Home /News /nation /

jp nadda to visit bengal in june amid desertions infighting in state bjp

बीजेपी विधायकों-सांसदों को एकजुट रखने की कोशिश, 2 दिन के दौरे पर बंगाल जाएंगे नड्डा

पश्चिम बंगाल के दो दिवसीय दौरे पर जाएंगे बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा. फाइल फोटो

पश्चिम बंगाल के दो दिवसीय दौरे पर जाएंगे बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा. फाइल फोटो

बीजेपी ने बूथ-स्तरीय संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने के लिए दिलीप घोष को बिहार, झारखंड, मणिपुर, मेघालय, असम, ओडिशा, त्रिपुरा और अंडमान और निकोबार द्वीप की जिम्मेदारी दी है.

कोलकाता. भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के पार्टी के संगठनात्मक मामलों का जायजा लेने के लिए जून में पश्चिम बंगाल का दौरा करने की संभावना है. उनका यह दौरा ऐसे समय होने जा रहा है, जब पार्टी राज्य में आंतरिक कलह से जूझ रही है और उसके नेता एक के बाद एक सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) में शामिल हो रहे हैं. द इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक इस दौरान भाजपा अध्यक्ष पार्टी सांसदों और विधायकों के साथ अलग-अलग बैठकों की अध्यक्षता करेंगे. इसके अलावा वह बंगाल में पार्टी इकाई की नई कार्यसमिति की पहली बैठक की अध्यक्षता भी करेंगे. रिपोर्ट के मुताबिक राज्य में नड्डा का दो दिवसीय दौरा 7 जून से होगा.

गौरतलब है कि भाजपा सांसद अर्जुन सिंह हाल ही में पार्टी छोड़ कर टीएमसी में लौट गए हैं, जिससे राज्य में भगवा खेमे को बड़ा झटका लगा है. साथ ही पार्टी की राज्य इकाई अंदरूनी कलह से भी जूझ रही है. सूत्रों ने बताया कि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का ध्यान राष्ट्रपति चुनाव से पहले राज्य में पार्टी के सांसदों और विधायकों की संख्या को एकजुट रखने पर होगा. वहीं पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष दिलीप घोष ने कहा, ‘पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा था कि वह जून में बंगाल आएंगे. उनका यह दौरा मुख्य रूप से पार्टी संगठन को मजबूत करने के लिए हो रहा है.’

बता दें कि दिल्ली में पार्टी की बैठक के बाद बूथ-स्तरीय संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने के लिए दिलीप घोष को बिहार, झारखंड, मणिपुर, मेघालय, असम, ओडिशा, त्रिपुरा और अंडमान और निकोबार द्वीप की जिम्मेदारी दी गई है. सूत्रों ने कहा कि इस निर्णय का उद्देश्य घोष को अन्य राज्यों में जिम्मेदारी देने के साथ-साथ बंगाल में पार्टी मामलों के प्रबंधन का काम सुकांत मजूमदार को सौंपना था. सांसद मजूमदार को पिछले साल सितंबर में राज्य इकाई का अध्यक्ष बनाया गया था, जबकि घोष को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया था.

पढ़ें – बीजेपी की महिला नेता ने पहले सोशल मीडिया पर किया वीडियो पोस्ट फिर की आत्महत्या, जानें क्या था कारण

इस संबंध में मजूमदार ने कहा, ‘घोष बंगाल के नेता हैं और उन्हें यहां पार्टी संगठन बनाने का श्रेय जाता है. अब उन्हें बंगाल से बाहर काम करने की जिम्मेदारी दी गई है. यह सामान्य बात है.’

उल्लेखनीय है कि घोष ने अनुभव की कमी को लेकर राज्य के नए नेतृत्व की आलोचना की थी. इस बीच, राज्य विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने सांसद अर्जुन सिंह के पार्टी छोड़ने के मद्देनजर पार्टी के पुनर्गठन के लिए बैरकपुर में एक संगठनात्मक बैठक की.

Tags: Jp nadda, West bengal

विज्ञापन

राशिभविष्य

मेष

वृषभ

मिथुन

कर्क

सिंह

कन्या

तुला

वृश्चिक

धनु

मकर

कुंभ

मीन

प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
और भी पढ़ें
विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर