उर्वरक घोटाला : कोर्ट ने आरजेडी सांसद अमरेन्द्र धारी सिंह को 10 दिनों की ED हिरासत में भेजा

आरोप है कि अमरिंदर धारी सिंह और उनके सहयोगियों ने इंडियन पोटाश लिमिटेड और इफको के बड़े अधिकारियों के साथ मिलकर विदेशों से आने वाली खाद को बड़े हुए मूल्यों पर खरीदा दिखाया

आरोप है कि अमरिंदर धारी सिंह और उनके सहयोगियों ने इंडियन पोटाश लिमिटेड और इफको के बड़े अधिकारियों के साथ मिलकर विदेशों से आने वाली खाद को बड़े हुए मूल्यों पर खरीदा दिखाया

सांसद और कारोबारी सिंह को धन शोधन रोकथाम (पीएमएलए) कानून की धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया. यह मामला इफ्को और इंडिया पोटाश लिमिटेड (आईपीएल) से संबंधित कथित उर्वरक घोटाले से जुड़ा है.

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नई दिल्ली. दिल्ली की एक अदालत ने कथित उर्वरक घोटाले के संबंध में धनशोधन मामले में गिरफ्तार राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के राज्यसभा सदस्य अमरेंद्र धारी सिंह को बृहस्पतिवार को 10 दिनों के लिए प्रवर्तन निदेशालय की हिरासत में भेज दिया. विशेष न्यायाधीश दिग विनय सिंह ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और आरोपी की तरफ से पेश वकीलों की दलीलें सुनने के बाद यह आदेश दिया.

वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए दलीलें पेश करने के दौरान ईडी के विशेष लोक अभियोजक अमित महाजन ने 14 दिनों की हिरासत का अनुरोध करते हुए कहा कि बड़ी साजिश को बेनकाब करने के लिए उनसे पूछताछ की जरूरत है. ईडी की तरफ से ही पेश विशेष लोक अभियोजक नितेश राणा ने अदालत से कहा कि आरोपी का मामले में विभिन्न दस्तावेजों और अन्य सबूतों से सामना कराने की जरूरत है.

धन शोधन रोकथाम कनानू की धाराओं के तहत गिरफ्तार

सांसद और कारोबारी सिंह को धन शोधन रोकथाम (पीएमएलए) कानून की धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया. यह मामला इफ्को और इंडिया पोटाश लिमिटेड (आईपीएल) से संबंधित कथित उर्वरक घोटाले से जुड़ा है जिसमें सीबीआई ने पिछले महीने भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया था. बताया जाता है कि सिंह मामले से संबंधित एक कंपनी ज्योति ट्रेडिंग कॉरपोरेशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष हैं.
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जांच एजेंसियों के सामने अब तक जो रिकॉर्ड आया है उसके मुताबिक अमरिंदर धारी सिंह और उनके सहयोगियों की कंपनियों के खातों समेत उनके अपने खातों में कमीशन खोरी के लगभग 685 करोड़  रुपए आए थे और कमीशन खोरी की इस रकम को अमेरिका में रहने वाले एन आर आई भारतीयों की कथित कंपनियों में ट्रांसफर किया गया.

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