सपा की मांग, अस्पतालों को शव ले जाने की सुविधा मुहैया कराने की शर्त पर मिले लाइसेंस

सपा नेता जावेद अली ने राज्यसभा में कहा कि अस्पतालों को लाइसेंस देने से पहले शर्त रखी जानी चाहिए कि वह एक निश्चित किलोमीटर की दूरी तक पार्थिव शरीर ले जाने की सुविधा मुहैया कराएंगे.

भाषा
Updated: July 26, 2019, 4:30 PM IST
सपा की मांग, अस्पतालों को शव ले जाने की सुविधा मुहैया कराने की शर्त पर मिले लाइसेंस
अस्पताल ने वाहन नहीं दिया तो कंधे पर शव ले जाता शख्स
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Updated: July 26, 2019, 4:30 PM IST
समाजवादी पार्टी (सपा) नेता जावेद अली खान ने अस्पतालों से मृत देह को ले जाने की सुविधा के अभाव में निर्धन लोगों की शव को कभी कंधे पर तो कभी किसी अन्य तरीके से ले जाने की मजबूरी का मुद्दा उठाया. जावेद अली ने शुक्रवार को राज्यसभा में कहा कि अस्पतालों को लाइसेंस देने से पहले शर्त रखी जानी चाहिए कि वह एक निश्चित किलोमीटर की दूरी तक पार्थिव शरीर ले जाने की सुविधा मुहैया कराएंगे.

शून्यकाल में यह मुद्दा उठाते हुए सपा नेता ने कहा कि ऐसे कई मामले सामने आए हैं जब अस्पतालों की ओर से शव को ले जाने की सुविधा नहीं दी गई और निर्धन लोगों को कभी कंधे पर, कभी साइकिल या मोटरसाइकिल पर और कभी ठेले पर शव को बांध कर ले जाना पड़ा.

उन्होंने ओडिशा के कालाहांडी में एक व्यक्ति द्वारा अपने परिजन के शव को सिर पर रख कर कई किलोमीटर तक पैदल चल कर अंतिम संस्कार के लिए जाने की एक घटना का जिक्र किया. उन्होंने यह भी कहा कि शव की हड्डियां तोड़ कर गठरी बना कर ले जाने की घटना भी सामने आई है.खान ने कहा यह अत्यंत हृदय विदारक है.

ओडिशा सरकार की तरह चलाई जाए योजना

उन्होंने ओडिशा सरकार को बधाई देते हुए कहा कि राज्य सरकार ने अस्पतालों से घर तक शव ले जाने के लिए नि:शुल्क वाहन सुविधा मुहैया कराने की खातिर महाप्रयाण योजना चलाई है. खान ने कहा कि अस्पतालों को कम से कम एक या दो शव वाहन रखने चाहिए तो मृत देह को उसके घर तक पहुंचा सकें.

उन्होंने यह भी कहा कि अस्पतालों को लाइसेंस देने से पहले शर्त रखी जानी चाहिए कि वे एक निश्चित किलोमीटर की दूरी तक पार्थिव शरीर ले जाने की सुविधा मुहैया कराएंगे.

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First published: July 26, 2019, 4:30 PM IST
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