LAC पर तापमान शून्‍य से नीचे, कड़ाके की ठंड के बीच PLA के सामने डटकर खड़े हैं जांबाज जवान

एलएसी पर PLA के सामने डटकर खड़े हैं भारतीय जवान.
एलएसी पर PLA के सामने डटकर खड़े हैं भारतीय जवान.

Indian Troops hold positions LAC in Ladakh: टॉप स्‍तर के सेना के एक कमांडर ने कहा, 'भारत और चीन के बीच अभी भी सैन्‍य कमांडर स्‍तर की बातचीत जारी है. जिससे पता चलता है कि फ्रिक्‍शन प्‍वाइंट्स पर गश्‍त करने वाले क्षेत्रों से सैनिकों को हटाने का फैसला केवल अटकलें हैं.

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 14, 2020, 6:57 PM IST
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नई दिल्‍ली. जम्मू-कश्मीर और लद्दाख (Jammu Kashmir and Ladakh) के ऊंचाई वाले इलाकों में शनिवार को ताजा हिमपात हुआ जिसकी वजह से श्रीनगर-लेह राजमार्ग को बंद करना पड़ा जबकि निचले इलाकों में बारिश हुई. वहीं दौलत बेग ओल्‍डी (डीओबी) सेक्‍टर में शुक्रवार रात बर्फबारी हुई और पूर्वी लद्दाख में 1,597 किलोमीटर लंबी वास्‍तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर तापमान शून्‍य डिग्री से नीचे चला गया. इस हालात में भी भारतीय सेना के जवान सभी फ्रिक्‍शन एरिया में अपनी स्थिति से एक इंच भी हटे नहीं हैं. इस साल मई महीने से ही भारतीय सेना के जवान पीपुल्‍स लिबरेशन आर्मी (PLA) के सामने डटकर खड़े हैं.

हिंदुस्‍तान टाइम्‍स की एक रिपोर्ट के अनुसार, कड़ाके की ठंड में भी जमीन पर सेना की स्थिति या भारतीय कवच में कोई बदलाव नहीं हुआ है. कुछ रिपोर्टों में ऐसा अनुमान लगाया गया है कि भारत और चीन दोनों ने फ्रिक्‍शन प्‍वाइंट्स पर गश्‍त करने वाले क्षेत्रों से सैनिकों को हटाने का फैसला किया है. मौसम के कहर को देखते हुए भारतीय सैनिकों को स्‍नो टेंट और इग्‍लू में रखा गया है. जोकि एलएसी के पार कंटेनर में रहते हैं. भारतीय सेना पूरी तरह से विशेष बलों के साथ एलएसी पर तैनात होने के साथ ही सीमा सड़क संगठन ने सभी उच्च पर्वतीय दर्रों ''मार्सिमिका ला (हॉट स्प्रिंग्स के पास 18314 फीट), चांग ला (पंगु त्सो के लिए सड़क पर 17585 फीट) और खारदुंग ला (17582 फीट, सड़क पर डीबीओ)'' पूरी सर्दियों में सेना की आवाजाही के लिए खुला है.

टॉप स्‍तर के सेना के एक कमांडर ने कहा, 'भारत और चीन के बीच अभी भी सैन्‍य कमांडर स्‍तर की बातचीत जारी है. जिससे पता चलता है कि फ्रिक्‍शन प्‍वाइंट्स पर गश्‍त करने वाले क्षेत्रों से सैनिकों को हटाने का फैसला केवल अटकलें हैं. भारतीय सैनिकों की स्थिति में कोई बदलाव नहीं किया गया है और जवान पीएलए एवं खराब मौसम से उत्‍पन्‍न चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार हैं. एक पूर्व सेना प्रमुख और एक शीर्ष स्‍तर के राजनयिक ने कहा कि LAC पर सफलता आसानी से हासिल नहीं होगी. क्योंकि दोनों पक्ष एक दूसरे की क्षमता और मौसम के खिलाफ खड़े होने की दक्षता का परीक्षण कर रहे हैं. यह एक बहुत ही चौकन्‍ना रहने वाला खेल है जिसमें पलक झपकते ही हार और जीत का फैसला होता है.



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जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के ऊंचाई वाले इलाके में हिमपात, निचले इलाकों में बारिश
लद्दाख के ऊंचाई वाले इलाकों में हिमपात हुआ. अधिकारियों ने बताया कि आखिरी सूचना मिलने तक उत्तरी कश्मीर के बारामूला जिले, प्रसिद्ध स्की रिजॉर्ट गुलमर्ग और मध्य कश्मीर के पर्यटन केंद्र सोनमर्ग में ताजा हिमपात हुआ है. उन्होंने बताया कि उत्तरी कश्मीर के बांदीपोरा जिले के गुरेज और केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख के जोजिला दर्रा और द्रास में भी बर्फबारी हुई है. उन्होंने बताया कि बर्फबारी की वजह से अधिकारियों ने श्रीनगर-लेह राष्ट्रीय राजमार्ग को यातायात के लिए बंद कर दिया है, जो जम्मू-कश्मीर को लद्दाख से जोड़ता है और जोजिला दर्रे से गुजरता है.

अधिकारी ने बताया, 'बर्फबारी की वजह से एहतियातन सड़क को यातायात के लिए बंद कर दिया गया है.' इस बीच, कश्मीर घाटी के अधिकतर निचले इलाकों में बारिश हुई है जिससे तापामन नीचे चला आया है. मौसम विभाग के कार्यालय के मुताबिक अगले दो दिनों तक बारिश और बर्फबारी का दौर जारी रहेगा और शनिवार रात तथा रविवार को सबसे अधिक बारिश या बर्फबारी होगी. उन्होंने बताया कि इसके बाद मौसम में सुधार होगा.
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