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क्या छात्राओं को हिजाब में क्लास करने की इजाजत मिलेगी? कर्नाटक हाईकोर्ट का फैसला आज

कर्नाटक हाई कोर्ट.

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Karnataka Hijab Row: उडुपी गवर्नमेंट गर्ल्स प्री-यूनिवर्सिटी कॉलेज में यह विवाद सबसे पहले सामने आया था, जब कॉलेज प्रशास ...अधिक पढ़ें

बेंगलुरु. कर्नाटक हाईकोर्ट मंगलवार को हिजाब विवाद में फैसला सुनाएगी. कर्नाटक उच्च न्यायालय ने इस मुद्दे पर सुनवाई के लिए विशेष पीठ का गठन किया था, जिसने बीते 25 फरवरी को कक्षाओं में भाग लेने के दौरान हिजाब पहनने के अधिकार की मांग करने वाली याचिकाओं पर सुनवाई पूरी कर ली थी और अपना फैसला सुरक्षित रखते हुए सभी वकीलों से लिखित दलीलें जमा करने को कहा था.

मुख्य न्यायाधीश रितु राज अवस्थी, और न्यायमूर्ति कृष्णा एस दीक्षित और न्यायमूर्ति जेएम खाजी की तीन-न्यायाधीशों की पीठ ने मामले की तात्कालिकता और संवेदनशीलता को देखते हुए एक दिन में 11 दिनों के तर्क और प्रतिवादों को सुना और निर्णय को अगली सुनवाई के लिए टाल दिया था.

उडुपी प्री-यूनिवर्सिटी गर्ल्स कॉलेज से शुरू हुआ हिजाब का मामला राज्य में एक संकट बन गया है, छात्रों ने बिना हिजाब के कक्षाओं में जाने से इनकार कर दिया और कहा कि वे अंतिम फैसला आने तक इंतजार करेंगे. हालांकि, हाईकोर्ट ने कक्षाओं के अंदर हिजाब और भगवा शॉल या स्कार्फ दोनों पर प्रतिबंध लगाने का अंतरिम आदेश जारी किया था, लेकिन आंदोलन जारी है.

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दक्षिण कन्नड़, उडुपी और शिवमोग्गा जिलों के कॉलेजों में विशेष तौर पर हिजाब विवाद उभरकर सामने आया है. कॉलेज प्रशासन की ओर से छात्राओं को हिजाब पहनकर कक्षा या परीक्षा में शामिल होने से रोकने के बाद कई छात्राओं ने उनके इस फैसले पर आपत्ति जताई है और मांग की है कि उन्हें हिजाब पहनकर कक्षाओं में जाने की अनुमति दी जाए.

उडुपी गवर्नमेंट गर्ल्स प्री-यूनिवर्सिटी कॉलेज में यह विवाद सबसे पहले सामने आया था, जब कॉलेज प्रशासन की ओर से हिजाब पहनकर कक्षा में जाने से मना कर दिया गया था और फिर छह छात्राओं ने इसका कड़ा विरोध किया, जिसके बाद छात्राओं को अन्य छात्र-छात्राओं का भी समर्थन मिलता गया और यह विवाद राज्य के अन्य कॉलेजों तक भी पहुंच गया.

Tags: Hijab, Karnataka

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