जानिए कौन है रामलला के वो वकील जिन्हें सुप्रीम कोर्ट में बैठ कर बहस भाग लेने में कहा गया

परासरन (Parasaran) सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) में रामलला का पक्ष रख रहे हैं. 1970 के दशक से ही परासरन खासे लोकप्रिय रहे हैं. हिंदू धर्मग्रंथों पर उनकी अच्छी खासी पकड़ रही है.

News18Hindi
Updated: August 12, 2019, 5:05 PM IST
जानिए कौन है रामलला के वो वकील जिन्हें सुप्रीम कोर्ट में बैठ कर बहस भाग लेने में कहा गया
जानिए कौन है रामलला के वो वकील जिन्हें सुप्रीम कोर्ट में बैठ कर बहस भाग लेने में कहा गया. (सांकेतिक तस्वीर)
News18Hindi
Updated: August 12, 2019, 5:05 PM IST
पिछले हफ्ते सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) में अयोध्या (Ayodhya) केस की सुनवाई के दौरान एक अलग तरह का वाक्या देखने को मिला. रामलला की तरफ से अपना पक्ष रखने के लिए जैसे ही 92 साल के वरिष्ठ वकील परासरन (Parasaran)अपनी सीट से खड़े हुए चीफ जस्टिस रंजन गोगई (Chief Justice Ranjan Gogoi) ने उन्हें पूछा, ''क्या आप बैठ कर बहस करना चाहेंगे? इस पर उन्होंने कहा कोई बात नहीं खड़े हो कर बहस करने की परंपरा रही है.''

वकालत की दुनिया में 92 साल के परासरन की क्या हैसियत है, उसका अंदाजा आपको लग गया होगा. साल 2016 से परासरन कोर्ट में काफी कम दिखते हैं. लेकिन हाल के दिनों में दो बड़े केस ने उन्हें फिर से सुर्खियों में ला दिया है. पहले सबरीमाला (Sabarimala)और अब अयोध्या केस.

हिन्दू धर्मग्रंथों पर है अच्छी पकड़
1970 के दशक से ही परासरन खासे लोकप्रिय रहे हैं. हिंदू धर्मग्रंथों पर उनकी अच्छी खासी पकड़ रही है. उनका जन्म 1927 में तमिलनाडु (Tamil Nadu) के श्रीरंगम में हुआ. उनके पिता केसवा अयंगर मद्रास हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के वकील थे. परासरन के तीनों बेटे मोहन, सतीश और बालाजी भी वकील हैं. यूपीए-2 के कार्यकाल में वो कुछ समय के लिए सोलिस्टर जनरल (Solicitor General)भी थे.

परासरन ने 1958 में सुप्रीम कोर्ट में अपनी प्रैक्टिस शुरू की. आपातकाल के दौरान, वह तमिलनाडु के एडवोकेट जनरल थे और 1980 में भारत के सॉलिसिटर जनरल नियुक्त किए गए थे. 1983 से 1989 तक उन्होंने भारत के अटॉर्नी जनरल (Attorney General के रूप में कार्य किया.

केस खत्म करना अंतिम इच्छा
पिछले सप्ताह सुप्रीम कोर्ट में जब सीनियर वकील राजीव धवन ने अयोध्या केस में हर रोज सुनवाई पर आपत्ति जताई तो परासन ने कहा, "मरने से पहले मेरी अंतिम इच्छा इस केस को पूरा करना है."
Loading...

ये भी पढ़ें: राम मंदिर मुद्दे पर देशभर में फैलाया जाएगा इंद्रेश कुमार का यह मैसेज

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए देश से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: August 12, 2019, 5:05 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...