सीमा विवाद: पैंगोंग झील के पास ग्रीन टॉप पर अटकी बात, सैनिक हटाने को तैयार नहीं चीन

सीमा विवाद: पैंगोंग झील के पास ग्रीन टॉप पर अटकी बात, सैनिक हटाने को तैयार नहीं चीन
India China Faceoff: चीन ने डिसएंगेजमेंट प्रॉसेस के दौरान पैंगोंग झील के पास ग्रीन टॉप (Green Top) से अपने सैनिक हटाने से इनकार कर दिया है.

India China Faceoff: चीन ने डिसएंगेजमेंट प्रॉसेस के दौरान पैंगोंग झील के पास ग्रीन टॉप (Green Top) से अपने सैनिक हटाने से इनकार कर दिया है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: August 4, 2020, 12:55 PM IST
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प्रवीण स्वामी


नई दिल्ली. भारत चीन सीमा विवाद (India China Face Off) के बीच अब खबर है कि पड़ोसी देश ने डिसएंगेजमेंट प्रॉसेस के दौरान पैंगोंग झील (Pangong Lake) के पास ग्रीन टॉप (Green Top) से अपने सैनिक हटाने से इनकार कर दिया है. पीपुल्स लिबरेशन आर्मी की ओर से रविवार को मोल्दो स्थित चीनी बेस पर आयोजित वार्ता के दौरान यह बात सामने आई. सरकारी सूत्रों ने News18 को बताया कि लद्दाख में LAC पर जारी डिसएंगेजमेंट प्रॉसेस के केंद्र में स्थित पैंगोंग झील से चीन ने अपने सैनिक हटाने से मना कर दिया है. पैंगोंग के उत्तरी किनारे से निकली एक चोटी पर झाड़ी से ढका पठार है. यह इलाका उन जगहों में से एक है जहां पीएलए और भारतीय सेना की उच्च-स्तरीय वार्ता के पांच दौर के बावजूद यहां गतिरोध हल नहीं हो पाया है.

वहीं भारत को उम्मीद है कि विदेश मंत्रालय और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल दोनों के राजनयिक प्रयासों से ग्रीन टॉप, गोगरा के पास पेट्रोल प्वाइंट 17 ए और डिपोंग मैदान के पास पेट्रोल प्वाइंट 13 पर विवादों को सुलझाने में मदद मिल सकती है.
बीते हफ्ते चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता वांग वेनबिन ने कहा था, 'मोर्चे पर तैनात अधिकांश जगहों से डिसएंगेजमेंट प्रॉसेस पूरी कर ली गई है और जमीनी हालात ठीक हो रहे हैं. उन्होंने बाकी जगहों पर जारी गतिरोध को स्वीकार किया था.



चीन के रवैये से बढ़ रहा संशय?
वहीं अधिकारियों का कहना है कि पीएलए द्वारा अप्रैल में किये गये कब्जे वाले क्षेत्रों से चीन के पीछे हटने की इच्छा को लेकर सरकार के भीतर संशय बढ़ रहा है. एक वरिष्ठ खुफिया अधिकारी ने कहा, 'बातचीत ने तात्कालिक सफलता हासिल कर ली है कि कम से कम हिंसा ना हो. वास्तिवकता यह है कि चीन अभी भी उस क्षेत्र पर कब्जा कर रहा है जहां वह अप्रैल में आया था यह निश्चित रूप से इससे उनके प्रति विश्वास और कम हो रहा है.'

सरकारी सूत्रों ने कहा कि पीएलए के कमांडर्स ग्रीन टॉप पर कब्जा करना चाहते हैं क्योंकि इससे धन सिंह पोस्ट पर साफ-साफ देखा जा सकता है जो पैंगोंग झील के आसपास भारतीय टुकड़ी के मूवमेंट्स के लिए अहम जगह है. ग्रीन टॉप से पीएलए भारतीय सेना की पेट्रोलिंग पर निगाह रख सकती है. बातचीत में पीएलए ने दावा किया है कि भारत द्वारा इलाके में किये गये निर्माण के बदले ग्रीन टॉप पर उसका दावा सही है.

एक अधिकारी ने कहा, 'चीन का तर्क है कि भारत ने पैंगोंग क्षेत्र में यथास्थिति का उल्लंघन किया है.' अधिकारी ने कहा कि चीन के इस दावे का कोई आधार नहीं है क्योंकि भारत द्वारा किए गए सभी काम स्पष्ट रूप से एलएसी से हमारी सीमा के भीतर किए गए हैं.
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