रोते हुए अनुज लोया बोले- प्‍लीज, राजनीति मत कीजिए, पापा की मौत को लेकर शक नहीं

जस्टिस लोया के बेटे अनुज लोया ने कहा है कि पिछले दिनों जो कुछ भी हुआ उससे उनका परिवार दुखी है और उन्हें परेशान न किया जाए.

News18Hindi
Updated: January 14, 2018, 10:42 PM IST
रोते हुए अनुज लोया बोले- प्‍लीज, राजनीति मत कीजिए, पापा की मौत को लेकर शक नहीं
जस्टिस लोया के बेटे अनुज लोया
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Updated: January 14, 2018, 10:42 PM IST
विशेष सीबीआई न्यायाधीश बीएच लोया के बेटे ने आज कहा कि उन्हें अपने पिता की आकस्मिक मौत को लेकर पहले संदेह था लेकिन अब उन्हें कोई संदेह नहीं है. लोया के बेटे अनुज लोया(21) ने कहा कि तीन साल पहले जिस तरह से उनके पिता की मृत्यु हुई, उस बारे में उन्हें कोई संदेह नहीं है.

दिवंगत न्यायाधीश के बेटे ने संवाददाताओं से कहा, ‘मैं भावनात्मक उथल-पुथल के गिरफ्त में था, इसलिए मेरे मन में उनकी मृत्यु को लेकर संदेह था लेकिन, अब मेरे मन में उनकी मौत के तरीके को लेकर कोई संदेह नहीं है. पहले मेरे दादा और बुआ को उनकी मृत्यु को लेकर मन में कुछ संदेह था जो उन्होंने साझा किया. लेकिन अब उनमें से किसी को भी कोई संदेह नहीं है.’

जस्टिस लोया के बेटे अनुज लोया ने कहा है कि उनका परिवार मीडिया रिपोर्ट्स दुखी है. उन्होंने कहा कि उनके परिवार को और परेशान न किया जाए, वह इससे बाहर निकलना चाहते हैं. इस मामले का राजनीतिकरण नहीं किया जाना चाहिए. वहीं जस्टिस लोया के पारवारिक मित्र काटके ने कहा कि जस्टिस लोया की मौत दिल का दौरा पड़ने से हुई है, लोग उनके परिवार को बेवजह परेशान कर रहे हैं.

उनके वकील अमित नाइक ने कहा कि जस्टिस लोया की मौत से जुड़ी कोई कॉन्ट्रोवर्सी नहीं है. इस मामले को राजनीतिक रंग देने की आवश्यकता नहीं है. उन्होंने कहा कि जस्टिस लोया की मौत एक दुखद घटना है और हम इस मुद्दे के राजनीतिकरण के शिकार नहीं होना चाहते हैं. उन्होंने कहा कि इस मामले को वैसा ही रहने दिया जाए जैसा यह है.




अपनी आंखों में आंसू लिये अनुज ने गैर सरकारी संगठनों और नेताओं से उनके परिवार को परेशान करना बंद करने की भी अपील की. उन्होंने कहा, 'हम पर नेताओं और गैर सरकारी संगठनों का कुछ दबाव आया. हम किसी का नाम नहीं लेना चाहते हैं लेकिन कृपया, अब मेरे पिता की मृत्यु के बारे में सवाल करने से हमारे परिवार को बख्श दीजिए.’

अनुज पुणे के एक महाविद्यालय में विधि के दूसरे वर्ष के छात्र हैं.

संवाददाता सम्मेलन में मौजूद लोया के पारिवारिक मित्र और सेवानिवृत जिला न्यायाधीश केबी कटके ने कहा, ‘बीएच लोया के 85 वर्षीय पिता को कुछ लोग परेशान कर रहे हैं जो केवल उनके बेटे की मौत के बारे में सवाल कर रहे हैं. परिवार के किसी भी सदस्य के दिमाग में न्यायाधीश लोया की मौत को लेकर कोई संदेह नहीं है. लेकिन लोग परिवार के सदस्यों को परेशान कर रहे हैं.’

पूर्व जिला न्यायाधीश ने कहा, ‘अनुज की मां बीमार हैं. हर रोज उन्हें इलाज की जरुरत होती है. लोया परिवार की ओर से मैं भी आप मीडियाजनों से लोया की मौत के संदर्भ में एनजीओ, वकीलों और नेताओं तक उनके परिवार में नहीं जाने, उनसे नहीं मिलने और उन्हें इस तरह परेशान नहीं करने का संदेश पहुंचाने का अनुरोध करता हूं.’

अनुज का संवाददाता सम्मेलन उच्चतम न्यायालय के चार वरिष्ठतम न्यायाधीशों द्वारा प्रधान न्यायाधीश के विरुद्ध कथित विद्रोह के दो दिन बाद हुआ है. इन न्यायाधीशों ने प्रधान न्यायाधीश पर चुनिंदा केस आवंटन का आरोप लगाया था. इन वरिष्ठतम न्यायाधीशों ने शुक्रवार को कहा था कि न्यायाधीश लोया का मामला प्रधान न्यायाधीश के साथ उनके मत भेद के कारणों में एक है.

संवेदनशील सोहराबुद्दीन शेख‘फर्जी मुठभेड़’ कांड की सुनवाई कर रहे न्यायाधीश लोया की एक दिसंबर 2014 को कथित रुप से दिल का दौरा पड़ने से मृत्यु हो गयी थी. वह अपने एक सहयोगी की बेटी के विवाह में पहुंचे थे.

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