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2019 के चुनाव से पहले भारत-पाक रिश्ते को लेकर बड़ा कदम उठाने की संभावना नहीं: सूत्र

2019 के चुनाव से पहले भारत-पाक रिश्ते को लेकर बड़ा कदम उठाने की संभावना नहीं: सूत्र

भारत में अप्रैल-मई में आम चुनाव होने हैं

भारत में अप्रैल-मई में आम चुनाव होने हैं

पड़ोसी देशों के बीच संबंधों को बेहतर बनाने की वकालत करते हुए पाकिस्तान के प्रधनमंत्री इमरान खान ने पिछले महीने कहा था कि भारत में आम चुनाव होने तक वह नयी दिल्ली की प्रतिक्रिया का इंतजर करेंगे. बता दें कि लोकसभा चुनाव अप्रैल-मई 2019 में होने हैं.

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    लोकसभा चुनावों से पहले भारत-पाकिस्तान के बीच संबंधों में सुधार के लिए कोई बड़ा/महत्वपूर्ण कदम उठाए जाने की संभावना नहीं है. आधिकारिक सूत्रों ने गुरुवार को यह जानकारी दी. हालांकि, उन्होंने किसी भी तरह के सकारात्मक बदलाव से पूरी तरह इनकार भी नहीं किया.

    पड़ोसी देशों के बीच संबंधों को बेहतर बनाने की वकालत करते हुए पाकिस्तान के प्रधनमंत्री इमरान खान ने पिछले महीने कहा था कि भारत में आम चुनाव होने तक वह नयी दिल्ली की प्रतिक्रिया का इंतजर करेंगे. बता दें कि लोकसभा चुनाव अप्रैल-मई 2019 में होने हैं.

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    इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग के कर्मचारियों को प्रताड़ित करने के संबंध में सवाल करने पर सूत्रों ने कहा कि भारत अभी वहां कर्मचारियों की संख्या कम करने पर विचार नहीं कर रहा है.

    उन्होंने बताया कि भारत की ओर से बार-बार गुजारिश करने के बावजूद पाकिस्तान ने अभी तक इस्लामाबाद में मिशन के निए नव-निर्मित आवासीय भवनों को गैस का कनेक्शन नहीं दिया है.

    सूत्र ने बताया, ‘हमारे राजनयिकों को हर मोड़ पर प्रताड़ता झेलना पड़ रहा है. इस्लामाबाद में हमारे उच्चायोग का भवन और परियोजनाएं 10 साल से रुकी हुई हैं. हमने बिना गैस आपूर्ति के लोगों को उच्चायोग के भवन में रहने को बोल दिया है.’

    उन्होंने बताया कि नये भवनों के लिए फर्नीचर सीमा पर रूके हुए हैं और पाकिस्तान ने टेलीफोन कनेक्शन नहीं दिए हैं.

    इस साल की शुरुआत में इस्लामाबाद स्थित भारतीय मिशन के अधिकारियों की प्रताड़नाओं के संबंध में सूत्र ने संकेत दिया कि भारत ने जैसे-को-तैसा का व्यवहार किया है. सूत्र ने कहा, ‘इसके परिणामस्वरूप वह तुरंत पीछे हट गए.’

    बता दें कि करतारपुर गलियारे के संबंध में सवाल करने पर सूत्रों ने कहा कि यह सांस्कृतिक कदम है. कोई कूटनीतिक या राजनीतिक कदम नहीं है. करतारपुर गलियारा खोलने का मतलब यह नहीं है कि भारत बड़े मुद्दों पर पाकिस्तान से बातचीत करेगा. (एजेंसी इनपुट)

    Tags: Imran khan, India pakistan, Lok Sabha 2019 Election, Narendra modi

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