लाइव टीवी

कांग्रेस नेता हार्दिक पटेल पर देशद्रोह का मामला दर्ज, गैर जमानती वारंट जारी

News18Hindi
Updated: February 10, 2020, 4:58 PM IST
कांग्रेस नेता हार्दिक पटेल पर देशद्रोह का मामला दर्ज, गैर जमानती वारंट जारी
हार्दिक पटेल पार्टी में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी चाहते हैं. फाइल फोटो

हार्दिक की पत्नी किंजल पटेल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा है कि 18 जनवरी से उनके पति हार्दिक पटेल गायब हैं.

  • News18Hindi
  • Last Updated: February 10, 2020, 4:58 PM IST
  • Share this:
नई दिल्ली. कांग्रेस नेता हार्दिक पटेल (Congress Leader Hardik Patel) पर देशद्रोह का मामला दर्ज किया गया है. हार्दिक की पत्नी किंजल पटेल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा है कि 18 जनवरी से उनके पति हार्दिक पटेल गायब हैं. हार्दिक पटेल के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया गया है.

किंजल ने जानकारी दी कि पुलिस भी उनके पति की तलाश कर रही है तो वहीं घर वालों से भी उन्होंने कोई संपर्क नहीं किया है. उनकी ओर से यह भी कहा गया है कि हार्दिक को परेशान करने की कोशिश की जा रही है.

कोर्ट ने जारी किया था गैर जमानती वारंट
वहीं अब यह बात भी सामने आई है कि जब-जब कोर्ट में तारीख होती थी तो हार्दिक व्यस्तता का बहाना बनाकर कोर्ट में पेश नहीं होते थे. ऐसे में कोर्ट ने ही हार्दिक के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है. जिसके बाद उनके कुछ पुराने मामले थे जिनमें पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार किया था. लेकिन 18 जनवरी के बाद जब उन्हें गिरफ्तार किया गया तबसे हार्दिक घर नहीं लौटे.



हार्दिक की पत्नी का कहना है कि उन्हें कोई जानकारी नहीं है कि हार्दिक को पुलिस ने पकड़ा है या फिर वह कहीं और हैं. किंजल ने हार्दिक की सुरक्षा को लेकर भी चिंता जाहिर की है.



कोर्ट ने दोबारा जारी किया वारंट
कोर्ट ने अब हार्दिक के खिलाफ एक बार फिर से गैर जमानती वारंट जारी किया है. इससे पहले जब हार्दिक को जमानत दी गई थी तो उनसे कहा गया था कि उन्हें हर तारीख पर अदालत में पेश होना होगा लेकिन इसके बाद भी हार्दिक अदालत नहीं पहुंचे जिसके बाद अदालत ने उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है. ऐसे में पुलिस भी हार्दिक की तलाश कर रही है लेकिन उनका कोई भी सुराग नहीं मिल रहा है. परिवार का भी दावा है कि हार्दिक के आखिरी बार गिरफ्तार होने के बाद उनसे जुड़ी कोई जानकारी नहीं मिली है.



पटेल कुल 20 से अधिक मामलों का सामना कर रहे हैं, जिसमें दो मामले देशद्रोह से संबंधित हैं. ये सभी मामले 2015 में उनके द्वारा पाटीदार आरक्षण आंदोलन का नेतृत्व किये जाने के बाद समूचे राज्य में दर्ज किए गए.

ये भी पढ़ें-
क्या आरक्षण के मुद्दे पर फिर फंसने वाली है बीजेपी

शाहीन बाग : मासूम की मौत का संज्ञान ले SC ने केंद्र-दिल्ली सरकार से मांगा जवाब

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए देश से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: February 10, 2020, 4:31 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
corona virus btn
corona virus btn
Loading