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कांग्रेस अध्यक्ष चुनाव में नए नेता की एंट्री; जानें कौन हैं केएन त्रिपाठी? खड़गे और थरूर को देंगे टक्कर

Delhi News: झारखंड के पूर्व मंत्री केएन त्रिपाठी ने कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के चुनाव में नामांकन दाखिल किया है. (ANI)

Delhi News: झारखंड के पूर्व मंत्री केएन त्रिपाठी ने कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के चुनाव में नामांकन दाखिल किया है. (ANI)

Congress Prez Polls: माना जा रहा था कि कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष पद चुनाव मल्लिकार्जुन खड़गे और शशि थरूर के बीच होगा. ...अधिक पढ़ें

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हाइलाइट्स

दिलचस्प हुआ कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष पद का चुनाव
केवल खड़गे और शशि थरूर में नहीं होगा मुकाबला
झारखंड के पूर्व मंत्री केएन त्रिपाठी ने भी भरा नामांकन

नई दिल्ली. जैसे-जैसे कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष पद का चुनाव नजदीक आ रहा है, वैसे-वैसे यह दिलचस्प होता जा रहा है. पहले अशोक गहलोत, दिग्विजय सिंह और फिर मल्लिकार्जुन खड़गे की एंट्री ने लोगों कों चौंकाया. माना जा रहा था कि खड़गे और शशि थरूर में सीधा मुकाबला होगा. लेकिन, अब एक ऐसे नेता ने चुनाव लड़ने का फैसला किया है, जिसके बारे में किसी को अंदाजा नहीं था. अब कांग्रेस अध्यक्ष का चुनाव झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री केएन त्रिपाठी भी लड़ेंगे.

त्रिपाठी ने नई दिल्ली में शुक्रवार को अपना नामांकन दाखिला किया. नामांकन दाखिल करने के बाद उन्होंने कहा, ”मैंने आज पार्टी अध्यक्ष पद के लिए अपना नामांकन दाखिल किया है। पार्टी नेताओं का जो भी निर्णय होगा उसका सम्मान करेंगे.” गौरतलब है कि राजनीति में आने से पहले त्रिपाठी एयरफोर्स में थे. उन्होंने सेना की नौकरी छोड़ी और साल 2005 में राजनीति में प्रवेश किया. उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर पहली बार डालटनगंज सीट से चुनाव लड़ा. यहां वह इंदर सिंह नामधारी से हार गए. साल 2009 में कांग्रेस ने फिर इन्हें डालटनगंज सीट से टिकट दी. इस बार वह  जीत गए. विधायक बनने के बाद उन्हें राज्य सरकार में ग्रामीण विकास मंत्री बनाया गया.

किसान परिवार से ताल्लुक रखते हैं त्रिपाठी
2014 में केएन त्रिपाठी फिर कांग्रेस की टिकट पर विधानसभा चुनाव लड़े. इस बार उन्हें जेवीएम प्रत्याशी आलोक चौरसिया ने 5000 मतों से हरा दिया. बताया जाता है कि आलोक को पिता की मृत्यु के कारण सहानुभूति वोट मिले. विधायक बनने के बाद आलोक चौरसिया बीजेपी में शामिल हो गए. बता दें, डालटनगंज के रेडमा काशी नगर मोहल्ले के रहने वाले केएन त्रिपाठी किसान परिवार से तालुक्क रखते हैं. उनका जन्म 3 अप्रैल 1972 को अपने ननिहाल बिश्रामपुर के तोलरा गांव में हुआ.

एक सभा ने बदली दी जिंदगी
त्रिपाठी ने प्रारंभिक पढ़ाई डालटनगंज के दसमेश मॉडल स्कूल से की. इसके बाद उन्होंने जिला स्कूल से मैट्रिक की परीक्षा पास की. डालटनगंज जीएलए कॉलेज से इंटरमीडिएट और ग्रेजुएशन किया. बाद में केएन त्रिपाठी वायु सेना में नियुक्त हो गए. बेंगलुरु और सूरतगढ़ में पोस्टिंग के बाद उन्होंने सेना की नौकरी छोड़ दी. और सियासत में आ गये. गौरतलब है कि 2 अक्टूबर 2000 को गांधी जयंती के अवसर पर कृष्णानंद त्रिपाठी एक सभा में शामिल हुए. इस सभा से उन्होंने सियासत की ओर कदम बढ़ा दिया. उनके पिता पंडित जग नारायण त्रिपाठी किसान थे. पूर्व मंत्री के दो बच्चे नम्रता व तेजश्विनी कृष्ण त्रिपाठी हैं.

Tags: New Delhi news

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