केरल गोल्ड स्मगलिंग केसः आरोपी स्वप्ना सुरेश से जेल में ED करेगी पूछताछ

फाइल फोटोः ईडी मंगलवार और बुधवार को स्वप्ना सुरेश से पूछताछ करेगी.
फाइल फोटोः ईडी मंगलवार और बुधवार को स्वप्ना सुरेश से पूछताछ करेगी.

केरल गोल्ड स्मगलिंग केस (Kerala gold smuggling case) में सेशन्स कोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) को आरोपी स्वप्ना सुरेश से जेल में पूछताछ करने की अनुमति दे दी. ये पूछताछ मंगलवार और बुधवार को होगी.

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 9, 2020, 4:44 PM IST
  • Share this:
कोच्चि. केरल गोल्ड स्मगलिंग केस (Kerala gold smuggling case) में प्रिंसिपल सेशन कोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) को आरोपी स्वप्ना सुरेश (Swapna Suresh) से पूछताछ की अनुमति दे दी. ईडी अब मंगलवार और बुधवार को जेल में स्वप्ना सुरेश से पूछताछ कर सकती है.

ईडी ने कोर्ट को बताया कि केरल के मुख्यमंत्री कार्यालय में पूर्व प्रधान सचिव रहे एम शिवशंकर (M Sivasankar) के बयानों के आधार पर स्वप्ना सुरेश से पूछताछ करनी है, जिसके बाद कोर्ट ने ईडी को अनुमति प्रदान कर दी. बीते गुरुवार को कोच्चि के प्रिंसिपल सेशन कोर्ट ने पूर्व प्रधान सचिव रहे एम शिवशंकर की कस्टडी को 6 दिनों के लिए बढ़ा दिया. शिवशंकर इस समय ईडी की कस्टडी में हैं.

मामले की सुनवाई करते हुए ईडी की ओर से पेश वकील ने कहा कि केंद्रीय एजेंसी इस मामले में एम शिवशंकर की कथित भूमिका से संबंधित सबूत जुटाने में सक्षम है. ईडी की ओर से कोर्ट में कहा गया कि स्वप्ना सुरेश और एम शिवशंकर से जब्त मोबाइल के व्हाट्स ऐप चैट्स से पता चलता है कि पूर्व प्रधान सचिव गोपनीय जानकारियां स्वप्ना के साथ साझा कर रहे थे, जोकि लाइफ मिशन प्रोजेक्ट और KFON प्रोजेक्ट्स से जुड़ी थीं, इन सूचनाओं को यूनिटैक बिल्डर्स एंड डेवलपर्स लिमिटेड के साथ साझा किया जाना था.



ईडी केरल में डिप्लोमेटिक चैनल के जरिए गोल्ड स्मगलिंग के मामले की जांच कर रहा है. ईडी का कहना है कि जिस तरह एम शिवशंकर गोपनीय जानकारियां साझा कर रहे थे, उनसे पता चलता है कि वे मामले में शामिल थे. व्हाट्स चैट से मिली जानकारियों के आधार पर ईडी ने अभी पेन्नै इंडस्ट्रीज लिमिटेड, हैदराबाद सीएमडी के दफ्तरों और आवास पर छापेमारी की है. इन जगहों से बरामद दस्तावेजों के जरिए ईडी आरोपियों से पूछताछ करेगी.
ईडी के मुताबिक एम. शिवशंकर के पास कई प्रोजेक्ट्स का जिम्मा था. इनमें स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट, केएफओएन, लाइफ मिशन प्रोजेक्ट प्रमुख हैं. मामले में अभी तक मिली जानकारी के मुताबिक स्वप्ना इन सभी प्रोजेक्ट्स से किसी ना किसी तरह जुड़ी थी और अब तक उपलब्ध दस्तावेजी सबूत भी इसकी पुष्टि करते हैं.

केंद्रीय जांच एजेंसी के मुताबिक ये संयोग नहीं है कि गोल्ड स्मगलिंग केस में शिवशंकर सभी प्रमुख आरोपियों को जानते हैं, जैसे कि सरिथ पीएस, स्वप्ना सुरेश और संदीप नायर. इसके अलावा संयुक्त अरब अमीरात कॉन्सुलेट में फाइनेंस हेड खालिद के बारे में भी एम. शिवशंकर को पता था, ईडी के मुताबिक यूनिटैक बिल्डर्स से मिली कथित रिश्वत का बड़ा हिस्सा खालिद को मिला है.

पूछताछ की शुरुआत में शिवशंकर ने इस बात से इनकार कर मामले की जांच को भटकाना चाहा...हालांकि बाद में कबूल किया. जांच एजेंसी का कहना है कि इस पूरे मामले की जांच जरूरी है.

दरअसल सीमा शुल्क विभाग ने बीती पांच जुलाई को 15 करोड़ रुपये मूल्य का 30 किलोग्राम सोना जब्त किया था. राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए), सीमा शुल्क विभाग और प्रवर्तन निदेशालय समेत केंद्रीय एजेंसियां इस मामले में अलग अलग जांच कर रही हैं. एनआईए ने इस मामले में गैर कानूनी गतिविधि रोकथाम कानून के तहत सुरेश, सरिथ पीएस, संदीप नायर और फैजल फरीद सहित कई लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है.

सुरेश और सरिथ संयुक्त अरब अमीरात के वाणिज्य दूतावास के पूर्व कर्मचारी हैं. मामला संयुक्त अरब अमीरात के तिरुवनंतपुरम स्थित वाणिज्य दूतावास के एक अधिकारी के नाम का इस्तेमाल कर राजनयिक सामान के जरिए सोने की तस्करी की कोशिश से जुड़ा है.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज