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पश्चिम बंगाल: ममता को सीएम बनवाने में था बड़ा हाथ, अब औवेसी का दे रहे साथ; जानें कौन हैं अब्बास सिद्दीकी

AIMIM के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने फुरफरा शरीफ दरगाह के पीरजादा अब्बास सिद्दीकी से मुलाकात की.
AIMIM के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने फुरफरा शरीफ दरगाह के पीरजादा अब्बास सिद्दीकी से मुलाकात की.

AIMIM के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी (Asaduddin Owaisi) और फुरफरा शरीफ दरगाह के पीरजादा अब्बास सिद्दीकी (Pirzada Abbas Siddiqui) की मुलाकात ने साफ कर दिया है कि इस बार ममता बनर्जी (Mamta Banerjee) की राह आसान नहीं होगी.

  • News18Hindi
  • Last Updated: January 4, 2021, 1:08 PM IST
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कोलकाता. पश्चिम बंगाल (West Bengal) में ममता बनर्जी (Mamta Banerjee) को सत्ता की कुर्सी तक पहुंचाने और सिंगूर-नंदीग्राम आंदोलन में प्रमुख भूमिका निभाने वाले फुरफरा शरीफ दरगाह के पीरजादा अब्बास सिद्दीकी (Pirzada Abbas Siddiqui) इस बार के विधानसभा चुनाव में कुछ अलग सियासी दांवपेच खेलने में लगे हुए हैं. AIMIM के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी (Asaduddin Owaisi) से उनकी मुलाकात ने साफ कर दिया है कि इस बार ममता बनर्जी की राह आसान नहीं होगी. एक ओर जहां बीजेपी सीधे तौर पर तृणमूल कांग्रेस को टक्कर देती दिखाई दे रही है वहीं ओवैसी और ​अब्बास सिद्दीकी का इस तरह एक दूसरे के साथ आना ममता के वोट बैंक पर बड़ी चोट कर सकता है.

बता दें कि बंगाल के हुगली जिले में फुरफुरा शरीफ विख्यात दरगाह है. ​दक्षिण बंगाल में वोट बैंक पर इस दरगाह का विशेष दखल है. लेफ्ट फ्रंट सरकार के दौरान इसी दरगाह की मदद से ममता ने सिंगूर और नंदीग्राम जैसे दो बड़े आंदोलन किए थे. इसके बाद ममता बनर्जी ने पीछे मुड़कर नहीं देखा और लगतार दो बार पश्चिम बंगाल की सत्ता में काबिज हुईं. पिछले चुनाव पर नजर दौड़ाएं तो 31 फीसदी वोट शेयर के साथ मुस्लिम पश्चिम बंगाल में किंगमेकर की भूमिका निभाते हैं. ममता बनर्जी के सत्ता में आने का पूरा श्रेय इन्हीं मुस्लिम वोटरों को जाता है. बंगाल की 294 सीटों में से 90 सीट सीधे तौर पर इन्हीं वोटरों पर केंद्रित रहती हैं.


लंबे समय तक पीरजादा अब्बास सिद्दीकी ममता बनर्जी के करीबियों में से एक रहे हैं. हालांकि पिछले कुछ समय से सिद्दीकी ममता सरकार के खिलाफ बयान दे रहे हैं और अब वह खुले तौर पर टीएमसी के विरोध में उतर आए हैं. इन सबके बीच ओवैसी से उनका मिलना काफी अहम बताया जा रहा है. सिद्दीकी से मुलाकात के बाद ओवैसी काफी उत्साहित दिखे थे. उन्होंने कहा कि अब्बास सिद्दीकी का हमें पूरी तरह से समर्थन हासिल है. चुनाव को लेकर वो आगे जो भी फैसला करेंगे हमें मंजूर होगा.



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पीरजादा अब्बास सिद्दीकी कभी ममता बनर्जी के थे करीबी
एक समय था जब​ फुरफरा शरीफ दरगाह के पीरजादा अब्बास सिद्दीकी को ममता बनर्जी का काफी करीबी माना जाता था. लेकिन अब वह ममता बनर्जी के खिलाफ मोर्चा खोल चुके हैं. सिद्दीकी ने ममता सरकार पर मुस्लिमों की अनदेखी करने का आरोप लगाया है. बंगाल की करीब 100 सीटों पर फुरफुरा शरीफ दरगाह का प्रभाव है. ऐसे में ममता बनर्जी की पीरजादा अब्बास सिद्दीकी से नाराजगी उन्हें नुकसान पहुंचा सकती है.
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