जम्‍मू-कश्‍मीर का LG बनने की दौड़ में सबसे आगे हैं पूर्व IPS विजय कुमार और दिनेश्‍वर शर्मा

बीएसएफ (BSF) के आईजी के तौर पर कश्‍मीर घाटी (kashmir Valley) में सेवाएं दे चुके हैं तमिलनाडु कैडर के 1975 बैच के आईपीएस अफसर विजय कुमार (IPS Vijay Kumar). वहीं, 1976 बैच के आईपीएस अधिकारी दिनेश्‍वर शर्मा (Dineshwar Sharma) केरल कैडर के हैं. वह इंटेलिजेंस ब्‍यूरो (IB) के निदेशक रह चुके हैं.

News18Hindi
Updated: August 10, 2019, 6:22 AM IST
जम्‍मू-कश्‍मीर का LG बनने की दौड़ में सबसे आगे हैं पूर्व IPS विजय कुमार और दिनेश्‍वर शर्मा
जम्‍मू-कश्‍मीर का उपराज्‍यपाल बनने की दौड़ में आईपीएस अफसर दिनेश्‍वर शर्मा और विजय कुमार सबसे आगे हैं.
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Updated: August 10, 2019, 6:22 AM IST
जम्‍मू-कश्‍मीर (Jammu-Kashmir) को दो केंद्रशासित प्रदेशों में बांटने के साथ ही जम्‍मू-कश्‍मीर और लद्दाख के उपराज्‍यपालों (LG) को लेकर भी कयासबाजी शुरू हो गई है. जम्‍मू-कश्‍मीर का उपराज्‍यपाल बनने की दौड़ में रिटायर्ड आईपीएस अफसर विजय कुमार (IPS K. Vijay Kumar) और दिनेश्‍वर शर्मा (IPS Dineshwar Sharma) सबसे आगे बताए जा रहे हैं. जहां, विजय कुमार सीमा सुरक्षा बल (BSF) के आईजी के तौर पर कश्‍मीर घाटी में अपनी सेवाएं दे चुके हैं. वहीं, आईपीएस अफसर दिनेश्‍वर शर्मा इंटेलिजेंस ब्‍यूरो (IB) के निदेशक रह चुके हैं.

कुमार ने वीरप्‍पन को मुठभेड़ में किया था ढेर
रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी के. विजय कुमार जंगलों में आतंकरोधी अभियान चलाने में माहिर माने जाते हैं. तमिलनाडु कैडर के 1975 बैच के आईपीएस विजय कुमार ने 1998 से 2001 तक बीएसएफ के आईजी के तौर पर कश्मीर घाटी में अपनी सेवाएं दी हैं. उस दौरान घाटी में आतंकरोधी अभियान चलाए जा रहे थे. वहीं, 2010 में छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में नक्सली हमले में सीआरपीएफ (CRPF) के 75 जवानों के शहीद होने के बाद विजय कुमार को सीआरपीएफ (CRPF) का महानिदेशक (DG) बनाया गया था. इसके बाद इलाके में नक्सली गतिविधियों में भारी कमी आई थी. कुमार की ही अगुआई में 2004 में कुख्यात चंदन तस्कर वीरप्पन (Veerappan) को मुठभेड़ में मार गिराया गया था.

अजित डोभाल के साथ काम कर चुके हैं शर्मा

आईपीएस अधिकारी दिनेश्‍वरी शर्मा को पिछले साल केंद्र ने जम्मू-कश्मीर में शांति प्रक्रिया के लिए सरकार के प्रतिनिधि के तौर पर नियुक्त किया था. उन्‍होंने 2008 में इंटेलिजेंस ब्यूरो के निदेशक के तौर पर कार्यभार संभाला. 1976 बैच के आईपीएस अधिकारी दिनेश्वर शर्मा राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजित डोभाल के साथ भी काम कर चुके हैं. शर्मा केरल कैडर से हैं. शर्मा ने पहले इंडियन फॉरेस्ट सर्विस के लिए क्वालीफाई किया और बाद में आईपीएस की परीक्षा पास की. शर्मा को अलगाववाद और उग्रवाद से लेकर घरेलू व क्षेत्रीय राजनीति की समस्याओं से निपटने का अनुभव है. वह पुलिस, अर्धसैनिक बल और खुफिया एजेंसियों में शीर्ष पदों पर काम कर चुके हैं.

शर्मा केरल खुफिया ब्‍यूरो के एसएसपी भी रहे
केरल के अलप्पुझा जिले में डीएसपी का कार्यभार संभाल चुके शर्मा राज्य के कोल्लम और त्रिचूर जिले के एसपी भी रह चुके हैं. इसके अलावा वह केरल खुफिया ब्यूरो में एसएसपी की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं. वहीं, सरदार बल्लभ भाई पटेल राष्ट्रीय पुलिस अकादमी के प्रमुख के तौर पर उन्होंने पुलिस प्रशिक्षण के क्षेत्र में भी महारत हासिल की. वर्ष 1999-2003 तक सीमा सुरक्षा बल के डीआईजी रहे शर्मा वर्ष 2003-05 के बीच खुफिया ब्यूरो में ज्वाइंट डाइरेक्टर का पद भी संभाल चुके हैं. इसके बाद उन्हें सीआरपीएफ का आईजी बनाया गया. इस दौरान वह जम्मू-कश्मीर के प्रभारी रहे. उन्हें पूर्वी जर्मनी, पोलैंड, इजरायल और दक्षिण कोरिया में जासूसी का प्रशिक्षण लेने का भी मौका मिला.
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First published: August 10, 2019, 4:54 AM IST
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