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अफजल गुरु नहीं, रोहित वेमुला मेरा आदर्श है: कन्हैया

जेएनयू छात्रसंघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार ने आज शुक्रवार दोपहर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर फिर मोदी सरकार पर हमला किया। कन्हैया ने कहा कि मेरा आदर्श अफजल गुरु नहीं, बल्कि रोहित वेमुला है।

News18India.com
Updated: March 4, 2016, 7:10 PM IST
अफजल गुरु नहीं, रोहित वेमुला मेरा आदर्श है: कन्हैया
जेएनयू छात्रसंघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार ने आज शुक्रवार दोपहर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर फिर मोदी सरकार पर हमला किया। कन्हैया ने कहा कि मेरा आदर्श अफजल गुरु नहीं, बल्कि रोहित वेमुला है।
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Updated: March 4, 2016, 7:10 PM IST
नई दिल्ली। जेएनयू छात्रसंघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार ने आज शुक्रवार दोपहर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर फिर मोदी सरकार पर हमला किया। देशद्रोह के आरोपी कन्हैया जेल से बाहर आने के बाद दूसरी बार लोगों से मुखातिब होते हुए कहा कि जेएनयू को बदनाम करने की साजिश रची गई। कन्हैया ने कहा कि मेरा आदर्श अफजल गुरु नहीं, बल्कि रोहित वेमुला है। जेएनयू लोकतंत्र के साथ खड़ा होने वाला एतिहासिक संस्थान है। जेएनयू से पढ़ने वाला कभी देशद्रोही नहीं हो सकता।

अफजल गुरु पर पूछे गए सवाल के जवाब में कन्हैया ने कहा कि अफजल गुरु इस देश का नागरिक था। वह अखंड भारत के हिस्से जम्मू-कश्मीर का निवासी था। उसे भारतीय कानून के मुताबिक सजा दी गई थी। मेरे लिए अफजल गुरु आइकन नहीं है, रोहित वेमुला है। कन्हैया ने कहा कि तुम कितने रोहित मारोगे, घर घर रोहित निकलेगा।

कन्हैया के कहा कि कुछ काले बादल हैं लेकिन जब वो छंटते हैं तो घनघोर बारिश होती है औऱ फिर धरती सोना उगलती है। ये काले बादल छंटेंगे। काले बादल लाल सूरज को कभी छिपा नहीं पाएंगे। जब-जब देश के अंदर लोकतांत्रिक आवाज को सत्ता दबाने की कोशिश करती है तो JNU उठ खड़ा होता है। कन्हैया ने कहा कि आप लोग जो टैक्स देते हैं, उसकी सब्सिडी से हम लोग यहां पढ़ पाते हैं। हम आप लोगों को आश्वस्त करना चाहते हैं कि JNU वाले कभी भी देशद्रोही नहीं हो सकते।

जेएनयू कैंपस में कन्हैया का भाषण, मोदी पर ली चुटकी

मोदी सरकार की ओर इशारा करते हुए कन्हैया ने कहा कि संविधान के नाम पर साजिश रची जा रही है। आपसे मतभेद है, मनभेद नहीं। मतभेद रखने का संविधान अधिकार देता है। हमें संविधान पर पूरा भरोसा है। कुछ चैनलों ने हमें बदनाम करने की कोशिश की। हक की लड़ाई लड़ना हमारा अधिकार है। संविधान के दायरे के बाहर की किसी चीज का न जेएनयू कभी समर्थन करता है और न करेगा।

देखें: जेएनयू में कन्हैया का पूरा भाषण


 
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