अहमदाबाद: दफ्तर में साथी डॉक्टर से शरारत ने बढ़ाई मुश्किल, कुर्सी खींचते हुए गिरी महिला, रीढ़ की हड्डी में चोट

महिला स्वास्थ्य अधिकारी ने नारोल थाने में शिकायत दर्ज कराई है.

Gujarat News: इलाज के लिए आरोपी डॉक्टर से खर्चा न मिलने पर महिला ने आखिरकार शिकायत दर्ज कराई और अब पुलिस ने जांच शुरू कर दी है.

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    अहमदाबाद. कार्यालय के कर्मचारी आमतौर पर एक-दूसरे के साथ मजाक करते हैं, लेकिन कभी-कभी किसी का मजाक बनाना मुश्किल होता है और ऐसा ही एक मामला अहमदाबाद के नारोल थाने में सामने आया है जिसमें एक सरकारी कार्यालय में काम करने वाली एक महिला कुर्सी पर बैठने गई तब मजाक करते सहकर्मी डॉक्टर ने कुर्सी खींच ली, जिससे जमीन पर जोर से गिरने पर उसकी पीठ के निचले हिस्से में गंभीर चोटें आईं. आरोपी डॉक्टर ने समाधान की बात करके इलाज का खर्च देने की बात कही थी, लेकिन खर्चा न मिलने पर महिला ने आखिरकार शिकायत दर्ज कराई और अब पुलिस ने जांच शुरू कर दी है.

    अहमदाबाद शहर के इसनपुर इलाके की एक 31 वर्षीय महिला तीन साल से दसकोई तालुका स्वास्थ्य कार्यालय में चिकित्सा अधिकारी के रूप में कार्यरत है. गत वर्ष 2020 की दोपहर में वह दसकोई तालुका स्वास्थ्य कार्यालय नारोल में उपस्थित थी. कार्यालय में अन्य चिकित्सक भी मौजूद थे. उस समय महिला डॉक्टर कुर्सी पर बैठने जा रही थी कि तभी उनके साथ काम कर रहे डॉ. भावेश लिंबाचिया ने कुर्सी खींच ली और वह जोर से नीचे गिर पड़ीं. इसलिए उन्हें पीठ में दर्द शुरू हुआ था और वे खड़ी नहीं हो पा रही थीं. इतनी गम्भीर हरकत को नज़रअंदाज करते हुए डॉक्टर भावेश ने महिला से कहा, 'बेन, मैं मज़ाक करने गया और मज़ाक में कुर्सी खींच ली और बस हो गया.'

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    बाद में महिला कमर दर्द से परेशान होकर अपने घर पहुंची और इसे दूसरे डॉक्टर को दिखाया. फिर भी दर्द कम नहीं हुआ. दर्द दो महीने से अधिक समय तक दूर नहीं हुआ. इसके बाद उन्होंने नवरंगपुरा के एक डायग्नोस्टिक सेंटर में एमआरआई कराया और पाया गया कि उनकी रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर है. बाद में वह इलाज के लिए मणिनगर के एक ओथोपेर्डिक अस्पताल में गई. बाद में वह इसे दिखाने के लिए मेमनगर के एक अन्य डॉक्टर के पास गईं कि उसके स्वास्थ्य में सुधार नहीं हो रहा है.

    वहीं, डॉ. भावेश ने कहा था कि मजाक में उन्होंने इतना अपमानजनक व्यवहार किया है और वह अपनी शर्तों पर इलाज के पैसे देने को तैयार हैं. भावेश ने समझौता करने की बात भी कही थी और इसीलिए महिला ने तब इस संबंध में शिकायत दर्ज नहीं कराई थी. बाद में भावेशभाई लिंबाचिया को यह बात मंजूर नहीं थी, जिसके बाद महिला ने नारोल थाने में शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने आईपीसी 338 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.