चीन से जारी तनाव के बीच भारतीय सेना की बढ़ेगी ताकत, पहाड़ों के लिए खरीदे जाएंगे 350 हल्‍के टैंक

चीन से जारी तनाव के बीच भारतीय सेना की बढ़ेगी ताकत

चीन से जारी तनाव के बीच भारतीय सेना की बढ़ेगी ताकत

टैंको (Tanks) को पहाड़ी इलाकों में तैनात करने के लिए खरीदा जा रहा है जिनमें चीन (China) से लगती वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएएसी) के कुछ सेक्टर शामिल हैं. सेना ने टैंको को खरीदने के लिए अनुरोध पत्र (आरएफआई) जारी किया जिन्हें ‘मेक इन इंडिया’ पहल के तहत प्राप्त करने की योजना है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: April 24, 2021, 7:43 AM IST
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नई दिल्‍ली. चीनी सेना (Chinese army) की ओर से पिछले कई महीने से बॉर्डर (Border) पर जारी तनाव के बीच भारतीय सेना (Indian Army) ने करीब 350 हल्के टैंक (Tanks) खरीदने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. इन हल्‍के टैंक की मदद से पहाड़ी इलाकों में लड़ने की क्षमता को मजबूत किया जा सकेगा. सेना ने टैंको को खरीदने के लिए अनुरोध पत्र (आरएफआई) जारी किया जिन्हें ‘मेक इन इंडिया’ पहल के तहत प्राप्त करने की योजना है.

आरएफआई के मुताबिक हल्के टैंक और उसके उपकरण में विभिन्न परिस्थितियों एवं खतरों में परिचालन की क्षमता होनी चाहिए. इससे पहले रक्षा और सुरक्षा संस्थान में मौजूद सूत्रों ने बताया कि टैंको को पहाड़ी इलाकों में तैनात करने के लिए खरीदा जा रहा है जिनमें चीन से लगती वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएएसी) के कुछ सेक्टर शामिल हैं. आरएफआई में कहा गया कि रक्षा मंत्रालय व्यापक प्रौद्योगिकी को अधिग्रहित करने को इच्छुक है, जिनमें टैंक का निर्माण भी शामिल है. इसमें कहा, भारतीय विकास एजेंसी मंच के डिजाइन और प्रौद्योगिकी पर मालिकाना हक रखेगी ताकि ‘आत्मनिर्भर भारत ’ की उपलब्धि को सुनिश्चित किया जा सके.



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उधर भारतीय नौसेना ने शुक्रवार को 24 उपयोगिता हेलीकॉप्टर लीज पर लेने की प्रक्रिया शुरू की और इसके लिए विदेशी विक्रेताओं से सूचना का अनुरोध (आरएफआई) जारी किया. आरएफआई के अनुसार नौसेना की योजना जमीन पर उपकरणों की मदद के लिए हेलीकॉप्टरों को पांच साल तक रखने की है.नौसेना ने आरएफआई में कहा कि इस लीज में चालक दल के सदस्यों को प्रशिक्षण सहित रखरखाव व अन्य सहायता शामिल रहेंगी.

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नौसेना ने कहा कि मूल निर्माता कंपनी (ओईएम) या अधिकृत लीजिंग कंपनी या सरकार द्वारा प्रायोजित निर्यात एजेंसियां ​​बोली प्रक्रिया में शामिल होने की पात्र होंगी. इसमें कहा गया है कि हेलीकॉप्टरों का वजन पांच टन और उससे कम की श्रेणी में होना चाहिए तथा इसमें दो इंजन होने चाहिए.
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