंगे जिसकी शुरूआत 27 मार्च से होगी. मतगणना दो मई को होगी.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज