अपना शहर चुनें

States

केरल गोल्ड स्मगलिंग केसः एम. शिवशंकर से अब कस्टम विभाग करेगा पूछताछ, जेल से ले गए ऑफिस

एम. शिवशंकर एर्नाकुलम की जिला जेल में थे, जहां से उन्हें कस्टम विभाग पूछताछ के लिए अपने दफ्तर ले गया. फोटो- ANI
एम. शिवशंकर एर्नाकुलम की जिला जेल में थे, जहां से उन्हें कस्टम विभाग पूछताछ के लिए अपने दफ्तर ले गया. फोटो- ANI

केरल में गोल्ड स्मगलिंग मामला (Kerala Gold Smuggling Case) 5 जुलाई को सुर्खियों में आया, जब डिप्लोमेटिक कंसाइनमेंट की तरह भेजा गया 30 किलो सोना पकड़ा गया.

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 25, 2020, 11:47 PM IST
  • Share this:
नई दिल्ली. केरल गोल्ड स्मगलिंग केस में मुख्यमंत्री पिनरायी विजयन के कार्यालय में पूर्व प्रधान सचिव रहे एम. शिवशंकर को कस्टम अधिकारियों ने अपनी कस्टडी में ले लिया है. एम. शिवशंकर एर्नाकुलम की जिला जेल में थे, जहां से उन्हें कस्टम अधिकारी पूछताछ के लिए अपने दफ्तर ले गए. एम. शिवशंकर को केरल गोल्ड स्मगलिंग केस ( Kerala Gold Smuggling Case) में गिरफ्तार किया गया है.

इससे पहले 12 नवंबर को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कोच्चि की स्पेशल कोर्ट को बताया था कि केरल के मुख्यमंत्री पिनरायी विजयन (Pinarayi Vijayan) के प्राइवेट सेक्रेटरी एम शिवशंकर और मुख्यमंत्री कार्यालय के कुछ अधिकारियों को गोल्ड स्मगलिंग के बारे में पता था. ये पहली बार था जब केंद्रीय जांच एजेंसी ने केरल गोल्ड स्मगलिंग मामले में मुख्यमंत्री कार्यालय का कनेक्शन जोड़ा.

रिपोर्ट्स के मुताबिक ईडी ने कहा कि स्मगलिंग केस की मुख्य आरोपी स्वप्ना सुरेश ने पूछताछ में जांच एजेंसी को ये जानकारी दी. मामले में ईडी ने मुख्यमंत्री के अतिरिक्त सचिव रवींद्रन को समन किया था, लेकिन कोरोना वायरस संक्रमित पाए जाने के कारण वे पेश नहीं हुए. जांच में शामिल अधिकारियों के मुताबिक एम शिवशंकर और सुरेश के बयान के आधार पर रवींद्रन को समन किया गया था. उत्तरी केरल के कन्नूर से पार्टी नेता रवींद्रन को पिनरायी विजयन का बेहद करीबी माना जाता है. रवींद्रन इससे पहले कई और मंत्रियों के साथ कर चुके हैं.



रिमांड स्टेटमेंट में ईडी ने कहा था कि लाइफ मिशन और केएफओएन जैसे कई सरकारी ड्रीम प्रोजेक्ट में मिलनी वाली रिश्वत के बारे में एम शिवशंकर को पता था. इसके अलावा शिवशंकर ने इन प्रोजेक्ट से जुड़ी कई अहम जानकारियां भी कंपनियों को लीक की.
पढ़ेंः केरल गोल्ड स्मगलिंग केस: निलंबित IAS शिवशंकर को ED ने कस्टडी में लिया

रिपोर्ट के मुताबिक, 'शिवशंकर ने कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्टस से जुड़ी गोपनीय सूचनाएं स्वप्ना सुरेश को लीक की. इन प्रोजेक्ट्स में कुछ प्राइवेट पार्टीज के साथ निश्चित तौर पर रिश्वत का आदान प्रदान हुआ है. ये कोई संयोग नहीं है कि शिवशंकर को गोल्ड स्मगलिंग से जुड़े सभी आरोपियों के बारे में पता है.'

पढ़ेंः केरल सोना तस्करी केस: विदेश राज्य मंत्री ने कहा- UAPA के तहत हो कार्रवाई

हालांकि शिवशंकर की गिरफ्तारी के बाद मुख्यमंत्री कार्यालय ने दूरी बना ली. गोल्ड स्मगलिंग मामले की जांच के दौरान ईडी को कई अन्य प्रोजेक्ट्स में भी अनियमितताएं मिली हैं. मामले में केरल की विपक्षी पार्टियों ने जहां मुख्यमंत्री का इस्तीफा का मांगा है, वहीं सीपीआई(एम) का कहना है कि ये राज्य सरकार को अस्थिर करने की चाल है.

केरल में गोल्ड स्मगलिंग मामला 5 जुलाई को सुर्खियों में आया, जब डिप्लोमेटिक कंसाइनमेंट की तरह भेजा गया 30 किलो सोना पकड़ा गया. राष्ट्रीय जांच एजेंसी की अगुवाई में केंद्रीय जांच एजेंसियों की टीम इस पूरे मामले की जांच कर रही है और अभी तक कुल दो दर्जन से ज्यादा लोगों की गिरफ्तारी हुई है.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज