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    गुजरात विधानसभा उपचुनाव: BJP विधायक ने दी इस्तीफे की धमकी, अपनी ही पार्टी के सांसद पर लगाया बड़ा आरोप

    बीजेपी विधायक गोविंद परमार और सांसद मितेश पटेल की फाइल फोटो
    बीजेपी विधायक गोविंद परमार और सांसद मितेश पटेल की फाइल फोटो

    अमूल डेयरी (Amul Dairy) के चुनाव में मिली शिकस्त के लिए भारतीय जनता पार्टी के विधायक ने पार्टी के ही सांसद को दोषी ठहराया है.

    • News18Hindi
    • Last Updated: October 19, 2020, 1:07 PM IST
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    गांधीनगर. गुजरात में अमूल डेयरी (Amul Dairy) के चुनाव में मिली शिकस्त के लिए भारतीय जनता पार्टी के विधायक ने पार्टी के ही सांसद को दोषी ठहराया है. उपचुनावों से पहले विधायक-सांसद के बीच ठन गई है. विधायक ने इस्तीफा देने तक की धमकी दे दी है. इस पूरे मामले के बाद गुजरात (Gujarat) प्रदेश इकाई में हड़कंप मच गया है. बता दें उमरेठ (Umreth) के बीजेपी विधायक गोविंद परमार (Govind Parmar) इन दिनों नाराज चल रहे हैं. परमार ने विधायक पद से इस्तीफा देने को कहा है. दरअसल स्थानीय राजनीति और उसमें भी हाल ही में हुए अमूल डेयरी के चुनाव ने बीजेपी के अंदर बवाल खड़ा कर दिया है.

    उमरेठ के विधायक गोविंद परमार ने जिले के बीजेपी सांसद मितेश पटेल (Mitesh Patel) के खिलाफ मोर्चा खोला दिया है. परमार ने अपनी नाराजगी जाहिर करते अमूल में हार के लिए सांसद मितेश पटेल को जिम्मेदार ठहरा दिया. परमार ने आरोप लगाया कि सांसद मितेश पटेल जातिवाद फैला रहे हैं. अमूल के चुनाव में पटेल जाति के 20 वोट थे, जबकी हमारे 86 वोट थे. जातिवादी राजनीति खेल कर मुझे हराया गया. इतना ही नही सरकार द्वारा 3 सदस्यों की नियुक्ति होती है उसमें भी मुझे नही रखा गया.

    क्या कहा विधायक परमार ने?
    गोविंद परमार ने कहा, 'जिला स्तरीय राजनीति में भी पटेल की ही तूती बोलती है. हमें नजरअंदाज किया जाता रहा है.' इससे परमार आहत होने की बात कह रहे है. विधायक गोविंद परमार ने कहा, 'सांसद महोदय भूल गए है कि उनकी जीत हमारे भी वोटों से हुई थी.' परमार के इन आरोपों पर सांसद मितेश पटेल का कहना है, 'गोविंद भाई उनसे वरिष्ठ हैं और उनके बीच कोई नाराजगी नहीं है. जहां तक जीत का सवाल है मुझे सभी समुदायों ने वोट देकर सांसद बनाया है.'
    सांसद-विधायक के बीच की शाब्दिक लड़ाई और विधायक के इस्तीफे की धमकी का असर गांधीनगर तक देखने को मिला. पार्टी की ओर से विधायक गोविंद परमार को समझाने के लिए सीनियर नेताओं को जिम्मेवारी दी गयी. वहीं जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री विजय रूपानी से भी विधायक गोविंद परमार मिलने वाले हैं. परमार ने कहा कि उनकी बात अगर नहीं सुनी जाती तो वह इस्तीफ़ा दे देंगे.



    8 सीटों पर उपचुनाव के बीच विवाद
    गुजरात में 8 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव चल रहे हैं, इस बीच विधायक-सांसद के बीच आपसी टकराव की खबर ने संगठन तक को हिला दिया है. परमार और पटेल के बीच सुलह-समाधान का कोई रास्ता ढूंढने की कोशिशें की जा रही है.

    चूंकि चुनाव के बीच इस्तीफे से एक गलत संदेश जाएगा साथ ही उपचुनावों में एक-एक सीट जीतकर जहां सरकार विधानसभा में खुद को मजबूत करने मे लगी है वहीं एक और इस्तीफ़ा सरकार की मुश्किलें बढ़ा सकता है. जो सरकार और संगठन किसी भी स्थिति में नहीं चाहेगा. हालांकि पार्टी के सूत्र परमार की धमकी को महज छोटी नाराजगी बता रहे है और दावा कर रहे हैं कि जल्द सब ठीक हो जाएगा.
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